0:00 द फ्यूचर ऑफ एआई इज नॉट जस्ट थिंकिंग इट्स एआई एजेंट्स। इसलिए ग्लोबली आज 80% से ज्यादा कंपनीज़ एआई एजेंट्स को यूज कर रही है। इंडिया में एआई एजेंट इंजीनियर्स की एवरेज सैलरी 15 टू 16 लैक्स पर एनम है। [संगीत] एआई एजेंट्स डिजिटल एम्प्लाइजस की तरह वर्क फ्लोस को इज़ली हैंडल कर सकते हैं। इसलिए एआई एजेंट के इस कंप्लीट कोर्स में हम एनए 10, लैंf फ्लो 11 लै जैसे कई सारे फ्री प्लेटफॉर्म्स को यूज़ करके बिल्ड करेंगे। रिसर्च एजेंट, कस्टमर सपोर्ट एजेंट, वॉइस एजेंट एंड मेनी मोर थिंग्स। इस वीडियो को कंप्लीट करने के बाद आप एआई एजेंट से इनकम अपॉर्चुनिटीज भी जनरेट कर सकते हैं। सो विदाउट वेस्टिंग एनी टाइम लेट्स स्टार्ट दिस वीडियो। हेलो एवरीवन, आई एम स्वाति एंड वेलकम टू द क्लास। चलिए फाइनली शुरुआत करते हैं इस एआई एजेंट कंप्लीट कोर्स की जहां पे बिगिनर से लेके एडवांस लेवल तक की सारी चीजें हम लर्न कर रहे होंगे। अब सवाल ये आता है कि क्या इस एआई एजेंट के कोर्स को कंप्लीट करने के लिए हमें पहले से कोई नॉलेज कोई कोडिंग नॉलेज की जरूरत है? द आंसर इज़ नो। क्योंकि इस कोर्स को स्पेशली मैंने इस तरीके से डिज़ाइन किया है कि बिगिनर्स से लेके एडवांस लेवल तक ये सारी चीजें आपकी एक ही जगह कवर हो जाए। आपको अलग-अलग प्लेटफॉर्म्स पे भटकने की जरूरत ही ना पड़े। अगर आपके पास ना कोई फैंसी डिग्री है, ना कोई प्रॉपर नेटवर्क है, ना कोई 1:01 एक्सपीरियंस है, ना कोई प्रायर नॉलेज है तो भी परेशान होने की जरूरत नहीं है। क्योंकि इस कोर्स के अंदर मैं सारी चीजें एकदम बेसिक लेवल से लेके एडवांस तक आपको करवाने वाली हूं। अब आज के टाइम पे जब एआई एजेंट्स हम बिल्ड करते हैं तो कोड प्लेटफार्म में भी बिल्ड होते हैं। जहां हम प्रॉपर्ली कोडिंग करके एआई एजेंट्स को बनाते हैं। और दूसरा है नो कोड प्लेटफार्म जहां पे बिना कोई कोडिंग के भी हम लोग एआई एजेंट्स को डेवलप कर सकते हैं। तो इस कोर्स की पता है खास बात ये होने वाली है कि कोड और नो कोड दोनों प्लेटफार्म के अंदर मैं आपको एआई एजेंट बनाना सिखाने वाली हूं। क्योंकि ये चीज इंपॉर्टेंट है। कई जगह में हम लोगों को सिर्फ कोडिंग देखने मिलती है। कई जगह नो कोड देखने मिलता है। तो ऐसा कहीं पे भी स्ट्रक्चर रिसोर्स नहीं था जहां पे इन दोनों चीजों को आपको सिखाया जाए। इसलिए मैंने इस कोर्स को आपके लिए इस तरीके से डिज़ाइन किया है। जहां पे कोड और नो कोड दोनों प्लेटफार्म के अंदर हम लोग क्या करेंगे? एआई एजेंट्स को बनाना सीखेंगे कि जितने भी टूल्स आप लोग देख रहे हैं एनए ज़पियर, लैंगचेन, लैंf फ्लो ये सारे टूल्स पे हम लोग एक-एक करके अपने प्रैक्टिकल एजेंट्स को डेवलप करना शुरू करेंगे। अब इस कोर्स के अंदर होने वाले हैं टोटल फाइव प्रैक्टिकल प्रोजेक्ट्स। क्योंकि अगर आप कहीं पे भी 2:02 इंटरव्यू देने जाते हो, फ्रीलांसिंग करते हो तो आपको कोई भी यही पूछेगा कि आपको काम क्या आता है? अगर आप कह रहे हैं कि आपको एआई एजेंट्स बनाना आता है तो आपने कितने एजेंट्स बनाए हैं? किस टाइप के एजेंट्स आपने बनाए हैं? तो यहां पे हम लोग प्रैक्टिकल पांच एजेंट्स डेवलप करने वाले हैं। जिसके अंदर हमारा कस्टमर सपोर्ट एजेंट, इनवॉइस मेल ऑटोमेशन एजेंट, वॉइस एजेंट, रिसर्च एजेंट, सोशल मीडिया एजेंट ये पांच प्रोजेक्ट्स आपके रेडी हो जाएंगे इस कोर्स को कंप्लीट करने के बाद। और प्रैक्टिकल के साथ-साथ इंपॉर्टेंट है कि हमारे पास कंसेप्चुअल नॉलेज भी होना चाहिए। इसलिए इस कोर्स के अंदर हम लोग पहले सारे के सारे कॉन्सेप्चुअल टॉपिक्स को लर्न करेंगे। अंडरस्टैंड करेंगे। उसके बाद पांच प्रैक्टिकल प्रोजेक्ट्स करके पांच एजेंट्स हम लोग प्रिपेयर करेंगे। तो कॉनसेप्चुअल टॉपिक्स के अंदर हम लोग स्टेजेस ऑफ एआई, एनाटॉमी एंड फाइव मेजर कॉम्पोनेंट्स ऑफ़ एआई एजेंट, एलएलएम्स, कॉन्टेक्स्ट, कॉन्टेक्स्ट विंडो, प्र्प्टिंग फॉर एआई एजेंट्स, हेलुसिनेशन, नॉलेज, रैक, एपीआई इंटीग्रेशन, ह्यूमन एंड लूप, एरर हैंडलिंग, टाइप्स ऑफ़ एआई एजेंट, सिंगल एजेंट, मल्टी एजेंट और सबसे इंपॉर्टेंट बात कि भई हमने पांच एजेंट 3:04 लेट्स से हमने बना लिए। अब इन एजेंट को सेल कैसे करना है? अगर कोई चाहता है कि भ मेरे पास एजेंट्स बन गए मैं उसको सेल आउट करके भी इनकम अपॉर्चुनिटी जनरेट कर सकता हूं तो क्या-क्या तरीके हो सकते हैं जिससे आप इसको मार्केट प्लेसेस में सेल कर सकते हैं ये भी मैं आपको इस कोर्स के अंदर बताने वाली हूं। तो ये कोर्स एक कंप्लीट पैकेज की तरह है हमारे लिए जहां पे कोड के थ्रू भी सीख रहे हैं। नो कोड के थ्रू भी सीख रहे हैं। पांच एजेंट्स हमारे प्रैक्टिकल करके हम बना रहे हैं। कॉनसेप्चुअल चीज भी लर्न कर रहे हैं। और साथ में इन एजेंट्स को सेल कैसे करना है वो भी हम लोग जानने वाले हैं। तो चलिए फाइनली शुरुआत करते हैं इस कोर्स की। लेकिन उसके पहले एक और इंपॉर्टेंट इनफेशन है आपके लिए कि भ जितनी चीजें आप लोग पढ़ रहे हो इसका एक स्टडी मटेरियल रिसोर्स भी तो आपके पास होना चाहिए ताकि जब भी आपको इसको रिवाइज करने की जरूरत हो आपके पास नोट्स अवेलेबल हो। तो ये कंप्लीट नोट्स फ्री में ऑलरेडी नीचे डिस्क्रिप्शन बॉक्स में मैंने प्रोवाइड किए हैं जिसे आप सिंपली जाके डाउनलोड कर सकते हैं। तो देखो यार ये कोर्स के अंदर ना हम लोग को पांच प्रैक्टिकल प्रोजेक्ट्स भी करने हैं। बहुत सारे टूल्स हम लोग यूज़ कर रहे हैं। एक्सप्लोर कर रहे हैं। कोड नो कोड दोनों के थ्रू हम लोग यहां पे एजेंट बना रहे हैं। उसके लिए ना सबसे पहले इंपॉर्टेंट है 4:04 कि जो बेसिक फंडामेंटल है थ्योरिटिकल चीजें वो क्लियर होना आपकी जरूरी है। तो सबसे पहले मैं आपको पूरा का पूरा थ्योरिटिकल पार्ट जो है वो समझा देती हूं ताकि जब मैं प्रैक्टिकल आपको करवाऊं और बोलूं कि रैग यहां पे लगेगा तो आपको समझ में आए कि रैग मतलब होता क्या है? राइट? तो पहले का जो टाइम है अभी हम लोग जो डेडिकेट करेंगे इस क्लास में पहले पूरे थ्योरिटिकल कांसेप्ट लर्न करेंगे। उसके बाद डायरेक्टली मैं आपको प्रैक्टिकल प्रोजेक्ट्स करवाना शुरू करूंगी। जिसके अंदर हम ऑलरेडी देख चुके हैं कि ये सारे के सारे एजेंट्स हम लोग क्या करने वाले हैं? बनाने वाले हैं। ठीक है? तो इसके लिए आपको थोड़ा सा पेशेंस रखना पड़ेगा ताकि आप पहले थ्योरेटिकल अंडरस्टैंड करो फिर उसके बाद प्रैक्टिकल की ओर हम लोग आगे बढ़ेंगे। राइट? तो चलिए आगे बढ़ते हैं। देखो जब हम लोग ये वर्ड सुनते हैं ना एआई एजेंट्स तो यार दिमाग में वर्क फ्लोस कोडिंग-वोडिंग ये सब आने लगता है और उसके बाद हमको लगता है कि ये चीज तो बहुत टफ होगी। बहुत ही कॉम्प्लिकेटेड होगी। तो ऐसा बिल्कुल नहीं है। ये कोर्स जब आप कंप्लीट करोगे ना तो आपको समझ में आ जाएगा कि ये सब इतना टफ वफ नहीं होता है। हम खुद से पांच एजेंट्स डेवलप कर लेंगे यहां पे अपने। तो बहुत ही इंटरेस्टिंग तरीके से पढ़ाई करेंगे। एकदम रिलैक्स हो के, कूल हो के पढ़ाई करने वाले 5:05 हैं हम लोग। तो बिल्कुल भी ये थॉट नहीं लेके आना है कि टफ टफ है। जब आप अपने आप से पांच प्रोजेक्ट कर लोगे, टेक्निकल एस्पेक्ट समझ लोगे तब जो कॉन्फिडेंस आपके अंदर डेवलप होगा ना वो सबसे ज्यादा इंपॉर्टेंट है। तो चलो बिना टाइम वेस्ट किए पढ़ाई करना शुरू करते हैं। अब सबसे पहले बात करते हैं स्टेजेस ऑफ़ एआई की। भाई एआई एजेंट पहले तो नहीं था। अभी एआई एजेंट आया है। तो इसका इवॉल्यूशन कैसे शुरू हुआ? ये कैसे आया? इसकी स्टेजेस क्या थी? राइट? तो जो सबसे पहली स्टेज थी एआई की वो था रूल बेस्ड सिस्टम जहां पे एक रूल के हिसाब से मशीन को ट्रेन करते थे और वो वैसे ही काम करती थी। जैसे फॉर एग्जांपल आसान भाषा में बताऊं तो एटीएम मशीनंस हम लोग जाते हैं एटीएम कार्ड लगाते हैं। अगर हमें पैसा विथड्रॉ करना है विथड्रॉ बटन दबाते हैं पैसा निकल जाता है। दैट्स इट। तो वो एक रूल के हिसाब से सेट है। या दूसरा एग्जांपल कैलकुलेटर कि अगर मैं प्लस दबा रही हूं कैलकुलेटर में तो प्लस ऑपरेशन होगा। माइनस दबाऊंगी तो माइनस होगा। अब वो एक रूल के हिसाब से काम कर रहा है। चार्ट बॉर्ड जैसे जो चीजें मैं पूछ रही हूं जितना उसको पता उतना बता रहा है। दैट्स इट। तो ऐसी जो स्टेज थी इसको हम लोग कहते हैं रूल बेस्ड है जो बहुत ही इनिशियल स्टेज थी। उसके बाद आगे बढ़े स्टेज नंबर टू 6:07 में आए जो कि था मशीन लर्निंग। जहां पे मशीन को डेटा से सिखाना शुरू किया गया। जैसे घर में कोई छोटा बच्चा होता है। वो हमको देखता है। हम उससे बात करते हैं और धीरे-धीरे वो सारी चीजें सीख लेता है। इसी तरीके से मशीन को डेटा के साथ ट्रेन करना शुरू हुआ। जैसे फॉर एग्जांपल Netflix या मैं YouTube की बात करूं कि अगर हम लोग Netflix YouTube पे कोई कॉमेडी मूवी देख रहे हैं तो अगला सजेशन भी हमको कॉमेडी का दिखाता है। क्यों? क्योंकि वहां पे हमारा जो प्रीवियस डेटा है उसको देख के मॉडल मशीन समझ रही है कि भ आपकी लाइक्स क्या है? आपकी डिसलाइक्स क्या है? आपको कैसा कंटेंट पसंद आता है और उसके हिसाब से आपको रिकमेंडेशन देखने मिलता है। ठीक वैसे यहां पे Gmail की अगर हम लोग बात करें तो कई बार हमारे पास ना स्पैम मेल्स भी आते हैं। जैसे फॉर एग्जांपल आपको एक मेल आया है कांग्रेचुलेशंस यू हैव वॉन अ लॉटरी ऑफ़ ₹5 करोड़। तो ऐसी चीजें जहां पे लॉटरी लग गई कांग्रेचुलेशंस। तो अपने आप यहां पे मशीन समझ जाती है कि ये फिशिंग मेल हो सकता है और उसको स्पैम फोल्डर पे डाल देती है। ऐसे ही Amazon के प्रोडक्ट सजेशंस होते हैं। अगर लेट्स से मेरे को एक ये शर्ट अच्छी लग गई। मैंने एक बार इसको Amazon में सर्च किया। अब जब मैं अपना Instagram खोलती 7:08 हूं, Facebook खोलती हूं तो भी मेरे को इसकी ऐड दिखाने लगती है। तो इस तरीके से जो एल्गोरिदम्स काम करते हैं ये था मशीन लर्निंग का स्टेज। उसके बाद एक स्टेप और आगे बढ़े जहां पे इंट्रोड्यूस हुआ डीप लर्निंग। जैसे हम ह्यूमंस के पास में दिमाग होता है वैसे मशीन को भी एक आर्टिफिशियल न्यूरल नेटवर्क दे देना जिससे वो चीजों को समझ पाए। राइट? अब जैसे मेरे सामने मैं ह्यूमन हूं। मेरे सामने कोई आएगा अगर मैं उसको जानती होंगी तो मैं तुरंत पहचान जाऊंगी। राइट? तो इसी तरीके से मशीन कैसे पहचानेगी? राइट? तो यहां पे एक आर्टिफिशियल न्यूरल नेटवर्क को डेवलप करने का काम हुआ। इसका सबसे बेस्ट एग्जांपल है हमारे मोबाइल फोंस। जैसे ही हम लोग मोबाइल फोन देखते हैं वो फेस रिकॉग्नाइज करता है और फोन तुरंत अनलॉक हो जाता है। तो इस तरीके से ये जो एप्लीकेशनेशंस थे इमेज क्लासिफिकेशन Alexa सीरीज जो वॉइस भी रिकॉग्नाइज़ कर पाती है। ये सारे एग्जांपल्स थे डीप लर्निंग के एप्लीकेशनेशंस। उसके बाद हम एक स्टेज और आगे बढ़े जहां पे आया जनरेटिव एआई। जब चैट जीपीटी पहली बार आया था तो सबको बहुत आश्चर्य हुआ था कि यार ये क्या चीज आ गई? इससे कुछ भी पूछो तुरंत पता चल जाता है 8:08 आंसर। तो यहां से शुरुआत हुई थी जनरेटिव एआई की और आज जनरेटिव एआई के अंदर हम लोग इमेज जनरेट कर रहे हैं, वीडियोस जनरेट कर रहे हैं, ऑडियो जनरेट कर रहे हैं, टेक्स्ट जनरेट कर रहे हैं। इवन कोड भी जनरेट कर रहे हैं। तो जनरेटिव एआई के अंदर हमको ये सहूलियत मिली जहां पे जो भी चीज हम जनरेट करवाना चाहते हैं वो हमको मिल जाती है। लेकिन उसके बाद जो नेक्स्ट स्टेज और सबसे बड़ी चीज हुई एआई के अंदर वो है एआई एजेंट्स। कि भ अभी तक आप एआई से रिकमेंडेशन मॉडल प्रेडिक्शन मॉडल करवा रहे थे। आप फिर जनरेट करने लगे चीजों को इमेजेस ऑडियो वीडियो लेकिन आप एआई से काम कैसे करवाओगे तो जब एआई एजेंट्स पे काम होना शुरू हुआ तो यह समझ में आया कि अब एआई एजेंट्स के पास इतनी कैपेबिलिटीज है कि वो आपके बिहाफ में आपके काम को भी पूरा कर सकते हैं। आपको सिर्फ क्वेश्चन आंसर करने के लिए एआई नहीं है। आपके काम को कंप्लीट करने के लिए भी अब एआई अवेलेबल है। और ये स्टेज कहलाई एआई एजेंट्स की। तो आज वॉइस एजेंट, कस्टमर सपोर्ट एजेंट, रिसर्च एजेंट ये बहुत सारे एजेंट्स ऑलरेडी यूज़ होना शुरू हो चुके हैं। राइट? तो हम 9:10 लोग जो लर्न करने वाले हैं कि इन सारे एजेंट्स को डेवलप कैसे करना है? उसके पीछे क्या टेक्नोलॉजी काम करती है? इसको हम लोग सबसे पहले अंडरस्टैंड करेंगे। ऑलराइट? तो अब समझते हैं कि आखिर एआई एजेंट्स है क्या? एआई एजेंट्स एक ऐसा एआई पावर्ड सिस्टम है जो किसी गोल को अचीव करने के लिए सिचुएशन को समझ सकता है। डिसाइड कर सकता है कि कौन सा एक्शन लेना है, कौन सा टूल यूज़ करना है ताकि उसके बेसिस पे वो नेक्स्ट स्टेप अपना चूज़ कर पाए और आपने जो उसको टास्क दिया है वो टास्क कंप्लीट कर पाए। राइट? तो एआई एजेंट के पास ये कैपेबिलिटी है कि आपके गोल को समझे। उसके लिए उसको क्या एक्शन लेना है, क्या टूल्स यूज़ करना है? इन सारी चीजों का डिसीजन वो खुद ले पाए। और इसीलिए आज के टाइम पे एआई एजेंट अलग-अलग गोल्स के लिए हैं। जैसे जिसको कोडिंग कराना है तो कोडिंग एजेंट है, होम ऑटोवेशन एजेंट है, रिसर्च काम के लिए रिसर्च एजेंट है, पर्सनल असिस्टेंट एजेंट है। तो ऐसे अलग-अलग गोल्स को फुलफिल करने के लिए अलग-अलग टाइप के एजेंट्स अवेलेबल हैं। अब यहां पे बात करते हैं ऑटोमेशन वर्सेस एजेंट्स की कि भाई आज के 10:11 टाइम पे ये दो वर्ड ना बहुत कंट्राडिक्ट करते हैं। बहुत लोगों को लगता है एआई एजेंट ही ऑटोमेशन है क्या? दोनों सेम-सेम है क्या? तो इसके डिफरेंस को सबसे पहले हम लोग अंडरस्टैंड करते हैं। इसको मैं एक बहुत ही सिंपल एग्जांपल से आपको समझाती हूं। लेट्स सपोज कोई एक नया कस्टमर जब भी फॉर्म सबमिट करता है। मान लो आप किसी कंपनी में काम कर रहे हो। कोई नया कस्टमर जब भी आके फॉर्म सबमिट करता है तो उसका एक वर्क फ्लो शुरू होता है। जैसे ही कस्टमर फॉर्म सबमिट करेगा आपको उसको एक वेलकम ईमेल भेजना है। उस कस्टमर को सीआरएम में ऐड करना है और उसको एक नोटिफिकेशन सेंड करना है। तो ये क्या है कि पहले से एक फिक्स्ड वर्क फ्लो है जो फॉलो होता है। राइट? तो ऐसी जगह जहां पे वर्क फ्लोस पहले से फिक्स्ड होते हैं। इसको हम लोग बोलते हैं ऑटोमेशन। कि ये फिक्स्ड वर्क फ्लो को काम करना है। तो ये अपने आप हो रहा है ऑटोमेशन के अंदर फिक्स्ड वर्क फ्लो है यहां पे। लेकिन एआई एजेंट मतलब क्या है? अब मान लो कि ये कोई कस्टमर है। उसका एक मैसेज आपको रिसीव होता है। कस्टमर कह रहा है कि आई वांट टू नो वेदर आई कैन रिटर्न माय प्रोडक्ट। इट अराइव्ड यस्टरडे बट द 11:11 साइज डज़ नॉट फिट। मेरे को आपका प्रोडक्ट कल रिसीव हुआ है लेकिन मेरे को साइज़ इसका अच्छा नहीं लग रहा है। तो मैं इसको क्या रिटर्न कर सकता हूं? अब इस सिचुएशन में क्या होगा? अब यहां पे तो पहले से चीजें फिक्स नहीं है। अब एजेंट यहां पे क्या करेगा? एजेंट यहां पे कस्टमर की प्रॉब्लम को समझेगा, ऑर्डर चेक करेगा, रिटर्न पॉलिसी चेक करेगा। ये देखेगा कि ये रिटर्न हो भी सकता है कि नहीं। फिर उसके बाद कस्टमर को आंसर करेगा और जरूरत पड़ने पर रिटर्न रिक्वेस्ट क्या करेगा? क्रिएट करेगा। तो यहां पे एक ऐसी सिचुएशन है जहां पे इसका जो पाथ है वो कंप्लीटली फिक्स नहीं है। एजेंट सिचुएशन के अकॉर्डिंग डिसाइड कर रहा है कि उसको क्या करना है। तो यहां पे ऑटोमेशन और एआई एजेंट के बीच में डिफरेंस क्या है? ऑटोमेशन जो है वो एक प्रीडफाइंड वर्क फ्लो को फॉलो करता है और एजेंट क्या करता है? डायनेमिकली डिसीजन लेता है। अलग-अलग स्टेप्स को फॉलो करता है ताकि वो गोल को अचीव कर पाए। तो अब अगर कोई आपसे पूछे कि ऑटोमेशन और एआई एजेंट में क्या डिफरेंस होता है? तो अब आप आई थिंक ईजीली बता पाओगे कि ऑटोमेशन में फिक्स्ड वर्क फ्लो है लेकिन एआई एजेंट में 12:12 कोई फिक्स्ड वर्क फ्लो नहीं होता। वो अपने हिसाब से चीजों को डिसाइड करता है। तो अब यहां पे हम समझते हैं एनाटॉमी ऑफ़ एन एआई एजेंट। राइट? अब जैसे फॉर एग्जांपल एजेंट थोड़ी देर के लिए भूल जाओ। मान लो हम अपनी बात करते हैं एज ह्यूमंस। अगर मेरे को आके कोई काम देगा तो मैं सबसे पहले क्या करूंगी? उस काम को समझूंगी। दिमाग लगाऊंगी कि भ वो काम क्या है? उसके बाद मैं सोचूंगी कि भ इस काम को करने के लिए मेरे को क्या-क्या चीजों की जरूरत पड़ेगी और फिर मैं वो सारे स्टेप्स लूंगी और जाके फाइनली काम को कंप्लीट कर दूंगी। राइट? तो यहां पे एजेंट के साथ भी ऐसा ही होता है कि यूजर आ रहा है। यूजर अपनी रिक्वेस्ट क्या कर रहा है? एआई एजेंट को बता दे रहा है। अब एजेंट क्या करेगा? उस काम को पूरा करने के लिए सबसे पहले तो ब्रेन मतलब एआई मॉडल्स को यूज़ करेगा ताकि उस काम को वो समझ पाए, रीजनिंग कर पाए, प्लानिंग कर पाए, डिसीजन ले पाए। अब उसने सारी चीजें समझ ली। उसके बाद नेक्स्ट चीज़ क्या होगी वो? मेमोरी। कि भई पहले से क्या मेरा कोई आपसे इंटरेक्शन है? यह बातें कहां पे स्टोर होगी? मेमोरी में। तो वो अपनी मेमोरी को यूज़ करेगा। अब मेमोरी को यूज़ करने के बाद वो जाएगा टूल्स की ओर कि भई 13:14 आपने जो मुझे काम दिया है उसके लिए क्या-क्या टूल्स की जरुरत पड़ेगी मुझे? जो जो टूल्स की जरुरत पड़ेगी उसको वो यूज़ करना चालू करेगा। उसके बाद उसको जरूरत पड़ेगी एक एनवायरमेंट की। अब जैसे मैं बोल रही हूं कि भई टॉप फाइव न्यूज़ आज की कौन सी है? मेरे को बता दो। तो आज क्या-क्या हुआ है उसके लिए आपको जाके ढूंढना पड़ेगा ना। तो आपके पास क्या होना चाहिए? एक एनवायरमेंट होना चाहिए जहां पे आप जाके चीजें ढूंढ रहे हैं। तो आपको एक एनवायरमेंट की जरूरत पड़ेगी जहां पे आप रियल वर्ल्ड के साथ में डिजिटल सिस्टम के साथ इंटरेक्ट करोगे और फिर फाइनली जाके आपका जो एक्शन है वो परफॉर्म होगा। इसीलिए एआई एजेंट्स में पांच इंपॉर्टेंट कॉम्पोनेंट्स होते हैं। पहला ब्रेन की तरह जो काम करता है एआई मॉडल। दूसरा कॉम्पोनेंट है इंस्ट्रक्शंस और गोल। तीसरा कॉम्पोनेंट है कॉन्टेक्स्ट और नॉलेज। चौथा कंपोनेंट है टूल्स और पांचवा कंपोनेंट है एक्शन। अब एक-एक करके सारे कॉम्पोनेंट को समझना शुरू करते हैं। तो सबसे पहला जो कॉम्पोनेंट है दैट इज द एआई मॉडल जिसको हम कहते हैं कि ये लाइक एजेंट का एक इंटेलिजेंस लेयर है। ठीक है? अब जैसे फॉर एग्जांपल जितने भी एआई मॉडल्स आज हम लोग जानते हैं जीपीटी के मॉडल्स 14:16 हैं, क्लॉड के मॉडल हैं, जेमिनाई मॉडल्स हैं, कुछ ओपन वेट मॉडल्स हैं। तो ये सारे मॉडल्स जो होते हैं ये बेसिकली एआई एजेंट के ब्रेन का काम करते हैं। अब इसके साथ-साथ यहां पे होता क्या है कि मॉडल लैंग्वेज को अंडरस्टैंड और आउटपुट को जनरेट करता है। कि जैसे मैं बोल रही हूं कि भ मेरा लेट्स सपोज़ मेरे को अपना 5 दिन का एक गोआ ट्रिप करना है। फॉर एग्जांपल। तो मैं यहां एजेंट को बोल रही हूं कि मेरा 5 दिन का एक अच्छा खासा लाइक मेरा एक प्लान बना के मेरे को दे दो। ठीक है? तो अब उसके लिए समझना भी तो चाहिए चाहिए उसको कि मेरे को कैसे प्लान बनाना है। तो यहां पे एआई मॉडल्स जो होते हैं जेपीटी मॉडल्स, जेमिनाई मॉडल, क्लॉड मॉडल्स ये सारे मॉडल्स यूज़ होते हैं जो यूजर का इनपुट है उसको समझने के लिए और उसके हिसाब से आपको आंसर करने के लिए। तो यहां पे होता क्या है? जो इनपुट हम हम देते हैं जो हमारी लैंग्वेज होती है उसको एआई मॉडल क्या करता है? अंडरस्टैंड करता है और उसी के हिसाब से हमको क्या मिलता है? आउटपुट जनरेट होता है। इसलिए एआई एजेंट्स में एआई मॉडल्स की एक बड़ी भूमिका है चीजों को अंडरस्टैंड 15:18 करने के लिए। अब समझते हैं दूसरा कॉम्पोनेंट जो कि है इंस्ट्रक्शंस और गोल। एजेंट को पता होना चाहिए कि तुम्हें करना क्या है? इंस्ट्रक्शंस एजेंट का बिहेवियर डिफाइन करता है। जैसे फॉर एग्जांपल यू आर अ कस्टमर सपोर्ट एजेंट रॉल्व कस्टमर क्वेरीज़ यूजिंग द कंपनी नॉलेज बेस नेवर इशू अ रिफंड विदाउट ऑथराइज़ेशन। तो जब हम लोग प्रोंट देते हैं, हम लोग अपनी इंस्ट्रशंस देते हैं कि भ तुमको क्या करना है, उसको गोल समझाना सबसे बड़ी बात है। जैसे हम यहां पे बोल रहे हैं कि तुम एक कस्टमर सपोर्ट एजेंट हो, तुमको कस्टमर की क्वेरीज को रिॉल्व करना है। लेकिन इस बात का ध्यान रखो कि कभी भी कोई भी कस्टमर को रिफंड नहीं देना है बिना कोई ऑथराइजेशन के। तो जब ये बात हम लोग एजेंट को बोल रहे हैं तो हम उसको क्या कर रहे हैं? हम उसको इंस्ट्रक्शंस दे रहे हैं। हम उसको समझा रहे हैं कि उसको बिहेव कैसा करना है। राइट? तो ये सेकंड हमारा कॉम्पोनेंट होता है जो कि इंस्ट्रक्शंस और गोल्स होता है। थर्ड कॉम्पोनेंट होता है कॉन्टेक्स्ट और नॉलेज कि एजेंट को रेवेंट इंफॉर्मेशनेशन देना। अब जैसे मेरे पास कोई आके पूछेगा कि भ मेरे को दिल्ली में पर्टिकुलर लेट्स से कोई एक एक्स व जी जगह जाना है। अब मेरे को 16:20 नहीं पता होगा उस जगह के बारे में तो मैं थोड़ी ना उसको सही बता पाऊंगी कि भ ऐसे रास्ता होगा। नहीं बता सकती ना। क्यों? क्योंकि मेरे पास रेलेवेंट इनेशन नहीं है। इसी तरीके से एजेंट के पास भी अगर रेलेवेंट इनेशन नहीं है तो वो सही चीज आंसर नहीं कर पाएगा। इसीलिए इंफॉर्मेशनेशन का कॉन्टेक्स्ट का और नॉलेज का होना इंपॉर्टेंट है। तो अब जैसे मान लो एक कस्टमर सपोर्ट एजेंट है उसके पास क्या-क्या इनेशन होनी चाहिए? प्रोडक्ट की इनेशन, प्राइिंग की इनेशन, रिटर्न पॉलिसी की इनेशन, कस्टमर डिटेल्स, ऑर्डर इनेशन ये सब जब इनेशन होगी ये सारा कॉन्टेक्स्ट जब होगा तब जाके एक एआई एजेंट क्या कर पाएगा? सही डिसीजन दे पाएगा। बिना किसी कॉन्टेक्स्ट के एआई हो सकता है एजेंट जो है काफी वीक डिसीजन दे दे। इसीलिए इंपॉर्टेंट है एआई एजेंट में कि उसके पास कॉन्टेक्स्ट होना चाहिए। उसके पास नॉलेज होना चाहिए जो कहलाता है हमारा कॉम्पोनेंट नंबर थ्री। अब आगे बढ़ते हैं। कॉम्पोनेंट नंबर फोर की बात करते हैं जो है टूल्स। टूल्स एजेंट को एक्सटर्नल वर्ल्ड से कनेक्ट करते हैं। अब जैसे यूजर है कोई एक 17:20 लेट्स से। अब यूजर बोल रहा है कि चेक माय ऑर्डर स्टेटस। एक यूजर आया वो एआई एजेंट को बोल रहा है मेरा ऑर्डर स्टेटस चेक करो। तो अब एआई एजेंट क्या करेगा? टूल्स के पास जाएगा। टूल्स कुछ भी हो सकते हैं। हो सकता है आपका Gmail हो, कैलेंडर हो, सीआरएम हो, डेटाबेस हो, कैलकुलेटर हो, एपीआई हो, ब्राउज़र हो। अब मैं कह रही हूं कि भ मेरे को क्या करना है? अपना ऑर्डर का स्टेटस जो है वो चेक करना है। तो एजेंट जाएगा टूल के पास में और देखेगा कि भई ऑर्डर का स्टेटस है आपका सीआरएम के अंदर। तो ये जो एक्सटर्नल टूल है सीआरएम इससे इंफॉर्मेशनेशन लेगा एजेंट और फिर मेरे को आके बताएगा कि आपके ऑर्डर का स्टेटस क्या है। तो एजेंट क्या कर रहा है? टूल्स से कनेक्ट कर रहा है। और टूल क्या है? इतने सारे ये जो टूल्स हैं ये बेसिकली एजेंट को एक एक्सटर्नल वर्ल्ड से कनेक्ट करते हैं। जैसे फॉर एग्जांपल एजेंट को कस्टमर का ऑर्डर चेक करना है। ठीक है? तो सबसे पहले यूजर की इंक्वायरी आ गई कि मेरा ऑर्डर कहां तक पहुंचा? ये यूजर जानना चाहता है। तो एजेंट अब क्या करेगा? डिसाइड करने के लिए ऑर्डर इनेशन चाहिए इसको कि भ आपका ऑर्डर कहां पे है कौन से डेटाबेस में रखा है। फिर वो क्या करेगा? टूल को कॉल करेगा। 18:21 अब टूल यहां पे जो है जाके सीआरएम को चेक करेगा कि भ आपका जो ऑर्डर है वो सीआरएम में यहां पे उससे जो रिस्पांस मिलेगा एजेंट फिर बताएगा। तो टूल्स बहुत ज्यादा इंपॉर्टेंट है। अब जैसे मैं बोल रही हूं एजेंट को कि मेरी मीटिंग जो है मंडे को शेड्यूल कर दो एक्स वाई जी कंपनी के डायरेक्टर के साथ। तो मेरी मीटिंग शेड्यूल करने के लिए उसको मेरे Google कैलेंडर की जरूरत पड़ेगी जहां पे जाके वो मीटिंग शेड्यूल करेगा। या मैं बोल रही हूं मेल भेज दो तो उसके लिए भी उसको Gmail की जरूरत पड़ेगी। राइट? तो जब एजेंट एक्सटर्नल टूल्स के साथ कनेक्ट करेगा तब हमारा काम जो है वो कंप्लीट हो पाएगा। तो यहां पे टूल्स का एक बहुत इंपॉर्टेंट रोल होता है। उसके बाद फिफ्थ कॉम्पोनेंट की बात करते हैं जो कि है एक्शंस। एजेंट को कुछ करना भी होता है। लाइक जैसे हम लोग बोल रहे हैं कि भ ये चीज परफॉर्म करना है। तो मॉडल्स क्या कर रहा है? यहां पे जाके टूल्स को यूज़ कर रहा है और टूल्स की मदद से एक्शंस परफॉर्म हो रहे हैं। जैसे मैं बोल रही हूं कि भ मेल सेंड कर दो एजेंट को। मैं कह रही हूं मीटिंग फिक्स कर दो मेरी। तो कोई भी टास्क हो सकता है। एक्शन अलग-अलग दिख सकते हैं। मेल सेंड कर दो, कैलेंडर इवेंट कर दो, सीआरएम अपडेट कर दो, 19:21 टिकट क्रिएट कर दो, डेटाबेस अपडेट कर दो, अपॉइंटमेंट बुक कर दो, रिपोर्ट जनरेट कर दो। तो ये सारे एट लास्ट एकशंस परफॉर्म होते हैं। जब एजेंट क्या करता है? अपने ब्रेन से यानी एआई मॉडल से सोचता है। एक्सटर्नल टूल्स को यूज़ करता है ताकि ये सारे एक्शंस जो है वो इज़ली परफॉर्म हो पाए। तो ये थे हमारे फाइव इंपॉर्टेंट कॉम्पोनेंट्स जो कि एआई एजेंट के लिए सबसे ज्यादा इंपॉर्टेंट होते हैं। सो आई एम होपिंग दैट यहां तक तो समझ में आया ही होगा। एक और इंपॉर्टेंट इनेशन आप लोगों के लिए अभी YouTube के अंदर ये वाला जो एआई एजेंट का कोर्स हम लोग पढ़ रहे हैं, इसमें मैं पूरी ईमानदारी से बेस्ट आपको पढ़ाने वाली हूं। लेकिन इसके अलावा अगर किसी का ये ऑब्जेक्टिव है कि मेरे को और डिटेल में डेप्थ में एआई एजेंट्स को बिल्ड करना डेवलप करना सीखना है तो अब उनको भी परेशान होने की जरूरत नहीं है क्योंकि अब बिल्ड एआई एजेंट्स कोड नो कोड ये कंप्लीट कोर्स आप लोग के लिए आ चुका है जहां पे 80 आवर्स प्लस का कंटेंट है 10 से ज्यादा मॉड्यूल्स हम लोग पढ़ने वाले हैं और कोडिंग और नो कोडिंग दोनों तरीके से एआई एजेंट हम लोग बनाना सीखने वाले हैं। तो इस कोर्स के अंदर 10 से ज्यादा मॉड्यूल्स हैं। जहां पे हम पाइथन बेसिक, Python फाउंडेशन, एडवांस 20:22 पाइथन, फास्ट एपीआई फंडामेंटल्स, एडवांस फास्ट एपीआई, एलएलएम, लैंग चेन, रैग, देन इसके अलावा एलएलएम्स, लैंग्राफ्ट ऑर्पिस्टेशन, नो कोड एआई ऑटोमेशन वर्क फ्लो इंटीग्रेशन, नो कोड एआई एजेंट्स ये सब कुछ हम लोग बिल्ड करने वाले हैं इस कोर्स के अंदर। तो ये कोर्स 80 आवर से ज्यादा का कंटेंट आपको मिलेगा। लाइव मंथली क्लास मिलेगी। मैं आप लोगों की यहां पे लाइव टीचर रहूंगी। जहां पे डायरेक्टली हम लोग चीजों को लर्न करेंगे, डिस्कस करेंगे। तो ये सारे के सारे लेक्चर्स आपके लिए एक साथ अनलॉक हो सकते हैं। इसको सिंपली आप जाके नीचे डिस्क्रिप्शन बॉक्स में चेक आउट कर सकते हैं। और खास बात ये है डिस्काउंट्स की कि आप लोगों के लिए जो YouTube से मुझसे लर्न कर रहे हैं पूरी ईमानदारी से उनके लिए स्पेशल डिस्काउंट कूपन कोर्स यहां पे अवेलेबल है। जिससे आपका कोर्स का प्राइिंग काफी कम हो जाता है। काफी अफोर्डेबल कोर्स ये हमने बनाया है। तो इसको आप सिंपली जाके जल्दी से जल्दी एनरोल कर सकते हो। बैचेस में डायरेक्टली मेरे से आपकी मुलाकात होने वाली है। तो इस पर्टिकुलर कोर्स के अंदर आपके सर्टिफिकेट और इतने सारे एआई टूल्स जो हैं 25 से ज्यादा कवर होंगे और कोड नो कोड दोनों के ही बेसिस में हम लोग यहां पे 21:24 एजेंट्स बनाना सीखेंगे। तो जल्दी से जल्दी जाके एनरोल करिए ताकि मुझसे मुलाकात हो पाए लाइव क्लास में। अब आगे बढ़ते हैं और समझते हैं कि एलएलएम क्या है? एलएलएम मतलब है लार्ज लैंग्वेज मॉडल। नाम से ही समझ में आ रहा है कि लैंग्वेज की बात हो रही है। तो एलएलएम एक एआई मॉडल ही है जो लैंग्वेज को अंडरस्टैंड और जनरेट कर सकते हैं। इसके एग्जांपल्स हैं चैट जीपीटी, जेमिनाई, क्लॉड, लामा। तो हम लोग क्या करते हैं? सिंपली चैट जीपीटी से जाते हैं। हमारी ह्यूमन की जो भाषा है हम उसमें चीजें पूछते हैं और वो हमारी भाषा को समझ भी जाता है और हमारी ही भाषा में रिजल्ट को जनरेट भी कर लेता है। और इसको कहा जाता है ऐसे एआई मॉडल्स को एलएलएम। ठीक है? अब यहां पे एलएलएम को अगर मैं जा के बोलूं कि एक्सप्लेन कर दो जीएसटी के बारे में तो मेरे को वो जीएसटी से रिलेटेड पूरी इंफॉर्मेशन क्या कर देगा? एक्सप्लेन करके दे देगा। लेकिन कंफ्यूजन लोगों को ये होता है कि क्या एलएलएम ही एआई एजेंट है? तो इसका आंसर है नहीं एलएलएम एआई एजेंट नहीं है। एआई एजेंट्स का एलएलएम एक इंपॉर्टेंट 22:24 पार्ट है। तो यहां पे बेसिकली एलएलएम क्या करता है? सिर्फ रिस्पांस जनरेट करता है। तो एजेंट में एलएलएम को एक लार्जर सिस्टम का पार्ट बनाया जाता है। जैसे ही हम लोग कोई यूजर आता है एआई एजेंट के पास में वो उससे कोई चीज पूछता है लाइक यूजर उसको बोल रहा है कि भाई एक काम करो मेरा कोई काम कर दो। जैसे मेल भेज दो। एजेंट को बोल रहा है कि मेरे मेल जितने मेरे कस्टमर्स हैं सबको मेल ऑटोमेशन के थ्रू उठा के भेज दो। ये कौन बोल रहा है? यूजर बोल रहा है एआई एजेंट को। ठीक है? तो अब एआई एजेंट किसको यूज़ करेगा? अब मेल लिखवाना भी पड़ेगा। तो ईमेल लिखवाने के लिए वो ऐसे जो एलएलएम्स होते हैं लार्ज लैंग्वेज मॉडल्स जिसको हम लोग एआई मॉडल्स भी बोलते हैं उसको यूज़ करेगा। ईमेल लिखवाएगा। फिर उसके बाद उस ईमेल को जाके क्या करेगा? भेज देगा। तो एलएलएम ही क्या एआई एजेंट्स हैं? नहीं। एलएलएम एआई एजेंट्स का एक पार्ट है। क्लियर है यहां तक? अब आगे बढ़ते हैं। अब समझते हैं कि कॉन्टेक्स्ट क्या होता है? कॉन्टेक्स्ट इज़ द इनेशन अवेलेबल टू द एलएलएम एट द टाइम इट नीड्स टू अंडरस्टैंड अ रिक्वेस्ट एंड जनरेट अ रिस्पांस और मेक 23:27 अ डिसीजन। अब एकदम सिंपल भाषा में समझाती हूं कि कॉन्टेक्स्ट क्या होता है। अब जैसे मान लो यूजर बोल रहा है कि इसको कैंसिल कर दो। इसको कैंसिल कर दो। क्या कैंसिल कर दो। तो कॉन्टेक्स्ट यहां पे मिसिंग है। राइट? इसको कैंसिल कर दो। तो इसको हमें कुछ नहीं समझ में आ रहा है कि वो किस चीज की बात कर रहे हैं। तो कॉन्टेक्स्ट मतलब होता है कि ऐसी इंपॉर्टेंट इनेशन जो कि एलएलएम के पास मौजूद होनी चाहिए ताकि वो यूजर की रिक्वेस्ट को समझ के क्या कर पाए? डिसीजन ले पाए। तो एजेंट के पास कॉन्टेक्स्ट है। अगर एजेंट को पता है कि भ कस्टमर का नाम राहुल है। इसका ऑर्डर आईडी इतना है और इसका करंट ऑर्डर का स्टेटस है कि ऑर्डर उसका प्रोसेस होने वाला है। और फिर उसका प्रीवियस मैसेज था कि मुझे ब्लू शर्ट वाला ऑर्डर कैंसिल करना है। ये उसका प्रीवियस मैसेज था। तो अब एजेंट क्या समझ सकता है कि भ उसका मतलब किसकी बात हो रही है? राहुल की बात हो रही है जिसका ऑर्डर आईडी 1 2 3 4 है। तो यहां पे एआई एजेंट जो है कॉन्टेक्स्ट के हिसाब से चीजें समझता है। अगर कॉन्टेक्स्ट नहीं रहा तो किसको कैंसिल कर दें? क्या कैंसिल कर दें? तो ये जो कॉन्टेक्स्ट है इसका होना काफी ज्यादा 24:28 इंपॉर्टेंट होता है। इसी चीज को कॉन्टेक्स्ट कहा जाता है जो एक इंपॉर्टेंट इनेशन होती है। अब एआई एजेंट को कॉन्टेक्स्ट कहां से मिलता है? राइट? अब मान लो मैंने अपना एक एजेंट यूज़ किया। मैं काफी टाइम के बाद उस एजेंट पे वापस आ रही हूं। तो मेरा कॉन्टेक्स्ट का कैसे मिलेगा उसको? राइट? तो [नाक से की जाने वाली आवाज़] एआई एजेंट को कॉन्टेक्स्ट के अलग-अलग सोर्सेस हैं। जैसे यूजर का मैसेज जैसे पहले कभी मैं इंटरेक्ट की होंगी एआई एजेंट से। तो लेट्स सपोज मैंने पूछा होगा उससे कि भ मेरे को अपना पर्टिकुलर जो एक्स व जी लेट्स सपोज मेरे को अपना एक प्रोडक्ट बनाना है। ठीक है? उससे रिलेटेड मेरे को बता दो। जैसे मान लो मेरे को अपना प्रोडक्ट बनाना है फूड इंडस्ट्री के लिए। तो हो सकता है मैंने उससे आईडिया जनरेट करवाया हो। अब जब मैं नेक्स्ट टाइम जब आऊंगी तो वो मेरे प्रीवियस मैसेज के हिसाब से याद रखिएगा कि आपने उस समय में फूड वाले प्रोडक्ट की बात की थी। तो ये मेरे प्रीवियस यूजर के मैसेज के हिसाब से याद रख सकता है चीजें। कन्वर्सेशन हिस्ट्री के हिसाब से याद रख सकता है। सिस्टम इंस्ट्रक्शंस कि मैं उसको कैसे इंस्ट्रक्शंस दे रही हूं उसके हिसाब से मेरे बारे में वो याद रख सकता है चीजें। तो कॉन्टेक्स्ट कहीं से भी मिल सकता है। यूजर के मैसेज से मिल सकता है। कन्वर्सेशन हिस्ट्री से मिल सकता है या आप 25:28 जो इंस्ट्रक्शंस दे रहे हो उसके हिसाब से उसको क्या मिल सकता है? कॉन्टेक्स्ट मिल सकता है और उसी कॉन्टेक्स्ट के आधार पे वो टूल्स यूज़ करता है। डेटा को रिट्रीव करता है। मेमोरी को जाके छानता है और फिर एलएलएम आपके बारे में चीजों को क्या कर पाता है? याद रख पाता है। आपने भी ये देखा होगा तुम चार्ट जीपीटी के पास कभी भी जाओ। अगर तुमने चार्ट जीपीटी से काम करवाया है तो पहचान जाता है तुरंत कि अगली बार आपको तुरंत बोलने लगेगा कि ये चीज़ कर दूं क्या? राइट? ये तो हम लोग एक्सपीरियंस कर रहे हैं। कैसे? तो ये सारा कॉन्टेक्स्ट हमारा चार्ट जीपीटी के पास या क्लॉड के पास जेमिनाई के पास अवेलेबल होता है। इसलिए वो आपके बारे में तुरंत पहचान जाता है। गॉट इट? ओके। तो कॉन्टेक्स्ट कैसे आता है? समझ में आ गया। अब क्वेश्चन आता है कॉन्टेक्स्ट और मेमोरी सेम है क्या? अगर कॉन्टेक्स्ट में हम लोग बोल रहे हैं कि आपके बारे में चीजों उसको पता है तो मेमोरी और कॉन्टेक्स्ट क्या सेम चीज है? नहीं। ये दोनों सेम चीज नहीं है। तो यहां पे कंफ्यूजन क्लियर करते हैं। कॉन्टेक्स्ट मतलब क्या होता है? जो इंफॉर्मेशन अभी एलएलएम को अवेलेबल है। तुरंत जो इंफॉर्मेशन अभी अवेलेबल है एलएलएम को उस इंफॉर्मेशन को बोलते हैं कॉन्टेक्स्ट। ठीक 26:30 है? और मेमोरी मतलब होता है इंफॉर्मेशन को फ्यूचर इंटरेक्शंस के लिए रिटेन करने का मैकेनिज्म कि भ आपके दिमाग में कोई बात पहले से स्टोर है तो वो है मेमोरी। लेकिन अभी आपको जस्ट तुरंत कुछ पता चला है वो है कॉन्टेक्स्ट। ठीक है? तो कॉन्टेक्स्ट मतलब है इंफॉर्मेशनेशन अभी जो एलएलएम के पास अवेलेबल है दैट इज़ कॉन्टेक्स्ट लेकिन मेमोरी क्या करेगा कि आगे अगर आपको फ्यूचर के लिए इंटरेक्ट करना है तो अपने मेमोरी में जो इनेशन स्टोर है दैट इज़ समथिंग दैट इनेशन इज़ कॉल्ड एज मेमोरी तो ये दोनों डिफरेंस है दोनों कॉन्टेक्स्ट और मेमोरी सेम नहीं होता है अब जैसे फॉर एग्जांपल मुझे हिंदी में बात करना पसंद है ये कस्टमर बोल रहा है ठीक है तो ये बात क्या होगी मेमोरी में सेव हो जाएगी ताकि अगली बार जब कस्टमर आए तो ये पता रहे कि भ ये वाला कस्ट कस्टमर ना इसको हिंदी में बात करना पसंद है। जैसे मान के चलो फॉर एग्जांपल एक दुकानदार है। आप उसकी दुकान में जाते हो। आप बड़े टाइम से बड़े पुराने ग्राहक बन चुके हो उसके तो आप जैसे ही जाते हो तो तुरंत पहचान जाता है कि भाई इनको जो किस लहजे में बात करना पसंद है। ये हिंदी में बात कर लेते हैं। आपके बारे 27:32 में उसको पहले से चीजें पता है। क्यों? क्योंकि उसके मेमोरी में ये सारी बातें स्टोर है। तो ऐसे ही अगर हमको एजेंट को करवाना होगा तो हम कैसे करेंगे? अब मान लो कस्टमर बोल रहा है कि मेरे को हिंदी में बात करना पसंद है। तो ये बात मेमोरी में क्या हो जाएगी? सेव हो जाएगी ताकि जब भी अगले टाइम ये कस्टमर वापस आए तो एजेंट क्या करे? अपनी मेमोरी पे जाए। मेमोरी पे चीजों को रिकॉल करें और तब उसको पता चल जाए कि भ ये चीज उसको पता है। तो यहां पे एजेंट मेमोरी से पता चल सकता है ये इनेशन करंट कॉन्टेक्स्ट में इंजेक्ट की जा सकती है कि अब आप जैसे आए हो बहुत टाइम के बाद आप एआई एजेंट को यूज़ कर रहे हो और अब आप आके बोल रहे हो कि भाई लेट्स सपोज़ मेरे को WhatsApp मैसेजेस बल्क में सेंड करवाने हैं या आप बोल रहे हो आके एजेंट को। लेकिन एजेंट को ये चीज पहले से पता है कि आप एक ऐसे कस्टमर हो जो हिंदी बोलना प्रेफर करते हो। तो वो क्या कर रहा है? आपकी मेमोरी में जाके इस बात को निकाल रहा है और जो आपका करंट कॉन्टेक्स्ट है उसमें जाके ये इंड्यूस कर दे रहा है। तो आपको एजेंट हो सकता है पूछ ले कि आप WhatsApp मैसेजेस क्या हिंदी में भेजना चाह रहे हो? तो 28:33 करेक्ट करंट जो कॉन्टेक्स्ट है आपका उसमें मेमोरी से बातें आके इंड्यूस हो सकती है। ठीक है? तो यहां पे सिंपल समझो। मेमोरी क्या करता है? स्टोर कर लेता है इनेशन को लेकिन कॉन्टेक्स्ट गिव्स रेलेवेंट इनफार्मेशन टू द मॉडल एट द टाइम ऑफ़ रीजनिंग। ओके? तो ये दोनों का डिफरेंस था कॉन्टेक्स्ट वर्सेस मेमोरी। अब आगे बढ़ते हैं और समझते हैं कि कॉन्टेक्स्ट विंडो क्या है? अब ये वर्ड क्या होता है? तो एलएलएम एलएलएम क्या होता है? ये तो हम लोग समझ चुके हैं। जैसे जीपीटी मॉडल हो गया, क्लॉड मॉडल हो गया कि ये एलएलएम है। तो एलएलएम एक टाइम पर लिमिटेड अमाउंट ऑफ़ इनेशन को प्रोसेस कर सकता है। और यही कैपेसिटी जो होती है इसको हम लोग बोलते हैं कॉन्टेक्स्ट विंडो। अब जैसे फॉर एग्जांपल एक लिमिट है कॉन्टेक्स्ट विंडो मतलब 1 लाख टोकंस कोई वो प्रोसीड कर सकता है। ठीक है? अब मान लो एक यूजर अपनी रिक्वेस्ट देता है और इसकी कॉन्टेक्स्ट लिमिट जो है वो है 1 लाख टोकंस। उससे ज्यादा वो प्रोसीड नहीं कर पाएगा। तो जो यहां पे लिमिट होती है इसी को हम लोग बोलते हैं कॉन्टेक्स्ट विंडो कि एलएलएम एक बार में कितनी इनेशन प्रोसेस कर सकता है 29:35 वही चीज कहलाती है कॉन्टेक्स्ट विंडो। तो एक रिक्वेस्ट के टाइम में मॉडल के इनपुट कॉन्टेक्स्ट में रफली इतने टोकन की कैपेसिटी में अवेलेबल होता है। तो यहां पे सिस्टम इंस्ट्रक्शंस होगा यूजर का मैसेज आएगा। चाहे वो चैट हिस्ट्री हो, डॉक्यूमेंट्स हो, टूल्स हो या फिर आपका रैग हो। ये सारी चीजें कॉन्टेक्स्ट में आ सकती है। तो कोई भी पूछे कॉन्टेक्स्ट विंडो क्या होता है? एक बार में एलएलएम जितनी इनेशन को प्रोसेस कर सकता है उसी को हम लोग बोलते हैं कॉन्टेक्स्ट विंडो। ठीक है? अब बात करते हैं कि भाई टोकंस क्या होता है? अभी हम लोगों ने पीछे देखा था कि कॉन्टेक्स्ट विंडो जो है 1 लाख टोकंस हैं। उससे ज्यादा टोकंस होंगे तो वो नहीं करेगा। तो 1 लाख टोकन जो है अब टोकन वर्ड क्या होता है? इसको हम लोग समझते हैं। यूजुअली लोग क्या समझते हैं कि भ टोकन जैसे मान लो ये वर्ड है प्लेइंग एंड डांसिंग। ठीक है? मैं चैट जीपीटी से कुछ डिस्कस कर रही हूं और मैं बोल रही हूं प्लेइंग आई लव प्लेइंग एंड डांसिंग। तो क्या ये जो वर्ड है प्लेइंग एंड डांसिंग एक-एक वर्ड को लोग क्या समझते हैं पता है कि एक वर्ड होगा इसका मतलब कि ये एक टोकन 30:35 है। नहीं ऐसा नहीं होता कि यहां पे जो टोकंस होते हैं वो हो सकता है कि ये जो प्लेइंग वर्ड है वो अलग-अलग पार्ट में डिवाइड हो। एक टोकन हो प्लेइंग, एक टोकन हो एंड, एक हो डांस और एक हो आई एन जी। तो टोकंस जो होते हैं कभी भी ऐसा नहीं समझना है कि एक वर्ड है इसका मतलब एक टोकन होगा। नहीं एलएलएम टेक्स्ट को स्मॉलर यूनिट्स में प्रोसेस करता है जिसको हम लोग बोलते हैं टोकंस। तो अलग-अलग साइज के टोकंस यहां पे हो सकते हैं। टोकंस इंपॉर्टेंट क्यों है? इनपुट आप जो भी देते हो आपका जो आउटपुट होता है जो आपका कॉन्टेक्स्ट होता है उसमें टोकंस का यूजेज होता है। तो इसी के कारण देखो जैसे चार्ट जीपीटी ने ये कहा था सैम ऑल्टमैन ने कि बहुत सारे लोग जब चार्ट जीपीटी से बात करते हैं तो सॉरी थैंक यू ये सब वर्ड बोलते हैं जिसके कारण टोकंस इतने ज्यादा यूज़ होते हैं कि मिलियंस में हमको इसका भरपाई करना पड़ता है। तो ये जो टोकंस होते हैं ये प्रोसेस होते हैं जो हम लोग प्र्ट लिखते हैं वो इंस्ट्रक्शंस जो हम लोग देते हैं मशीन ये सब नहीं समझती उसको कोई हिंदी इंग्लिश मराठी गुजराती समझ नहीं आता मशीन को समझ में आता है नंबर तो जो भी हम लोग क्या 31:36 करते हैं यहां पे अपना फ्रोंट देते हैं ये किस में टूट जाता है ये अलग-अलग टोकंस में टूटता है और यही टोकंस क्या होते हैं हमारे यही टोकंस जाके बदल जाते हैं वेक्टर्स में मतलब नंबर्स में और उन नंबर्स को फिर एआई मॉडल जो है वो अंडरस्टैंड कर पाता है तो ये था यहां तक कि भाई मेमोरी क्या होता है? कॉन्टेक्स्ट क्या होता है? टोकंस क्या होता है? तो आई एम होपिंग कि यहां तक सारी बातें आपको क्लियरली अच्छे से समझ में आई होंगी। तो एआई एजेंट्स के बारे में यहां तो हम लोग पढ़ ही रहे हैं। अगर आपका इंटरेस्ट यहां पर डेवलप हो रहा है, लग रहा है कि यार मेरे को एजेंट्स बनाने में चीजें समझ में आ रही है तो डेफिनेटली अब आप लोगों के लिए और ज्यादा एडवांस लेवल की चीजें मैं यहां पे लेके आ चुकी हूं इंडिया के सबसे ज्यादा अफोर्डेबल बिल्ड एआई एजेंट कोड नो कोड कोर्स के अंदर जहां पे 10 से ज्यादा मॉड्यूल्स हैं। 6 महीने का ये कंप्लीट लाइव कोहॉट होने वाला है। लाइव मंथली मैराथॉन क्लास के साथ जहां पे मैं आपके साथ मिलके और भी बेस्ट एजेंट्स पे काम करने वाली हूं। प्रैक्टिकल करके हम सारी चीजें सीखेंगे। तो ये सारे के सारे जो मॉड्यूल्स हैं आप जाके चेक आउट कर सकते हैं। सर्टिफिकेट भी इसके अंदर इंक्लूडेड है। सिलेबस आप जाके डाउनलोड कर सकते हैं और ये सारे लेक्चर्स एक साथ आपके लिए 32:38 अनलॉक हो जाएंगे। और ये इनेशन आपके लिए इसलिए इंपॉर्टेंट है क्योंकि अभी जो डिस्काउंट्स मिल रहे हैं वो सबसे बेस्ट डिस्काउंट्स मैंने ऑलरेडी मेरे लर्नर्स के लिए प्रोवाइड किया हुआ है ताकि सिंपली किसी के भी पॉकेट में बर्डन ना पड़े। वो आसान तरीके से जाके एआई एजेंट्स कोड और नो कोड दोनों प्लेटफार्म के अंदर डिटेल में सीख पाए। 80 घंटे का कंटेंट है। लाइव मैराथॉन क्लास है। कंप्लीट सिनर्जी मैच करने वाली है। और छ महीने के इस कंप्लीट कोर्स के अंदर मैं आपकी मेंटोर रहने वाली हूं। सर्टिफिकेशन के साथ हमारा ये कोर्स है। सारी डिटेल्स मैंने ऑलरेडी नीचे डिस्क्रिप्शन बॉक्स पिन कमेंट्स के अंदर प्रोवाइड की हुई है। जल्दी से जल्दी जाके चेक आउट करिए और एनरोल करिए ताकि हम लोग एक साथ लाइव मैराथन क्लास के अंदर और बेटर तरीके से एजेंट्स को बिल्ड करना सीख पाएं। ऑलराइट। तो अब हम लोग समझते हैं प्र्पिंग फॉर एआई एजेंट्स। लेट्स से कि बहुत बढ़िया-बढ़िया एआई एजेंट है। अब आपको उन एआई एजेंट के साथ इंटरेक्ट करना है ताकि आपका काम जो है वो एआई एजेंट कंप्लीट कर दे। तो आपको इंटरेक्ट करने के लिए भी तो पता होना चाहिए कि आपको कैसे प्र्ट्स लिखने हैं। राइट? तभी आप उससे बेस्ट आउटपुट रिजल्ट जो है वो जनरेट करवा पाओगे। 33:39 तभी एआई एजेंट आपका काम करके आपको देगा। तो प्र्प्टिंग कैसे की जाती है एआई एजेंट्स में? अगर मैं नॉर्मल लेट्स से चार्ज जीपीटी यूज़ कर रही हूं। तो मैं प्र्प्ट दे देती हूं राइट अ सेल्स मेल। ठीक है? तो अब यहां पे राइट अ सेल्समेल मैं जैसे ही बोलती हूं तो मेरे को यहां पे एक नॉर्मल सा रिजल्ट जो है वो जनरेट हो के मिल जाता है क्योंकि मैंने एक बहुत ही वेग सा प्र दिया यहां पे। लेकिन एआई एजेंट को सिर्फ टास्क बताना इनफ नहीं होता। एआई एजेंट को और भी चीजें बतानी होती है कि भाई आपको कंप्लीट अगर करवाना है ये टास्क को तो आपको और भी इनेशन देना पड़ेगा। जैसे कि भाई तुम कौन हो कि सबसे पहले एआई एजेंट को बताओ कि उसका रोल क्या है? उसको कैसे बिहेव करना है। राइट? उसको एक आइडेंटिटी दो। ओके। तो हमको बताना है कि तुम कौन हो भाई? एआई एजेंट को तुम्हारा गोल क्या है? तुम क्या कर सकते हो? तुम्हें क्या नहीं करना है? कौन सा टूल कब यूज़ करना है? किस इनेशन को वेरीफाई करना है? अब मान लो कोई फेलियर हो जाता है तब तुमको क्या करना है? और रिस्पांस का फॉर्मेट क्या होना चाहिए? ये सारी चीजें हम लोगों को बताना पड़ेगा। 34:40 ये सारा प्रट में अंदर हम लोगों को मेंशन करना पड़ेगा। तब जाके एआई एजेंट क्या करेगा? हमारे टास्क को कंप्लीट करेगा। तो इसको यहां पर हम लोग समझते हैं एक एग्जांपल से कि एआई एजेंट के प्र्प का स्ट्रक्चर क्या होता है? एक इफेक्टिव एआई एजेंट के प्र्प में सात एलिमेंट्स होने चाहिए। कितने होने चाहिए? सेवन एलिमेंट्स होने चाहिए। क्या वो एलिमेंट्स हैं? सबसे पहला है कि रोल। उसको एक आइडेंटिटी दो। राइट? अगर मैं मान लो एक सोशल मीडिया के लिए एजेंट बना रही हूं। तो मैं उसको बताऊंगी कि भ तुम्हारा काम है एज अ सोशल मीडिया मैनेजर बिहेव करना। अब मैं लेट्स सपोज एक एजेंट बनवा रही हूं कोडिंग के लिए। तो मैं उसको बताऊंगी कि तुम एक सीनियर डेवलपर हो जिसका 10-1 साल का एक्सपीरियंस है तो तुमको वैसे बिहेव करना है। तो उसको एक आइडेंटिटी समझ में आएगी कि भ मेरा रोल क्या है? मेरे को कैसे काम करना है? तो उसको ये डिफाइन करना पड़ेगा। दूसरा इंपॉर्टेंट एलिमेंट है गोल। कि भाई तुम क्या गोल अचीव करवाना चाहते हो उस एजेंट से? गोल डिफाइन करो। उसके बाद है कॉन्टेक्स्ट कि आपका जो गोल है उसके पीछे जो इनेशन है वो उसको प्रोवाइड करना। क्या-क्या रूल्स उसको फॉलो करना है। उसके 35:42 बाद क्या-क्या टूल्स उसको यूज करना है। और सबसे इंपॉर्टेंट कंस्ट्रेंट्स कि हर कोई बता देता है एजेंट को कि भ ये ये ये काम करना है। लेकिन क्या नहीं करना है ये भी बताना जरूरी है। जिसको हम लोग बोलते हैं कंस्ट्रेंट्स और उसके बाद जाके हम लोगों को मिलता है फिर फाइनल आउटपुट। इसको एक एग्जांपल से समझते हैं। जैसे हम लोग यहां पे रोल देते हैं यू आर अ कस्टमर सपोर्ट एजेंट। ठीक है? तो जैसे ही आपने ये प्र्प्ट में लिखा यू आर अ कस्टमर सपोर्ट एजेंट। इसका मतलब एआई एजेंट को उसका रोल समझ में आ जाएगा। सेकंड चीज है गोल। हम यहां पे बोल रहे हैं हेल्प कस्टमर्स रॉल्व ऑर्डर रिलेटेड क्वेरीज़। अब यहां पे क्या उसको समझ में आ रहा है कि आपको कस्टमर्स को हेल्प करना है उनकी क्वेरीज़ को रिॉल्व करने के लिए। फिर देना है कॉन्टेक्स्ट। यू हैव एक्सेस टू कस्टमर ऑर्डर इनेशन। कि भ अगर आपको कस्टमर की इंक्वायरी सॉल्व करना है तो कस्टमर से रिलेटेड इनेशन भी तो होना चाहिए ना। तो हम यहां पे कंटेक्स्ट दे रहे हैं कि आपके पास कस्टमर से रिलेटेड ये ये इंफॉर्मेशन है। फिर रूल्स हमेशा उसको हम लोग बता रहे हैं कि हमेशा वेरीफाई करो। ऑलवेज वेरीफाई ऑर्डर स्टेटस बिफोर 36:43 आंसरिंग। कुछ भी चीज आंसर करने के पहले क्या करो? जाके चेक करो कस्टमर का ऑर्डर स्टेटस। तभी उसको कुछ बताना है। ये आपका रूल है। उसके बाद है टूल्स कि भाई अगर आपको कस्टमर का ऑर्डर यूज़ कर मतलब स्टेटस देखना है तो आप ऑर्डर एपीआई का यूज़ कर सकते हो। तो ये एज अ टूल आपके पास अवेलेबल है। फिर है कंस्ट्रेंट कि नेवर इन्वेंट ऑर्डर इन इनेशन। ऐसा नहीं है कि लेट्स से आपको इनेशन नहीं मिल रही तो एजेंट जाके कुछ भी बोल दे रहा है। नो आपको ये नहीं करना है। ये हम लोग कंस्ट्रेंट दे रहे हैं। और फिर जाके आपको एक फाइनल आउटपुट बताना है कि आपका जो रिस्पांस होना चाहिए क्योंकि आप एक कस्टमर सपोर्ट एजेंट हो। तो आप रुडली नहीं रिसोंड कर सकते। आपको एक बहुत पोलाइट रिस्पॉन्स जनरेट करवाना है। तो इसी तरीके से हम लोग जब प्र्प लिखेंगे ना अभी मैं करके दिखाऊंगी आप लोगों को प्रैक्टिकल। तो इसी तरीके से हम लोग प्र्प्ट देंगे कि जहां पे क्या हो हमारा रोल, गोल, कॉन्टेक्स्ट, रूल्स, टूल्स, कंस्ट्रेंट और आउटपुट। ये सात चीज मिला के हम लोग अपना प्र्ट का स्ट्रक्चर तैयार करेंगे। तो अब यहां पे समझते हैं कि हेलुसिनेशन क्या होता है? ठीक है? अब हेलुसिनेशन एक वर्ड जो है वो काफी ज्यादा 37:43 यहां पे इंपॉर्टेंट है। इसको अंडरस्टैंड करना। मॉडल ऐसी इनेशन जनरेट कर सकता है जो फ़क्चुअली रॉन्ग हो। राइट? जैसे इसका एक एग्जांपल समझो। मेरी रिफंड पॉलिसी क्या है? राइट? यूजर यह पूछ रहा है और मान लो एजेंट के पास रिफंड पॉलिसी का एक्सेस ही नहीं है। लेकिन फिर भी वो क्या रिसोंड कर रहा है? एजेंट क्या आंसर जनरेट कर रहा है? कि आपको सेवन डेज के अंदर रिफंड मिल जाएगा। तो ये तो प्रॉब्लम वाली बात है ना। प्रॉब्लम यहां पे ये है कि मॉडल ने क्या की? अपनी खुद की एक इनेशन जनरेट कर दी। ठीक है? उसके पास एक्सेस नहीं था लेकिन फिर भी वो बोल रहा है कि हां मिल जाएगा। तो मॉडल ने क्या किया? अपनी इंफॉर्मेशन को एक इन्वेंट कर दिया। अब इससे क्या होगा? कस्टमर को एक रॉन्ग इनेशन चली जाएगी। तो यहां पे हेलुसिनेशन को कम करना होगा। ये हेलुसिनेशन तब कम होगा जब आप बेहतर इंस्ट्रक्शंस दोगे। अगर मान लो मैं इंस्ट्रक्शंस में ये बात लिख देती कि इफ रिक्वायर्ड इनेशन इज़ अनअवेलेबल। अगर एआई जेंट को मैं ये पहले ही इन्फॉर्म कर देती कि अगर रिक्वायर्ड इनफार्मेशन तुम्हारे पास नहीं है तो आपको कोई भी गेस नहीं करना 38:45 है। आपको नॉलेज बेस यूज़ करना है और यूजर से क्लेरिफिकेशन के लिए पूछना है ना कि अपने मन से कोई भी रिस्पांस देना है। तो ये सारी चीजें मेरे को क्या करना पड़ेगा? अपने प्र्प में अपने इंस्ट्रक्शंस में डालना पड़ेगा। तभी मेरा एआई एजेंट उन चीजों को फॉलो कर पाएगा। और उससे क्या होगा? हेलुसिनेशन जो है वो कम होगा। ठीक है? तो यहां पे अब हम लोग थोड़ा सा रैक के बारे में भी समझेंगे कि रैग क्या होता है। इसलिए मैं थोड़ा सा रैक समझाने के पहले आपको कुछ और नई चीजों के बारे में बताना चाहूंगी कि क्या रैक समझने के पहले एक कॉन्टेक्स्ट हम लोग यहां पे लेके समझते हैं। एक सिचुएशन लेके एक एग्जांपल लेके समझते हैं। देखो कस्टमर डिफरेंट-डिफरेंट क्वेश्चंस पूछ रहा है। मेरा नाम और अकाउंट रिलेटेड प्रेफरेंसेस याद है क्या? पर्सनल लोन के लिए एलिजिबिलिटी क्या है? मेरी ईएमआई कितनी होगी? बैंक की ऑफिशियल लोन पॉलिसी क्या है? मैंने लास्ट टाइम लोन कब लिया था? ये मान के चलो एक आपके पास में एआई एजेंट है जो कि बैंकिंग के लिए बनाया गया एआई एजेंट है। इस एआई एजेंट से कस्टमर आ रहा है और ये सारे अलग-अलग सवाल पूछ रहा 39:45 है कि मेरी ईएमआई कितनी होगी? और लास्ट टाइम मैंने तुमसे क्या पूछा था? ये सब आके किससे पूछ रहा है वो? एआई एजेंट से। अब एआई एजेंट के पास अगर इंफॉर्मेशनेशन ही अवेलेबल नहीं होगी तो वो कैसे इसका आंसर करेगा? तो वो क्या करेगा? प्रीवियस इंटरेक्शंस में जाके देखेगा कि भ ये कस्टमर का नाम क्या है? फिर उसके बाद जाके देखेगा कि इससे अगर लोन के बारे में ये पूछ रहा है तो इसके बैंक डॉक्यूमेंट्स क्या है? अगर ये मेरे से पूछ रहा है कि मेरी वो ईएमआई बची है क्या? तो ये जाके कैलकुलेटर चेक करेगा कि कोई ईएमआई का कैलकुलेशन तो नहीं है। अब लाइव बैंकिंग के जो एपीआई है उसको जाके ट्रैक करेगा। तो मैं ये बताना चाह रही हूं आपको कि ये जो एआई एजेंट है ये अलग-अलग सोर्सेस से जाके क्या करेगा? डेटा को उठाएगा। डेटा को रिट्रीव करेगा और तब जाके जवाब दे पाएगा। तो ऐसे अलग-अलग सोर्सेस के साथ में एआई एजेंट्स को डील करना पड़ता है। और यहां पे मेमोरी की जरूरत होना इंपॉर्टेंट है। मेमोरी के बिना एजेंट को हर चीज जीरो से शुरू करना पड़ सकता है। जबकि मेमोरी के साथ सिस्टम क्या करेगा? रेलेवेंट हिस्ट्री 40:47 को रीयूज कर सकता है। ठीक है? अब इसको समझना। जैसे मेमोरी नहीं है। ठीक है? है। मान लो एजेंट है उसके पास मेमोरी ही नहीं है और यूजर आके उससे पूछ रहा है कि भाई मेरी ईएमआई कितनी है? मेरे को पर्सनल लोन मिल जाएगा क्या? तो यहां पे एजेंट क्या करेगा? स्टार्टिंग से आपसे क्वेश्चंस पूछने लगेगा कि मैं वो तो क्योंकि कुछ नहीं जानता तो वो क्या करेगा? स्टार्टिंग से आपको पूछने लगेगा सारी चीजें। राइट? क्यों? क्योंकि उसके पास मेमोरी नहीं है। लेकिन इसके पास अगर मेमोरी रहेगी तो ये क्या करेगा? पिछली सारी जितने ये सोर्सर्सेस मैं दिखा रही थी ना ये सारे सोर्सर्सेस इसको जाके चेक करेगा और उसके हिसाब से क्या करेगा? आंसर जो है वो बताना शुरू कर देगा। तो मेमोरी की हेल्प से एजेंट प्रीवियस कन्वर्सेशन को देख सकता है। पिछला डेटा यूज़ कर सकता है। कम्युनिकेशन के हिसाब से चीजें देख सकता है और यूजर को सही डिटेल प्रोवाइड कर सकता है। इसलिए मेमोरी का होना इंपॉर्टेंट है। तो तुम मेमोरी तो यहां पे समझ चुके हो। ठीक है? लेकिन अब जो हम लोग धीरे-धीरे आगे बढ़ रहे हैं वो रैग की तरफ आगे बढ़ रहे हैं। रिट्रीवल ऑगमेंटेड जनरेशन। लेकिन उसके पहले एक बात और समझाती हूं कि नॉलेज क्या होता है एआई एजेंट्स के पास। अब जैसे 41:50 कस्टमर आ रहा है। ठीक है? और वो एआई एजेंट से कुछ सवाल पूछ रहा है। जैसे मेरी पर्सनल लोन की एलिजिबिलिटी है क्या? मेरे को लोन कौन सा मिलेगा? तो एलएलएम क्या करेगा? एलएलएम को जनरल बैंकिंग का नॉलेज हो सकता है। लेकिन कोई स्पेसिफिक बैंक की अगर मैं बात करूं। ठीक है? अब जैसे मान लो मेरे को लोन चाहिए ICICI बैंक से। ओके? तो अब इस एजेंट को ICICI बैंक से रिलेटेड इनेशन होनी चाहिए ना। तभी तो वो जानकारी बता पाएगा। अगर मैं उससे नॉर्मल जानकारी पूछूंगी तो वो तो एलएलएमए को आंसर कर देगा। लेकिन स्पेसिफिक बैंक की पूछूंगी तो स्पेसिफिक बैंक की भी जानकारी होनी चाहिए। तो क्या करेगा ये? हो सकता है कि स्पेसिफिक जो बैंक है ICIC की ऑफिशियल वेबसाइट पे जाए। उसके इंटरनल डॉक्यूमेंट्स को पढ़े, उसके रेगुलेटरी बेसिस को पढ़े, नॉलेज बेस्ड एफएक्यू को पढ़े और फिर जाके वो सारी जानकारी को जन जो है क्या करेगा? अचीव करेगा। तो ये सारी जो चीजें हैं मतलब उसका चाहे वो डॉक्यूमेंट पढ़े या फिर वो रेगुलेटरी पढ़े या नॉलेज बेस पढ़े तो ये सब जो चीज है ये नॉलेज कहलाती है। ठीक है? अब 42:50 यहां पे फाइनली समझते हैं कि रैग क्या है? इतना सारा चीज जो मैं आपको समझा रही हूं उसका मेन ऑब्जेक्टिव ये है कि जब भी कोई यूजर आया जैसे यहां पे एक यूजर आया वो बैंक से रिलेटेड चीजें पूछ रहा था किससे? एआई एजेंट से। तो एआई एजेंट जितना उसके बारे में उसको पहले पता होगा वो प्रीवियस इनेशन वो सब मेमोरी से डेटा रिट्रीव करेगा। लेकिन अगर मैं स्पेसिफिकली उसको बोल रही हूं कि भ मेरे को ना लेट्स सपोज़ मेरे को लीव लेना है। ठीक है? अब लीव की हर कंपनी की लीव की पॉलिसी एक अलग-अलग होती है। अब मैं कह रही हूं कि आपकी कंपनी की जो लीव पॉलिसी है उसकी पॉलिसी है। लेट्स सपोज 500 पेज की कंपनी की लीव पॉलिसी है। अब मैं बोल रही हूं कि इस कंपनी के अंदर कितने सिक लीव मिलते हैं। तो अब वो 500 पेज को पूरा प्रोसेस कर देगा। फिर मेरे को आ जाएगा देखेगा कहां पे सिक लीव के बारे में पता और फिर मेरे को इनेशन प्रोवाइड करेगा। तो इस केस में क्या हो रहा है? एक्सटर्नल जो इनेशन है वहां पे जा रहा है एलएलएम। पूरी इनेशन रीड कर रहा है 500 पेज वहां पे देख रहा है कि भाई कहां पे मेंशन है सिकली के बारे में और उसके हिसाब से मेरे को इनेशन ला के दे रहा 43:52 है तो रैग मतलब होता है रिट्रीवल ऑगमेंटेड जनरेशन रिट्रीवल मतलब इन रेलेवेंट इनेशन को क्या करना सर्च करना ऑगमेंटेड मतलब रिट्रीव्ड जो इनेशन हो गई है उसको कॉन्टेक्स्ट रिट्रीव्ड इनेशन को एलएम के एलएलएम के कॉन्टेक्स्ट में जाके ऐड करना और फिर जाके क्या होगा फाइनल हमारा जो जनरेशन है जो रिस्पांस है वो हमको को देखने मिलेगा। तो रिट्रीवल ऑगमेंटेड जनरेशन रैक एक ऐसी टेक्निक है जिसमें एआई सिस्टम एक्सटर्नल नॉलेज सोर्स से रेलेवेंट इनेशन रिट्रीव करता है और एलएलएम को उस इंफॉर्मेशनेशन के बेसिस पे रिस्पांस जनरेट करने के लिए कॉन्टेक्स्ट प्रोवाइड करता है। राइट? तो ये बेसिकली होता है रैक के बारे में। अब रैक प्रैक्टिकली कैसे काम करता है? अब मान लो एक यूजर आ रहा है। वो बोल रहा है पर्सनल लोन के लिए एलिजिबिलिटी क्राइटेरिया क्या है? ठीक है? या यूजर आया बोला भाई पर्सनल लोन लेना चाहता हूं एलिजिबिलिटी क्राइटेरिया क्या है बताओ तो अब यहां पे रैक कैसे काम करेगा अब एक्सटर्नल सोर्स क्या है अब बैंक की एक 44:53 लोन पॉलिसी हो सकती है एलिजिबिलिटी के रूल्स हो सकते हैं और ऑफिशियल डॉक्यूमेंट्स हो सकते हैं तो ये सब क्या चीज है ये सब एक्सटर्नल चीज है ठीक है अब ये जितनी भी एक्सटर्नल चीज है पॉलिसी है और ये सारी जो चीज है ये एक्सटर्नल चीजें अब यहां से सारा का सारा डेटा जो है वो एलएलएम क्या करेगा लेगा मतलब रिट्रीव करेगा एक्सटर्नल सोर्स से रिट्रीव करने के बाद उस डेटा को कॉन्टेक्स्ट में एक ऐड करेगा, प्रोसेस करेगा, जाके सारी चीजें चेक करेगा और फिर जाके क्या होगा? आंसर जनरेट होगा। फिर एआई एजेंट बताएगा कि भाई बैंक लेने लोन लेने के लिए आपकी एज लिमिट 21 से 60 इयर्स होना चाहिए। आपका क्रेडिट स्कोर अच्छा होना चाहिए। तब जाके आपको इनेशन क्या होगी? मिलेगी। तो रैग मतलब ही ये होता है एक ऐसी टेक्निक जिसमें एआई सिस्टम क्या कर रहा है? एक्सटर्नल सोर्स। ये सब जितनी पीडीएफ दे रहे हो आप या फिर जो वेबसाइट दे रहे हो ये सब क्या है? एक्सटर्नल सोर्स है। तो एक्सटर्नल सोर्स से क्या हो रहा है? डेटा रिट्रीव हो रहा है। और वो डेटा कहां ऐड हो रहा है? तो यहां पे जो भी रिलेवेंट इनेशन है उसको 45:53 रिट्रीव करता है। रैक एलएलएम को जाके वो इनेशन देता है। एलएलएम उस इनेशन को प्रोसेस करता है और फिर आंसर जनरेट होता है। तो रिट्रीवल मतलब जाके रिट्रीव करना। ऑगमेंटेड मतलब वो इनेशन को कॉन्टेक्स्ट की तरह एलएलएम को देना और फिर जाके जनरेशन मतलब इंफॉर्मेशनेशन को जनरेट करना। ये चीज कहलाती है रैग। तो अगर कोई भी आपसे पूछता है कि रैग क्या होता है? सो आई एम होपिंग दैट कि अब आप इजीली समझा पाओगे कि रैग होता क्या है? काम कैसे करता है? सपोज़ एक कस्टमर है। ये बोल रहा है कैन आई रिटर्न माय प्रोडक्ट आफ्टर 15 डज़? तो एजेंट को कंपनी पॉलिसी पता होना चाहिए। उसको यह पता होना चाहिए कि भ अगर कस्टमर बोल रहा है प्रोडक्ट में मेरे को लाइक रिटर्न करना है तो क्या करेगा? रैग यहां कैसे काम करेगा? रैग कैसे काम करेगा? एआई एजेंट कैसे काम करेगा? रैग यूज़ करेगा। अब यहां पे रैग का मतलब होता है कि वो सबसे पहले एक रेलेवेंट पॉलिसी को ढूंढेगा। उस पॉलिसी की सारी इनेशन को लेगा। वहां से इनेशन रिट्रीव करने के बाद एआई मॉडल के पास इनेशन आएगी। 46:54 एआई मॉडल डिसीजन लेगा और फिर फाइनली कस्टमर को जाके रिस्पांस करेगा। तो रिट्रीवल ऑगमेंटेड जनरेशन इज़ रैग। तो रैग आई थिंक अभी तक आपको क्लियरली बेटर तरीके से समझ में आया होगा। अब समझते हैं कि एपीआई और एआई एजेंट क्या है? एपीआई और एआई एजेंट कैसे काम करते हैं? इसको थोड़ा अंडरस्टैंड करते हैं। तो एपीआई मतलब होता है एप्लीकेशन प्रोग्रामिंग इंटरफ़ेस। ठीक है? अब सपोज़ एक एआई एजेंट है। उसको वेदर चेक करना है। तो एजेंट डायरेक्टली वेदर कंपनी के इंटरनल डेटाबेस में नहीं घुस सकता। इट कैन इंटरेक्ट थ्रू एन एपीआई। राइट? अब लेट्स से उसको वेदर जानना है। अब तो डायरेक्ट कंपनी के इंटरनल डेटाबेस पे तो नहीं घुस जाएगा। लेकिन उसको उसके साथ इंटरेक्ट करना है। जिसके लिए वो यूज़ करेगा एपीआई का जिसका मतलब होता है एप्लीकेशन प्रोग्रामिंग इंटरफ़ेस। तो यहां पे एआई एजेंट को वेदर एपीआई मिलेगी। तब जाके वो वेदर सर्विस वाली चीजें चेक करेगा। टेंपरेचर कंडीशंस बताएगा और एजेंट उस हिसाब से आंसर करेगा। तो ऐसी अलग-अलग चीजों के साथ अगर उसको इंटरेक्ट करना है जैसे Gmail के साथ इंटरेक्ट करना है तो 47:55 Gmail की एपीआई लगेगी। कैलेंडर के साथ करना है तो कैलेंडर की एपीआई, सीआरएम एपीआई, पेमेंट एपीआई, डेटाबेस इंटरेक्ट करना है तो डेटाबेस की एपीआई लगेगी। तो इस तरीके से जब भी उसको कोई एक्सटर्नल इंफॉर्मेशनेशन चाहिए होती है तो जिसके साथ वो इंटरेक्ट करता है उसको बोलते हैं हम लोग एपीआई एप्लीकेशन प्रोग्रामिंग इंटरफ़ेस। ठीक है? अब बात करते हैं ह्यूमन इन द लूप की कि भाई आप एजेंट जब बना रहे हैं तो उस ह्यूमन के लूप का इनवॉल्वमेंट होना क्या जरूरी है? आपने ना यह बात बहुत नोटिस की होगी अगर क्लॉड वगैरह यूज़ करते हो कि जब भी आप क्लॉड से कोई काम करवाते हो तो वो क्या करता है? आपसे मल्टीपल क्वेश्चंस पूछता है। आपका अप्रूवल लेता है कि ये करूं क्या? उसके बाद ही चीज़ों को आगे वो प्रोसीड करना शुरू करता है। तो ह्यूमन अप्रूवल जो है वो इंपॉर्टेंट होता है काफी सारे सिनेरियोस में। जैसे मान के चलो ये प्रोडक्शन लेवल एआई एजेंट के लिए बहुत इंपॉर्टेंट है। जैसे लेट्स से आई फाउंड अ रिफंड रिक्वेस्ट ऑफ ₹50,000 शुड आई ऑटोमेटिकली इशू द रिफंड? तो यहां पे लेट्स से एजेंट एक ऐसी सिचुएशन के सामने 48:57 है जहां पे उसको एक रिफंड की रिक्वेस्ट रिसीव हो रही है ₹50,000। तो बिना ह्यूमन अप्रूवल के अगर वो डायरेक्टली प्रोसीड कर देगा तो कहीं ना कहीं ये चीज बहुत ज्यादा गलत हो सकती है। तो कई बार हम लोगों को ह्यूमन के अप्रूवल की जरूरत होगी। लेकिन कहां-कहां ह्यूमन अप्रूवल की जरूरत होगी इसको अंडरस्टैंड करना बहुत ज्यादा जरूरी है। तो कई बार एजेंट जो है वो किसी रिक्वेस्ट को एनालाइज करेगा, एक्शन लेगा, ह्यूमन अप्रूवल लेगा और उसके बाद ही एग्जीक्यूट करेगा। तो ह्यूमन अप्रूवल उस जगह में सबसे ज्यादा इंपॉर्टेंट है जहां फाइनेंशियल ट्रांजैक्शंस हो रहे हैं। जहां कोई सेंसिटिव इंफॉर्मेशन है। जहां कोई अकाउंट डिलीशन की बात कर रहा है या कोई लीगल इंपैक्ट की बात कर रहा है। बहुत बड़ा इंपॉर्टेंट परचेस है। जैसे आपने बोल दिया लेट्स से एआई एजेंट को कि मेरे बिहाफ में जाओ मेरी ग्रोसरी शॉपिंग कर दो और एआई एजेंट ने क्या कर दिया? 1 लाख का बिल बना दिया। तो ये तो फिजिबल नहीं है ना यार। तो आपको क्या करना पड़ेगा? ऐसी जगह में ह्यूमन का एक लूप उसका एक इन्वॉल्वमेंट उसका एक अप्रूवल होना जरूरी है। तब जाकर आपका एजेंट सटीक काम करेगा। तो ये सारे जब 49:57 सिनेरियोस होते हैं इंपॉर्टेंट बिज़नेस डिसीजन लेना हो तो ये सारी जगह में ह्यूमन लूप का होना काफी ज्यादा जरूरी है। अब बात करते हैं गार्ड्स की। गार्ड्स मतलब होता है रूल्स एंड कंट्रोल्स दैट लिमिट अनसेफ और अनवांटेड बिहेवियर। जैसे फॉर एग्जांपल हम लोग भी जब छोटे-मोटे होते हैं तो फिर मम्मी पापा हम लोग वैसे थोड़ा चमका के रखते हैं कि ये करेगा तो देख लेना ये होगा। तो हम लोगों को एक सेट ऑफ रूल्स एक बाउंड्री के अंदर रखा जाता है ताकि हम लोग सही तरीके से रहें। राइट? तो वैसे ही अगर आप एक एजेंट बना रहे हो जो आपके बिहाफ में आपका काम कर रहा है तो आपको इसको एक कायदा देना पड़ेगा। उसको एक रूल एक लिमिट आपको समझा के देनी पड़ेगी। और गार्ड्स बहुत इंपॉर्टेंट चीज है। उसको बहुत ध्यान से समझना। तो कस्टमर सपोर्ट एजेंट है मान लो एक इसको आप बोल रहे हो नेवर शेयर कस्टमर्स पर्सनल इंफॉर्मेशन राइट आप अगर इस तरीके से गार्डल सेट कर देते हो कि कभी भी किसी कस्टमर की इनेशन को शेयर नहीं करना है तो आपने उसका एक रूल डिफाइन कर दिया ठीक वैसे ही अगर कोई पेमेंट एजेंट है तो आप बोल रहे हो नेवर मेक अ पेमेंट अबाउट ₹10 विदाउट 51:00 ह्यूमन अप्रूवल तो आपने एक गार्ड रेल डाल दिया कि भाई बिना ह्यूमन अप्रूवल के 10,000 के ऊपर की पेमेंट आपको प्रोसीड नहीं करना है तो उस रूल्स में उस बाउंड्री के अंदर वो काम करना शुरू करेगा। वैसे एक ईमेल एजेंट है उसमें अगर आप गार्ड्स डाल देते हो नेवर सेंड एन ईमेल कंटेनिंग कॉन्फिडेंशियल डाटा तो आप गार्डल्स की मदद से उसको क्या करना है और क्या नहीं करना है ये आप डिफाइन कर देते हो तो जब भी गोल आता है किसी एजेंट के पास में तो वो गार्ड्स चेक करता है कि भ मेरे को क्या फॉलो करना है मेरी क्या गाइडलाइंस है मेरे को किस हद में रहना है राइट तो गार्ड्स हेल्प कंट्रोल व्हाट द एजेंट्स कैन डू एंड कैन नॉट डू जैसे क्या-क्या करना है तो आपको कंपनी की पॉलिसी ही फॉलो करना है। आपको अप्रूव टूल्स यूज़ करना है। आपको परमिशन के साथ काम करना है। आपको सेफ रहना है। ये हमने बता दिया कि भ ये ये आपको करना है। लेकिन क्या नहीं करना है? आपको कोई अनअथोराइज्ड पेमेंट नहीं करना है। सेंसिटिव डेटा का एक्सेस नहीं देना है। कोई भी रिस्की कोई भी अनसेफ चीज आपको नहीं करना है। तो ये सारी चीजें एजेंट को तब पता चलती है जब आप रूल्स को सेट करते हो 52:02 और उन्हीं रूल्स को कहा जाता है गार्ड रेल्स। राइट? अब आगे बढ़ते हैं और समझते हैं व्हाट हैपन व्हेन समथिंग गोज़ रॉक। एजेंट ऑपरेट इन द रियल वर्ल्ड सो फेलियर हैपन। मैं समझ सकती हूं कि कोई भी अगर अपने लिए करियर चूज़ करता है तो उसका मेन ऑब्जेक्टिव ये रहता है कि भ उसमें ग्रोथ अच्छा हो, उसमें सैलरी अच्छी हो। राइट? और इन सारी चीजों के लिए आज के टाइम पे एजेंट को लर्न करना ये स्किल सीखना सबसे ज्यादा इंपॉर्टेंट है क्योंकि ज्यादातर कंपनीज़ यही यूज़ कर रही है और यही ऑब्जेक्टिव को ध्यान में रखते हुए कि चाहे आपको बिज़नेस करना हो, फ्रीलांसिंग करना हो, फर्स्ट जॉब लेना हो, करियर ट्रांजिशन करना हो तो सबके लिए एआई एजेंट सीखना इंपॉर्टेंट है। इसीलिए मैंने बिल्ड एआई एजेंट कोड, नो कोड ये कंप्लीट कोर्स जो आपके लिए बनाया है, इसी बात को ध्यान में रखते हुए बनाया हुआ है। और इसके साथ ही बहुत ही मेहनत के साथ 80 घंटे का जो कंटेंट यहां पे छ महीने का कोर्स है लाइव मंथली मैराथन क्लास के साथ और सर्टिफिकेट के साथ सारी डिटेल्स मैंने नीचे डिस्क्रिप्शन बॉक्स पे डाल रखी है और इसके साथ ही साथ ना जो सबसे ज्यादा इंपॉर्टेंट हमारे लिए होता है वो होता है कि भ एक अफोर्डेबल प्राइस में आप सारी चीजों को सिखाओ तब सामने वाले के लिए भी 53:02 इजी होता है और एज अ टीचर मैं आप 100% एफर्ट डालने वाली हूं यहां पे आपको एजेंट्स कोड नो कोड दोनों प्लेटफार्म में सिखाने के लिए ताकि कभी ऐसा ना हो कि हमको अगर कोई बोल दे कि भ कोडिंग के थ्रू करूं तो हम यह ना बोले कि हमको नहीं आता। हमको सब आता है। बेस्ट तरीके से आता है क्योंकि 6 महीने हमने यहां पे एफर्ट्स डाले हैं। तो जल्दी से जल्दी इसके रजिस्ट्रेशनंस आपके लिए ओपन है। आप फटाफट एनरोल कर सकते हैं ताकि एक सिनर्जी के साथ लाइव मैराथॉन क्लास में मुझसे मुलाकात हो पाए। चलिए आगे बढ़ते हैं। देखो यार हम लोग जो एजेंट यहां पे बना रहे हैं वो प्रोडक्शन लेवल का एजेंट बना रहे हैं और डेफिनेटली जब आप एजेंट्स को क्रिएट करोगे तो ऐसी सिचुएशन आएगी जहां पे फेलियर्स भी वो फेस करेगा। राइट? तो हम जब एजेंट्स बनाते हैं तो इस बात का हमको यहां पे ध्यान रखना पड़ेगा कि जब वो कोई चीज फेल हो रही है उसके बाद एजेंट क्या करे उसको उसका नेक्स्ट स्टेप जो है वो क्लियर होना चाहिए तो जैसे फॉर एग्जांपल एजेंट्स वांट्स टू सेंड ईमेल एजेंट मेल भेजना चाहता है लेकिन मेल की जो एपीआई है Gmail की एपीआई वो मान लो फेल हो जाती है तो व्हाट शुड हैपन तो यहां पे एक अच्छा वेल डिज़ एजेंट जो होता है वो क्या 54:04 कर सकता है वो फेलियर को डिटेक्ट कर सकता है रिटाई कर सकता है अगर पॉसिबल हो को अल्टरनेटिव रूट ट्राई कर सकता है। ह्यूमन की हेल्प के लिए आस्क कर सकता है और फिर फाइनली रिपोर्ट कर सकता है फेलियर को। तो [नाक से की जाने वाली आवाज़] कभी भी एजेंट जब टूल को कॉल करता है अगर सक्सेस है तो चलो ठीक बात है। कंटिन्यू टास्क हो जाएगा। लेकिन अगर सक्सेस नहीं होता तो रीिट्राई करना, एस्केलेट करना, एरर को समझना। ये सारी चीजें एक अच्छे एजेंट के अंदर होनी चाहिए। अगर हम एक अच्छा प्रोडक्शन लेवल का एजेंट बना रहे हैं तो। तो दैट्स व्हाई प्रोडक्शन के जो एजेंट्स हैं उनमें जरूरत होती है कि वो एरर हैंडल कर पाए। लॉगिंग, मॉनिटरिंग, रीिट्राइस, टाइम आउट्स, फॉलबक्स इन सारी चीजों को मैनेज कर पाए कि भ मान लो अगर फेलियर हो भी गया तो उस सिचुएशन में उसको क्या करना है? राइट? ह्यूमन की हेल्प ले ले। राइट? ये एक पॉसिबिलिटी हो सकती है। रीिट्राई कर ले। दूसरा कोई और रूट है तो उसको ट्राई करके देख ले। तो ये सारी चीजें एक अच्छे एजेंट के अंदर उसको पता होनी चाहिए ताकि जब फेलियर भी होता है तो एजेंट आपका जो है वो बेस्ट तरीके से उसको हैंडल कर पाए। अब 55:04 यहां पर समझते हैं टाइप्स ऑफ एआई एजेंट्स के बारे में। अब अलग-अलग टास्क के लिए अलग-अलग टाइप के एआई एजेंट्स जो है वो अवेलेबल होते हैं। तो जैसे कुछ टाइप्स हम लोग देखते हैं रिएक्टिव एजेंट, टास्क एजेंट, प्लानिंग एजेंट, टूल यूजिंग एजेंट, एडप्टिव एजेंट, मल्टी एजेंट, कन्वर्सेशनल एजेंट, ऑटोनॉमस एजेंट। एक-एक करके ये हर एक टाइप के एजेंट क्या होते हैं, कैसे काम करते हैं? ये मैं आपको बता देती हूं। तो यहां पे अब हम लोग आगे बढ़ते हैं। सबसे पहले समझते हैं सिंगल एजेंट क्या होता है? और मल्टी एजेंट सिस्टम क्या होता है? देखो यार मैं इतना सारा थ्योरिटिकल चीजें, इतना कॉनंसेप्चुअल चीजें पहले इसलिए क्लियर करवा दे रही हूं क्योंकि जब आप अपने खुद के प्रैक्टिकल पांच प्रोजेक्ट्स बनाओगे तो ऐसा नहीं हो कि अगर मैं बोल दूं रैक के बारे में तो तुमको पता ही नहीं है कि रैक क्या है। अगर लेट्स से मैं बोल दूं कि कॉन्टेक्स्ट क्या है तो तुमको पता ही नहीं है। इसीलिए मैं इतना मेहनत करके पहले आपको सारी चीजें थ्योरिटिकल क्लियर करा दे रही हूं ताकि जब एजेंट बनाए इन सबको यूज़ करें और एजेंट सक्सेसफुली काम करें तब वो मजा आना चाहिए। तब प्रोजेक्ट करने का कुछ बिल्ड करने का एक जो एनर्जी होता है ना वो 56:04 हम लोगों को फील होना चाहिए। राइट? तो इसीलिए अभी थोड़ा सा और हम लोग इसको देखेंगे। उसके बाद तो डायरेक्टली प्रैक्टिकल प्रोजेक्ट्स पे हम लोगों को काम करना ही है। समझते हैं सिंगल एजेंट क्या है और मल्टी एजेंट क्या है? वन एजेंट हैंडल्स एवरीथिंग। सिंगल एजेंट मतलब कि वन मैन आर्मी टाइप है। एक एजेंट है और वो सब अकेला ही मैनेज कर लेता है। तो ये एजेंट क्या करेगा? यूजर कोई भी इनेशन देगा एजेंट को। अपने से जाके टूल्स यूज़ करेगा और रिजल्ट दे देगा। लेकिन मल्टी एजेंट क्या होता है? जैसे फॉर एग्जांपल एक यूजर आया बोल रहा है क्रिएट अ मार्केट रिसर्च रिपोर्ट। ठीक है? तो यहां पे इसी रिपोर्ट को क्रिएट करने के लिए अलग-अलग एजेंट्स अलग-अलग काम को करेंगे। तो यूजर आया इसने एक मैनेजर एजेंट को बोला क्रिएट अ मार्केट रिसर्च रिपोर्ट। अब ये मैनेजर एजेंट के अंदर एक रिसर्च एजेंट है जो रिसर्च करने का काम करेगा। एक एनालिस्ट एजेंट है जो एनालाइज़ करेगा। एक राइटर एजेंट है जो ये राइट करेगा। उसके बाद ये सारा का सारा काम आ जाएगा रिव्यूअर एजेंट के पास और फिर फाइनल रिजल्ट मिलेगा। तो ऐसा काम जिसमें 57:06 बहुत सारे एजेंट्स एक साथ इनवॉल्व हो के वर्क कर रहे हैं उसको कहा जाता है मल्टी एजेंट सिस्टम। तो यहां पे एक एजेंट है रिसर्च एजेंट। इसका काम है इनेशन कलेक्ट करना। एनालिस्ट एजेंट का काम है डेटा एनालाइज करना। राइटर का काम है रिपोर्ट लिखना। और रिव्यूअर का काम है कि भ इन सब ने अपना काम सही से किया है कि नहीं। उसको रिव्यू करना। तो यह डिफरेंस होता है सिंगल और मल्टी एजेंट सिस्टम के बीच में। अब समझते हैं कि रिएक्टिव एजेंट्स क्या होते हैं? ये ना सबसे बेसिक टाइप के एजेंट्स होते हैं। इनका बिहेवियर मोस्टली करंट इनपुट के बेसिस पर होता है। जैसे फॉर एग्जांपल मुझे बताओ दिल्ली का वेदर कैसा है? आप कोई यूजर आया वो ये पूछ रहा है। तो एजेंट क्या करेगा? यूजर की रिक्वेस्ट समझेगा। वेदर टूल यूज़ करेगा। जाके रिजल्ट देखेगा और आंसर कर देगा। तो यूजर की रिक्वेस्ट को समझा, टूल को यूज़ किया, आंसर बताया। फाइनली इसको रेस्पोंड कर दिया। तो ये बहुत ही सिंपल टाइप के बेसिक एजेंट्स होते हैं जो आप कुछ पूछते हो तो डायरेक्टली आपको बता देते हैं। इसके रियल वर्ल्ड एग्जांपल हो सकते हैं। वेदर एजेंट्स, कैलकुलेटर एजेंट, एफएक्यू एजेंट, 58:07 करेंसी कन्वर्शन एजेंट और बेसिक कस्टमर सपोर्ट एजेंट। ये सारे एजेंट्स को कहा जाता है रिएक्टिव एजेंट्स। अब सेकंड हम लोग यहां पे समझते हैं टास्क बेस्ड एंड वर्क फ्लो बेस्ड एजेंट्स। कि ये क्या होते हैं? ये कैसे काम करते हैं? तो ये एजेंट्स एक स्पेसिफिक टास्क को कंप्लीट करने के लिए मल्टीपल स्टेप्स परफॉर्म करते हैं। जैसे फॉर एग्जांपल मेरी मीटिंग शेड्यूल कर दो। हम गए हम एजेंट को बोल रहे हैं यार मेरी मीटिंग शेड्यूल कर दो। तो अब ये एजेंट क्या करेगा? पार्टिसिपेंट्स को आइडेंटिफाई करना है। इसको कैलेंडर चेक करना है। अवेलेबल स्लॉट फाइंड करना है। मीटिंग क्रिएट करनी है और फिर कंफर्मेशन जो है उसको सेंड करना है। तो यहां पे मल्टीपल स्टेप्स में ये काम हो रहा है। तो सबसे पहला यहां पे इसने गोल समझा। अब इस गोल को इसने अलग-अलग स्टेप में क्या कर दिया? तोड़ दिया और फिर जाके उस गोल को कंप्लीट किया। तो अगर हम लोग बोल रहे हैं कि लेट्स सपोज मैं एक एग्जांपल लूं। कल आफ्टरनून में मेरा एक डेंटिस्ट से अपॉइंटमेंट बुक कर दो। मैं यह एजेंट को बोल रही हूं। तो एजेंट ने मेरी रिक्वेस्ट को समझेगा। अब जाके चेक करेगा कि डेंटिस्ट अवेलेबल है कि नहीं। अगर अवेलेबल है तो उसका सूटेबल स्लॉट कौन सा है। फिर जाके 59:09 अपॉइंटमेंट बुक करेगा और फिर जाके कंफर्मेशन को क्या करेगा? सेंड करेगा। तो टास्क तो एक था लेकिन अलग-अलग पार्ट्स में जब ये ब्रेक हो जाता है अलग-अलग स्टेप्स में तो इसको हम लोग बोलते हैं टास्क बेस्ड या वर्क फ्लो बेस्ड एजेंट्स। थर्ड एजेंट हम लोग समझते हैं यहां पे जिनको कहा जाता है प्लानिंग एजेंट्स। तो ये क्या करते हैं? बड़े गोल्स को स्मॉलर टास्क में ब्रेक करने करके आपके लिए एक प्लान बना देते हैं। जैसे फॉर एग्जांपल कंपनी बोल रही है नेक्स्ट मंथ के लिए सेल स्ट्रेटजी प्रिपेयर कर दो। ठीक है? और आपके पास एक प्लानिंग एजेंट है। तो एक प्लानिंग एजेंट क्या करेगा? सेल स्ट्रेटजी बनाएगा। एक क्या करेगा? मार्केट रिसर्च करेगा। एक कंपटीिट एनालिसिस करेगा। एक कस्टमर एनालिसिस करेगा। सेल्स टारगेट क्या है? स्ट्रेटजी क्या है? और तब जाके फिर एक फाइनल रिपोर्ट बन के आएगी। यानी एजेंट को हर स्टेप मैनुअली बताने की जरूरत नहीं है। वो बड़े गोल को स्मॉल टास्क में ब्रेक करेगा और फिर जाके उसको कंप्लीट कर देगा। तो इस तरीके से प्लानिंग एजेंट्स काम करते हैं। अब यहां पे समझते हैं ऑटोनॉमस एजेंट्स क्या है? अब ऑटोनॉमी का कांसेप्ट 1:00:09 आता है। ऑटोनॉमस एजेंट को एक गोल दिया जाता है और वो गोल अचीव करने के लिए मल्टीपल डिसीजंस खुद ले सकता है। जैसे फॉर एग्जांपल सर्च पोटेंशियल कंपनीज़ राइट? यहां पे हम लोग बोल रहे हैं एग्जांपल के तौर पे फाइंड पोटेंशियल कंपनीज़ फॉर अ ट्रेनिंग बिज़नेस। कोई एक ट्रेनिंग बिज़नेस चलता है। उसको क्या करना है? पोटेंशियल कंपनीज़ को सर्च करना है। ठीक है? तो अब क्या करेगा? सर्च पोटेंशियल कंपनीज़ के लिए इंफॉर्मेशनेशन कंपनी की कलेक्ट करेगा। आइडेंटिफाई करेगा रिलेवेंट डिसीजन मेकर कौन है उस कंपनी का? फिर एनालाइज़ करेगा कि ये सूटेबल है कि नहीं। फिर उसके बाद क्रिएट करेगा एक लीड लिस्ट को। फिर आउटरीच करेगा यहां पे ईमेल्स के थ्रू। फिर उसके बाद क्या करेगा? अप्रूवल के लिए आपसे पूछेगा। फिर ईमेल सेंड करेगा, ट्रैक करेगा रिस्पांस और फॉलो अप करेगा। तो यहां एजेंट को हर एक स्टेप मैनुअली बताने की जरूरत नहीं है। वो क्या कर रहा है? खुद से सारी चीजों को अंडरस्टैंड कर रहा है और उसके बेसिस में रिजल्ट्स को अचीव कर रहा है। दैट इज़ बेसिकली द ऑटोनॉमस एजेंट्स। अब बात करते हैं लर्निंग और एडप्टिव एजेंट्स की। तो ये एक और एडवांस कैटेगरी है। ये 1:01:09 एजेंट्स फीडबैक या पोस्ट आउटकम्स के बेसिस पे अपना बिहेवियर इंप्रूव करने की कोशिश करते हैं। जैसे मान लो आपने इनिशियल अटेम्प्ट हम बोल रहे हैं कि भ 100 ईमेल भेज रहा है। पांच रिस्पों्ससेस हैं तो सेल्स एजेंट ईमेल ईमेल्स जो है वो जनरेट करता है। अब मान लो कि इसके पांच जो है ईमेल नहीं गए तो वो क्या करेगा? अगली बार उसको कैसे इंप्रोवाइज करना है? वो अपने आप धीरे-धीरे लर्न करेगा, अडॉप्ट करेगा। तो बेसिकली मेन इंपॉर्टेंट यहां पे यही है अपप्शन की यहां पे बात आती है कि भ वो अलग-अलग धीरे-धीरे करके अपनी चीजों को इंप्रोवाइज करना शुरू करेगा। फीडबैक जो आएंगे उसको एनालाइज करेगा। अगला मेरे को कैसे इंप्रोवाइज करना है अपना सब्जेक्ट लाइन जैसे मान लो एक सेल्स एजेंट है तो सब्जेक्ट लाइन क्या होनी चाहिए? ईमेल भेजेगा तो तो धीरे-धीरे जैसे-जैसे वो लर्न करता है उसके हिसाब से उसको रिजल्ट्स जो होते हैं वो क्या मिलते हैं? ज्यादा बेटर जो है रिजल्ट्स मिलने शुरू होते हैं। तो ये एक लर्निंग का प्रोसेस होता है। धीरे-धीरे वो अंडरस्टैंड करता है। ऐसे एजेंट्स को लर्निंग एडप्टिव एजेंट्स बोलते हैं। सो आई एम होपिंग दैट कि जितने भी एजेंट्स हम लोगों ने टाइप्स ऑफ एजेंट्स डिस्कस किए वो डेफिनेटली आपको अंडरस्टैंड हुए होंगे। आपको समझ में आए होंगे। यहां 1:02:10 तक अगर जितनी बातें समझ में आई है तो मुझे कमेंट्स में जाके यस हम समझ पा रहे हैं। ये जरूर लिख देना। तो मुझे भी समझ में आएगा कि हां आप लोगों को जितनी चीजें मैं पढ़ा रही हूं वो दिमाग के ऊपर से नहीं जा रही है। उस सही में आप अंडरस्टैंड कर पा रहे हो। राइट? तो यहां तक जितनी बातें थी आई एम होपिंग दैट ये सब कुछ आप लोगों को ईजीली अच्छे से समझ में आया होगा। अब नेक्स्ट स्टेप हमारा होने वाला है कि चलो अब चलते हैं डायरेक्टली प्रैक्टिकली एजेंट्स को बिल्ड करना डेवलप करना शुरू करते हैं। सो लेट्स जस्ट मूव इन टू दैट। ऑलराइट गाइस। सो फाइनली हमने सारे के सारे थ्योरिटिकल कांसेप्ट्स को लर्न कर लिया है। अब बारी है प्रैक्टिकल इंप्लीमेंटेशन की जहां पे हम लोग फाइव एआई एजेंट्स को बना के देखने वाले हैं प्रैक्टिकल करके और ये सारी चीजों के लिए हम अलग-अलग टूल्स का यूज़ करने वाले हैं। 11 लैब्स, एनए 10, ज़पियर, लैंगफ्लो, लैंग ग्राफ। इन सारे टूल्स को हम लोग आज यूज़ करने वाले हैं। तो सबसे पहले हम लोग आज जो बनाने वाले हैं वो है वॉइस एजेंट। सो लेट्स सपोज़ कि हमारे पास कोई एक बैंक है। मैं एक एग्जांपल के लिए यहां पे कंसीडर कर रही हूं। लेट्स से हमारे पास यहां पे SBI बैंक है। राइट? अब इस SBI बैंक के अंदर में कितनी सारी 1:03:11 पॉलिसीज़ हैं? कितने सारे लोनस के टर्म्स एंड कंडीशंस हैं। तो हम चाहते हैं कि हम एक ऐसा एआई वॉइस एजेंट यहां पे क्रिएट कर दें जो लोगों की क्वेरीज को सॉल्व करें। जो भी अगर पूछना चाहता है एआई एजेंट से तो वो डायरेक्टली अपने कन्वर्सेशन के थ्रू वॉइस के थ्रू सारे के सारे क्वेश्चंस पूछेगा। और यहां पे हमारा एआई एजेंट चाहे कोई पॉलिसी हो, चाहे कोई लोन के बारे में डिटेल्स जाननी हो तो कंप्लीट एक लोन एडवाइजर एजेंट की तरह यहां पे काम करेगा। तो इस एजेंट को बनाने के लिए हम लोग यहां पे देख सकते हैं कि यहां पे अगर हम इस वेबसाइट को अगर एक बार ओवरव्यू करके देखें तो यहां पे कितनी सारी पॉलिसीज हैं। लोंस के बारे में डिटेल्स हैं। तो हम यहां पे एआई लोन एडवाइजर वॉइस एजेंट को क्रिएट करने वाले हैं। इसके लिए हम लोग सबसे पहले यूज़ करेंगे 11 लैब्स का। सो चलिए इसको बनाना हम लोग यहां पे शुरू करते हैं। ऑलराइट। तो अब इसे बनाने के लिए सबसे पहले हम लोग 11 लैब्स के अंदर चलते हैं। लॉग इन का हमारे पास ऑप्शन यहां पे आ जाएगा। लॉग इन हम लोग यहां पे कंप्लीट कर लेते हैं। सो लेट मी जस्ट क्लिक ऑन लॉग इन हियर। लॉग इन करने के बाद यहां पे लेट मी जस्ट क्लिक ऑन लॉग इन। लॉग इन करने के बाद हमारे पास यहां पे लॉग इन करने के ऑप्शंस दिए होंगे। 1:04:12 जैसे साइन अप साइन अप विद Google। तो यहां पे हम लोग साइन इन विद Google कर सकते हैं। तो सिंपली हम यहां पे साइन इन का प्रोसेस कंप्लीट करते हैं। जैसे ही हमारा साइन इन हो जाएगा, कुछ इस तरीके से हमारे पास इंटरफ़ेस देखने मिलेगा। जहां पे हम लोग Google लैब सेलेक्ट करते हैं। आपका नाम पूछा जाएगा और ये सारी डिटेल्स आप यहां पे जाके सिंपली फिल फिल आउट कर सकते हैं। तो आप यहां पे डाल सकते हैं कि आपको कैसे पता चला 11 लैब्स के बारे में। तो हमने यहां पे डाल देते हैं YouTube और इस तरीके से कुछ क्वेश्चंस पूछे जाएंगे। तो आप इन क्वेश्चंस का फटाफट आंसर कर सकते हैं। लाइक व्हाटएवर यू वुड लाइक टू चूज़ हियर। और हम लोग यहां पे प्री प्लान यूज़ कर रहे हैं। तो इसको हम लोग स्किप कर देंगे। और फ्री के अंदर हम लोग यहां पे अपना वॉइस एजेंट को बना के देखने वाले हैं। तो 11 लैब्स के अंदर हम लोग फाइनली अब यहां पे आ चुके हैं। अब ये कुछ इस तरीके से इंटरफ़ेस देखने मिलेगा। तो हम लोग यहां पे जाएंगे। यहां पे देखो नीचे में मैं जाके क्लिक कर रही हूं। अभी 11 क्रिएटिव सेलेक्ट है। इसको मैं स्विच करूंगी 11 एजेंट्स की ओर। नीचे देखो पिंक कलर से मार्क करके मैं दिखा रही हूं। स्विच कर लेंगे क्योंकि हमको तो एजेंट बनाना है। इसलिए हम लोग यहां पे 11 एजेंट्स को जाके सेलेक्ट कर रहे हैं। जैसे ही 11 एजेंट्स हमारा यहां 1:05:12 पे ओपन हो जाएगा। कुछ ऐसा इंटरफ़ेस देखने मिलेगा। तो, हम लोग यहां पे जो एजेंट बनाना चाहते हैं, वो स्क्रैच से बनाना चाहते हैं। टेंप्लेट्स व्लेट्स भी दिए, लेकिन, हमको तो स्क्रैच से ही बनाना है। ठीक है? तो, यहां पे देखो, ऑप्शन दिया हुआ है। मैं पिंक कलर से मार्क कर रही हूं। क्रिएट एजेंट का ऑप्शन यहां पे दिया है। तो, हम लोग क्या कर रहे हैं? सिंपली मैं क्या करूंगी? यहां पे क्रिएट एजेंट पे जाके मैं क्लिक करूंगी। तो, यहां पे जाती हूं। मैं सिंपली यहां पे जाती हूं। क्रिएट एजेंट पे मैं यहां पे क्लिक करती हूं। उसके बाद कुछ ऐसा इंटरफ़ेस देखने मिलेगा। पूछेगा कि आप पर्सनल बना रहे हो या बिज़नेस? जिसको हम बिज़नेस एजेंट बना रहे हैं। किसके लिए बना रहे हो आप? तो बैंकिंग और फाइनेंस के लिए बना रहे हैं। और आपके एजेंट का काम क्या होगा? आपके एजेंट का काम होगा लेट्स से अ लाइक आउटबन सेल्स के थ्रू और यहां पे बाकी चीजें दी। आप इसको सेलेक्ट कर सकते हो। हमारा एजेंट लोनस की मदद करेगा। तो हम यहां पे लोन एप्लीकेशन सेलेक्ट कर लेते हैं। और यहां पे हम लोग जाके सिंपली कंटिन्यू पे जाके क्लिक कर लेते हैं। सो लेट मी जस्ट क्लिक ऑन कंटिन्यू। एजेंट का नाम क्या रखेंगे? तो लेट्स से मैं एजेंट का नाम रख देती हूं। SBI लोन एडवाइर। मैं एक एग्जांपल की तरह यहां पर इस एजेंट का नाम रख देती हूं। अब 1:06:12 SBI की ये जो प्रॉपर वेबसाइट है इसको हम लोग यहां पर डाल देते हैं ताकि एजेंट जो है सारी चीजें इसी एसबीआई की वेबसाइट के रिलेटेड बताएं। लोंस के अंदर हमारा जो अलग-अलग लोंस अवेलेबल है वो सब की सारी डिटेल्स बताएं। तो ये जो इसका यूआरएल है इसको मैं कॉपी करके यहां पे जाके पेस्ट कर देती हूं। आपके एजेंट का मेन गोल क्या है? तो हमारे एजेंट का मेन गोल है एक्ट एस द लोन एडवाइजर एजेंट। ठीक है? लोन एडवाइजर की तरह यहां पे यह काम करेगा और प्रॉपर डिटेल्स को क्या करेगा? प्रोवाइड करेगा ताकि करेक्ट इनेशन यूजर को मिल पाए। तो प्रोवाइड करेक्ट इनेशन टू द यूजर। यह हम लोग यहां पे लिख लेते हैं और इसके बाद नीचे जाके क्रिएट एजेंट का ऑप्शन है। यहां पे क्लिक कर लेते हैं और एजेंट को क्रिएट करना शुरू करते हैं। थोड़ा सा इंतजार हम लोगों को करना पड़ेगा। क्रिएट एजेंट यहां पे अभी हमारा होना शुरू हो चुका है। वर्क फ्ल्लोस बन रहे हैं, टेस्ट जनरेट हो रहे हैं। तो यहां पे जाने के बाद हमारा एजेंट जो है वो क्रिएट होना फाइनली स्टार्ट हो चुका है। फाइनलाइजिंग एजेंट भी हम लोगों को यहां पे दिखा रहा है। जैसे ही यहां पे हमारा एजेंट फाइनलाइज़ हो जाएगा, कंप्लीट हो जाएगा हमारा एजेंट। इसके बाद हम लोग क्या करेंगे? अपना जो भी इसका नेक्स्ट स्टेप है उसको परफॉर्म करना एग्जीक्यूट 1:07:14 करना शुरू करेंगे। सो, लेट्स वेट फॉर अ वाइल हियर गाइस फॉर अ फ्यू सेकंड्स। तो आई एम होपिंग दैट जितने भी एजेंट आप पढ़ोगे बनाओगे यहां पर उससे डेफिनेटली कॉन्फिडेंस भी बढ़ेगा और पोर्टफोलियो भी। तो चलो फाइनली एजेंट हमारा बन के आ चुका है। इस तरीके से देखने मिल रहा है। अब यहां पे आप ना कॉन्फ़िगर एजेंट देखो यहां पे स्टार्ट अ कन्वर्सेशन और बाकी चीजें लिखी है। तो हम लोग यहां पे जाएंगे कॉन्फ़िगर एजेंट के अंदर ताकि हम लोग और अच्छा इसको इंप्रोवाइज़ कर पाएं। तो देखो यहां पे जो भी आपका एजेंट है उसका सिस्टम प्र्ट अपने आप यहां पे लिख के आ चुका है कि आपका एजेंट का काम क्या है? एज अ लोन एडवाइजर एजेंट है यह एसबीआई का। आपको पेशेंट पेशेंटफुली कस्टमर्स की जो लोन की रिलेटेड इंक्वायरी आ रही है उसको आपको रॉल्व करना है एज अ वॉइस एजेंट। आप एक लोन एडवाइजर एजेंट हो। आपका गोल क्या-क्या है? ये सब कुछ यहां पे अपने आप अच्छा सा यहां पे सिस्टम प्र्ट लिख के आ चुका है। अब क्या करेंगे? वॉइस देखेंगे। तो यहां पे आप जाने के बाद एरिक पे जाएंगे और अलग-अलग वॉइससेस के ऑप्शन आपको यहां पे देखने मिलेंगे। यहां पे देखो मैं जो पिंक कलर से दिखा रही हूं उसको मैं सेलेक्ट करूंगी। अलग-अलग वॉइससेस हैं यहां पे। तो आपको जो वॉइस 1:08:14 अच्छी लगती है आप वो वॉइस को यहां पे यूज कर सकते हो। राइट? जो भी आपको सही लगता है। तो लेट्स से हम लोगों को यहां पे अगर सही जो वॉइस लग रही है उसको आप चूज़ कर लेना। तो हम लोग अलग-अलग वॉइससेस यहां पे अवेलेबल है। हम लोग अलग-अलग वॉइससेस को यहां पे सुन के देख भी सकते हैं और जो वॉइस अच्छी लगेगी उसको यहां पे यूज़ कर लेंगे कि आपके एजेंट के हिसाब से वो वॉइस बेटर तरीके से यहां पे लाइक हो पाए। तो यहां पे ना अलग-अलग वॉइसेस सुन सकते हैं हम लोग। राइट? तो आपको जो सही लगती है आप वो यूज कर सकते हो। सो लेट मी जस्टवर्ड योर लाइट शाइन। ऐसे वसेस हैं और मैं एक दो वॉइसेस सुनाती हूं आपको। 1:09:01 समय सबके पास है लेकिन उसे जीने का अंदाज हर किसी के पास नहीं होता। टाइटन रागा वो घड़ी है। तो इस तरीके की आवाजें हम यूज कर सकते हैं। मुझे यह आवाज ठीक लग रही है। तो हम इसको यूज़ कर लेते हैं जिसका नाम है मोनिका सोगम प्रीमियम हिंदी क्योंकि हमारे बैंक में हिंदी कस्टमर्स भी आ सकते हैं। तो हम लोगों ने यहां पे ये वॉइस को सेलेक्ट कर लिया। यहां पे टैग्स आप डाल सकते हैं। इंपैथेटिक होना चाहिए। वॉइस आपकी वार्म कॉन्फिडेंट होना चाहिए। डिफॉल्ट लैंग्वेज के अंदर इंग्लिश के साथ-साथ हम लोग यहां पे हिंदी भी ऐड कर लेते हैं। क्योंकि इंडिया के लिए हम बना रहे हैं तो हिंदी स्पीकिंग लोग यहां पे हैं। इसके साथ-साथ एक और एडिशनल लैंग्वेज हम लोग इंग्लिश ऐड कर लेते हैं ताकि हमारा लोन एडवाइजर एजेंट इंग्लिश हिंदी में कन्वीनिएंट रहे। आप चाहें तो और भी लैंग्वेजज़ को यहां पे यूज़ कर सकते हैं। मराठी, गुजराती एज़ पर योर चॉइस। राइट? तो हम लोगों ने वॉइस भी सेलेक्ट कर लिया और ये भी हमने यहां सेलेक्ट कर लिया। इंग्लिश मोड भी हमने ऑन कर लिया क्योंकि इंडिया में लोग इंग्लिश में भी बात करते हैं। अब एलएलएम के अंदर आते हैं। तो एलएलएम के यहां पे आपको काफी सारे मॉडल्स जो हैं देखने के लिए मिलेंगे। 2.5 फ्लैश हमारे पास यहां पे जो मॉडल है क्वन 3.5 का मॉडल हमारे पास यहां 1:10:02 सिलेक्टेड है एज एन एलएलएम जो कि इस एजेंट के ब्रेन की तरह यहां पे काम करेगा। तो हमारे पास एलएलएम भी आ चुका, लैंग्वेज भी आ चुकी है और साथ में वॉइसेस भी आ चुकी हैं। राइट? तो आप अलग-अलग मॉडल्स को देख सकते हैं। डीप सीक के मॉडल हैं, जेमिनाई के हैं। तो एज़ पर द कन्वीनियंस आप चूज़ कर सकते हैं। हमने यहां पे बाय डिफ़ॉल्ट अभी क्वेन वाला मॉडल जो है इसको यहां पे लिया हुआ है। अब अगला काम क्या करना है हम लोगों को? तो अगला काम अभी हमारा ये है कि भाई अब SBI से रिलेटेड सारी इनेशन वो हमको बताएगा। जैसे मैं लोन के बारे में पूछ रही हूं। तो उसको एक नॉलेज देना पड़ेगा। राइट? अब नॉलेज देने के लिए हम लोग क्या करेंगे? नॉलेज बेस का यूज़ करेंगे। तो यहां पे जैसे ही मैं जाती हूं नॉलेज बेस का मेरे को ऑप्शन यहां पे देखने के लिए मिलने वाला है। सो लेट मी जस्ट शो यू गाइस हियर। लेट मी जस्ट डू दैट फॉर यू। ओके? तो नॉलेज बेस के अंदर हम लोग जाते हैं। यहां पे देखो मैं दिखा रही हूं। टूल्स का भी अलग-अलग ऑप्शन आपके पास है। आप चाहे तो टूल्स को भी यहां पे यूज़ कर सकते हैं। अब देखो यहां पे जैसे अ मैं कई बार ऐसा होता है ना हम लोग इन ह्यूमन बात करते हैं तो अगर मैं बीच में कुछ बोल देती हूं तो सामने वाला चुप हो जाता है। तो वैसे एजेंट का भी अगर 1:11:04 मैं यहां पे स्किप टर्न कर दूं लैंग्वेज डिटेक्शन ऑन कर दूं। एंड कन्वर्सेशन अपने आप हो जाए। स्किप टर्न को अगर मैं यहां पे जाके इनेबल कर देती हूं। इसका मतलब अगर मैं कुछ बोल रही हूं तो एजेंट चुप हो जाएगा और मेरी बात सुनेगा। तो ये सारी फैसिलिटीज यहां पर अवेलेबल है। मैं स्किप टर्न जो है इसको ऑन कर देती हूं ताकि जब मैं कुछ बोलूं तो एजेंट मेरी बात सुने ना कि खुद ही बोलते रहे। तो ये सारे टूल्स हम लोगों ने यहां पे जाके एक्टिव कर दिए हैं। तो ऐड टूल का भी काम हमने कर लिया। अब इसके बाद जो मैं बोल रही थी कि नॉलेज बेस ऐड कर सकते हो वो भी आप कर सकते हो। तो मैं नॉलेज बेस वाला भी आपको यहां पे दिखा देती हूं। सो लेट मी डू वन थिंग। मैं जाती हूं यहां पे। अह देखो यहां पे सारा वार्मली आपको बोलेगा कि हेलो आई एम अ फ्रॉम द स्टेट बैंक ऑफ़ इंडिया। राइट? तो इसमें अगर कुछ चेंजज़ करना है तो वो भी कर सकते हो। जैसे मैं चाहती हूं कि मेरे एजेंट का नाम मैं कुछ रख दूं। लेट्स से मैं यहां पे इसका नाम रख देती हूं आई एम प्रिया। ठीक है? मैं यहां पे डाल देती हूं आई एम प्रिया। तो यहां पे ये मेरे को बोलेगा आई एम प्रिया फ्रॉम स्टेट बैंक ऑफ इंडिया। ठीक है? अब इतनी बातें समझ आ गई। चलो अब फाइनली नॉलेज बेस में चलते हैं। नॉलेज बेस के अंदर हम लोग जाते हैं। यहां 1:12:05 पे इसको ओपन करते हैं। तो आप यहां पे नॉलेज बेस में देखो जो दिया हुआ है आपके पास में कोई डॉक्यूमेंट को ऐड कर सकते हो। आप कुछ भी यहां पे डाल सकते हो नॉलेज बेस के अंदर। तो ऐड डॉक्यूमेंट हम लोगों को यहां पे देखने मिल रहा है। मैं सिंपली ऐड डॉक्यूमेंट के अंदर जा रही हूं और यहां पे मैं ऐड यूआरएल कर देती हूं। और ये जो एसबीआई का हमारा वेबसाइट है इसका मैं यूआरएल कॉपी करके यहां पे पेस्ट कर देती हूं ताकि भाई जो एजेंट बताएगा वो इसी वेबसाइट के अंदर जितनी इनेशन है वही उसी के बारे में बताएगा ना कि अपने मन से कुछ और बताएगा। तो ये हम लोगों ने इसको एक नॉलेज बेस दे दिया। इसका यूआरएल हमारा यहां पे ऐड हो रहा है और यह ऐड हुई हो जाएगा कुछ ही देर में। तो इस तरीके से हमारा जो वॉइस एजेंट है वो ऑलमोस्ट बन के आ चुका है। अब बारी है इसको टेस्ट करने की। तो चलिए इसको टेस्टिंग करना हम लोग यहां पर शुरू करते हैं। तो चलो फाइनली इस एजेंट को जाके हम लोग यहां पे चेक करते हैं। तो सिंपली मैंने कन्वर्सेशन पे हेलो दे। आई एम प्रिया फ्रॉम स्टेट बैंक। हाउ कैन आई असिस्ट यू विथ योर लोन इंक्वायरीज टुडे। हाय, आई एम स्वाति। आई वुड लाइक टू नो अबाउट द कार लोंस। 1:13:05 इट्स नाइस टू मीट यू स्वाति। आई विल बी हैप्पी टू शेयर डिटेल्स अबाउट आवर कार लोंस। एसबीआई ऑफर्स कंपेटिटिव इंटरेस्ट रेट्स स्टार्टिंग फ्रॉम अराउंड 10% पर एनम, एंड [गला साफ़ करने की आवाज़] यू कैन अप्लाई ईजीली थ्रू आवर योनो एप और विजिट एनी ब्रांच। वुड यू लाइक टू नो अबाउट दी एलिजिबिलिटी क्राइटेरिया ओर द डॉक्यूमेंट्स रिक्वायर्ड टू अप्लाई। मैं एलिजिबिलिटी क्राइटेरिया के बारे में जानना चाहती हूं रिगार्डिंग द लोन। नमस्ते स्वाति। SBI कार लोन के लिए मुख्य एलिजिबिलिटी क्राइटेरिया यह है कि आपकी उम्र कम से कम 21 साल और अधिकतम 65 साल होनी चाहिए। आपके पास एक स्थिर आय का स्त्रोत होना जरूरी है। चाहे आप सैलरीड क्लास हो या सेल्फ एंप्लॉयड और आपका क्रेडिट स्कोर भी अच्छा होना चाहिए। ऑलराइट। तो इस तरीके से हमने देखा कि परफेक्टली इंग्लिश हिंदी में हमारा ये वॉइस एजेंट काम कर रहा है। सो आई एम होपिंग दैट ये आपको क्लियरली समझ में आया होगा। ऑलराइट। तो अभी तो हम लोग प्रैक्टिकली पांच प्रोजेक्ट्स बिल्ड कर 1:14:06 रहे हैं इस कोर्स के थ्रू। अगेन अगर किसी को लगता है कि और एडवांस तरीके से प्रैक्टिकल प्रोजेक्ट्स पे उनको और ज्यादा बेस्ट काम करना है, प्रोडक्शन लेवल एजेंट्स बनाने हैं तो उसके लिए फाइनली अ बिल्ड एआई एजेंट कोड नो कोड ये कोर्स मैंने बना दिया है। जहां पे पूरी मेहनत के साथ में 80 आवर्स का कंटेंट डिलीवर हो रहा है। छ महीने का ये कोहॉट है। सर्टिफिकेशन मिल रहा है। ये सारे के सारे जो इंपॉर्टेंट हमारे कांसेप्ट्स हैं बहुत महंगे मार्केट में लाखों रुपए के कोर्सेस अवेलेबल है। लेकिन ये सारी चीजों को एकदम अफोर्डेबल रेंज में आपके लिए इतने सारे जो इंपॉर्टेंट टेक्निकल कांसेप्ट्स है पाइthन एडवांस पाइथन पास्ट एपीआई एलएलएम लंग चेन लैं फ्लो लंग ग्राफ ऑटोमेशन नो कोड टूल्स ये सब आपके लिए मैंने अवेलेबल कर दिया है। सारे लेक्चर्स एक साथ अनलॉक हो जाएंगे। कंप्लीट डिस्काउंट कूपन कोड जो बेस्ट हो सकता है वो मैंने यहां पे प्रोवाइड कर दिया आप लोगों के लिए ताकि आपके पास सारे रास्ते खुले रहें एडवांस लेवल की चीजों को सीखने का। 6 महीने का कोहड कोर्स होने वाला है। लाइव मंथली मैराथॉन क्लास होने वाली है। सर्टिफिकेट भी होने वाला है और साथ में होने वाली है बहुत सारी मेहनत आपके भी तरफ से और मेरे भी तरफ से ताकि हम लोग इस स्किल को कंप्लीट तरीके से मास्टर 1:15:08 कर पाए। तो एनरोलमेंट के लिंक्स ओपन है। सारी चीजें नीचे डिस्क्रिप्शन बॉक्स पिन कमेंट में मिल जाएगी। जल्दी से जल्दी एनरोल कर सकते हैं। चलिए आगे बढ़ते हैं। ऑलराइट। तो अब आगे बढ़ते हैं और हम बनाना है यहां पे शुरू करते हैं अपना सेकंड एजेंट जो कि होने वाला है इनवॉइस मेल ऑटोमेशन एजेंट। राइट? तो हम लोग यहां पर देख सकते हैं कि लेट्स से हम किसी कंपनी के लिए वर्क कर रहे हैं और यहां पर बहुत सारे कस्टमर का नेम यहां पर हमें दिया हुआ है। कस्टमर का ईमेल एड्रेस दिया है। उनका इनवॉइस नंबर दिया है। क्या प्रोडक्ट उन्होंने लिया है। कितने अमाउंट में लिया है और उसका जो ड्यू डेट है वो यहां पे मेंशन है और उसका पेड स्टेटस यहां पे दिखा रहा है और पेमेंट का लिंक है। तो हमारा काम यहां पर यह है हमारे इस एआई एजेंट का कि इसको यह फिगर आउट करना है कि कौन से ऐसे कस्टमर्स हैं जिनकी ड्यू डेट निकल चुकी है और उन्होंने अभी तक अपना अमाउंट पे नहीं किया है। तो जो कस्टमर्स ऐसे हैं जिन्होंने अमाउंट पे नहीं किया है अनपेड है उनको जो पेमेंट लिंक है उसका यूआरएल जो है उनको डायरेक्टली क्या करना है मेल करना है यानी कि ये जो पेमेंट लिंक है जो कि इनवॉइस कहा जाता है वो ऑटोमेटिकली क्या हो जाए कस्टमर के पास में हमारा जो ईमेल है 1:16:10 वो सेंड हो जाए कि भ आपने पेमेंट अभी तक कंटिन्यू अपना कंप्लीट नहीं किया है आप अपना पेमेंट कंप्लीट कर सकते हैं इस तरीके से ऑटोमेटिक हमारे रिमाइंडर ईमेल्स चले जाए ये एक एजेंट का काम रहेगा तो एजेंट के काम यहां पे क्या-क्या है एजेंट का काम सबसे पहले ये है कि ये फिगर आउट करना कि ऐसे कौन-कौन से कस्टमर्स हैं जिन्होंने पे नहीं किया है। फिर ऐसे कस्टमर्स को क्या करना है? उनको ऑटोमेशन में ईमेल भेजना है। ईमेल में क्या भेजना है? इनवॉइस भेजना है। यहां पे यह जो हम लोग पेमेंट लिंक इनवॉइस देख रहे हैं, यह भेजना है। और जब वह इनवॉइस भेज देगा, तो वापस उस एजेंट को इस शीट के अंदर आना है। और यहां पे जो खाली कॉलम्स दिख रहे हैं, ये बताना है कि मैंने रिमाइंडर सेंड कर दिया है इस कॉलम को आके फिल करना है। तो ये काम हमें करवाना है एआई एजेंट से। और यही एआई एजेंट अब हम लोग बनाना शुरू कर रहे हैं। जिसके लिए हम लोग यूज़ करेंगे ज़पियर का। तो चलिए इसको बनाना हम लोग यहां पे प्रैक्टिकली शुरू करते हैं। ऑलराइट। तो सिंपली हम जाके ज़पीआर एजेंट सर्च करते हैं। यहां पे हमारे पास वेबसाइट मिल जाएगी। इसको जाके मैं सिंपली यहां पे ओपन कर लेती हूं। और यहां पे ज़पियर एजेंट की मदद से हम इसे बिल्ड करेंगे और फ्री प्लानिंग यूज़ करेंगे। 1:17:10 जितने भी मैं एजेंट्स बनाना आपको सिखा रही हूं सब हम लोग फ्री टूल के अंदर ही बना रहे हैं। तो यहां पे गेट स्टार्टेड फॉर फ्री का हमारे पास ऑप्शन आ जाएगा। इस पे हम सिंपली क्लिक कर लेते हैं जाके। और यहां पे हम लोग जाके देख सकते हैं कि कंटिन्यू विद Google का ऑप्शन है। तो मैं इसको यहां पे जाके क्लिक कर लेती हूं। इसको मैं यहां सेलेक्ट कर लेती हूं। और साइन इन करने के बाद यहां पे हम एजेंट बनाना शुरू करते हैं। सो लेट्स जस्ट डू दैट। ऑलराइट। तो साइन इन हमने कर लिया। यहां पे हमारे पास कंटिन्यू का ऑप्शन देखने मिलेगा। तो सिंपली हम कंटिन्यू पे क्लिक करेंगे। क्रिएट योर फर्स्ट एजेंट का हमारे पास यहां पे ऑप्शन आ जाएगा। तो सिंपली हम यहां पे जाके क्रिएट योर फर्स्ट एजेंट पे क्लिक करते हैं। सो लेट मी जस्ट क्लिक हियर। अब यहां पे जैसे ही हम क्लिक करेंगे तो हमारे पास कंटिन्यू का ऑप्शन आ जाएगा। कंटिन्यू पे जाके हम क्लिक करते हैं। इसके बाद कुछ इस तरीके से इंटरफ़ेस देखने मिलेगा। हम यहां देख सकते हैं कि काफी सारे टेंपल्लेट्स पहले से दिए हुए हैं। जैसे सेल्स के टेंपलेट हैं, फॉलो अप कॉल, लीड जनरेशन के लिए यहां पे टेंपलेट्स हैं। अगर मैं इसको थोड़ा स्क्रॉल डाउन करके आपको दिखाऊं तो और भी काफी सारे यहां पे हमारे पास टेंप्लेट्स जो है वो अवेलेबल है। लेकिन अभी हम जो एजेंट बनाना चाहते हैं वो एक पर्टिकुलर कंपनी के लिए बनाना 1:18:06 चाहते हैं। कस्टमाइज एजेंट हम लोग बनाना चाहते हैं। इसलिए हम लोग यहां पे सेलेक्ट कर रहे हैं क्रिएट अ कस्टम एजेंट जिसको हम स्क्रैच से बनाना शुरू करेंगे। अब सबसे पहले देखो यहां पे क्या लिखा है? क्रिएट अ कस्टम एजेंट पे। व्हाट वुड यू लाइक दिस एजेंट टू डू? आप इस एआई एजेंट से क्या करवाना चाहते हैं? सिंपली हम लोगों को यहां पर यह पूछा जा रहा है। तो हमारा एआई एजेंट से हमें काम क्या करवाना है? जो अभी मैंने आपको बताया वही काम कराना है। इसलिए इसका मैंने एक प्र्प्ट जो है वो यहां पे लिख लिया है। ये प्र्प्ट आपको नीचे डिस्क्रिप्शन बॉक्स में कंप्लीटली फ्री मिल जाएगा जिसको आप डाउनलोड कर सकते हो। तो यहां पे हम कह रहे हैं यू आर एन अकाउंट्स रिसीवेबल एजेंट। अल्फा कंपनी के लिए आप काम कर रहा है ये एआई एजेंट। इसका काम है कि हर आफ्टरनून 2:00 बजे चेक करना Google स्प्रेडशीट में कि कौन-कौन से ऐसे इनवॉइस नंबर है जिनका ड्यू डेट निकल चुका है और उन्होंने अभी तक अमाउंट पे नहीं किया है। ऐसे कस्टमर्स को फाइंड आउट करना है। फाइंड आउट करने के बाद उनको एक पोलाइट ईमेल सेंड करना है। ईमेल के अंदर कस्टमर का नाम, उसका इनवॉइस नंबर, उसका अमाउंट, ड्यू डेट और साथ में पेमेंट लिंक मेंशन होना चाहिए। और ईमेल कौन से मेल आईडी से जाएगा? तो यहां पे हमने मेल आईडी भी यहां पे मेंशन कर दी है। राइट? अब अल्टीमेटली 1:19:08 यह जो चीज यहां पर लिखी हुई है, इसको मैं सिंपली यहां पर जाने के बाद कॉपी कर लूंगी। सो, लेट मी कॉपी ऑल दिस थिंग्स फ्रॉम हियर। और इसको कॉपी करने के बाद हम लोग वापस यहां पे चलेंगे ज़पियर के अंदर। तो यहां पे कॉपी हमारा कंप्लीट हो चुका है। ज़पियर के अंदर जाने के बाद इसको मैं सिंपली यहां पे पेस्ट कर देती हूं। पेस्ट करने के बाद यहां पे स्प्रेडशीट ओपन करके मैं दिखाती हूं जो अभी मैंने आपको दिखाई थी कि ये स्प्रेडशीट के अंदर देखो क्या-क्या मेंशन है। कस्टमर का नाम, उसका ईमेल नंबर, इनवॉइस, प्रोडक्ट, पेमेंट डिटेल्स। जैसे ही कस्टमर को ईमेल सेंड हो जाएगा तो यहां पर यह जो रिमाइंडर सेंड का कॉलम अभी हमें खाली दिख रहा है इसके अंदर एजेंट को क्या करना है? आके बताना है कि भाई मैंने रिमाइंडर भेज दिया है। इसको इस शीट को अपडेट करना है। राइट? तो यहां पे ये शीट हमारे पास है। हम यहां देख सकते हैं कि लास्ट में 16 नंबर वाली जो यहां पे कस्टमर है पायल अग्रवाल इसने अनपेड है। इसका यहां पे दिखा रहा है हमको। राइट? अब मैं यहां पे जाके सिंपली क्रिएट एजेंट पे क्लिक करती हूं। ज़ेपियर के अंदर हम आ चुके हैं। जैसे ही हम लोग क्रिएट एजेंट पे यहां पे क्लिक करेंगे। लेट मी फर्स्ट डू दैट यू। ओके। ऑलराइट। तो यहां पर हमने क्लिक कर दिया है। अब उसके बाद यहां पर थोड़ा सा वेट हमें करना पड़ेगा। 1:20:10 इंस्ट्रक्शंस हमारे यहां पे जनरेट होना शुरू हो चुका है। सो लेट्स जस्ट वेट फॉर अ वाइल हियर गाइस। और यहां पे हमारा जो एजेंट है वो बहुत ही कम टाइम लेता है बनने के लिए। बट थोड़ा इंतजार करना होगा। डन। अब यहां पे हम लोग देख सकते हैं कि हमारा जो अकाउंट है वो यहां पे कर ले चुका है। राइट? तो यहां पे मैंने एक डमी ईमेल जो अपना है उसको यहां पे सेलेक्ट कर दिया है। अब मैं सिंपली यहां पे जाके क्रिएट बटन पे यहां पे क्लिक करती हूं। क्रिएट बटन पे क्लिक करने के बाद कुछ इस तरीके से हम लोगों को चीजें यहां पे देखने मिलेगी। तो देखो अभी हमने ये समझा था कि जब भी हम लोग एजेंट बनाएंगे तो कुछ टूल्स की भी मदद होगी। अब सबसे पहले इस एजेंट को कब-कब काम करना है। तो भाई हम यहां पे इसका शेड्यूल सेट कर देते हैं। तो देखो शेड्यूल बाय ज़पीआर एवरीडे यहां पे लिखा हुआ है। इस पे मैं सेटिंग्स में सबसे पहले जाती हूं। सेटिंग्स में जाने के बाद सेलेक्ट एंड ऑप्शन के अंदर मैं चाहती हूं कि भ रोज ये कितने बजे मेरा काम करे। यहां पे वीकेंड्स पे क्या ट्रिगर होगा? तो हम लोग यहां पे इसको सेलेक्ट कर सकते हैं। टाइमिंग हम लोग जाके यहां पे चूज़ कर सकते हैं। तो मैं लेट्स से यहां पे टाइमिंग चूज़ कर लेती हूं। कोई एक टाइम मैं यहां डाल देती हूं। जैसे दोपहर में 2:00 बजे का। ठीक है? वीकेंड्स पे क्या आपका केवल ट्रिगर होगा? 1:21:11 नहीं। हम यहां पे इंडियन टाइमिंग के अकॉर्डिंग चाहते हैं। तो मैं यहां पे इंडिया सर्च करती हूं। तो यहां पे मेरे को एशियन टाइमिंग जो है वो यहां पे मिल जाएगा। तो यहां पे देखो एशिया कोलकाता का टाइम मिल चुका है और मैं इसको सेव कर देती हूं। तो मेरा एजेंट रोज 2:00 बजे काम करेगा। एंशिया टाइमिंग एशिया टाइमिंग के अकॉर्डिंग। इंडिया टाइमिंग के अकॉर्डिंग। ये मैंने सेलेक्ट कर लिया। अब दूसरी चीज क्या करना है कि भ एजेंट मेल भेजेगा, Google शीट अपडेट करेगा। तो यहां पे इसको टूल्स की जरूरत पड़ेगी। एज अ Gmail यहां पे इसका एक टूल है। स्प्रेडशीट यहां पे जो हम इसके अंदर ये मेंशन करेगा जाके रिमाइंडर सेंड हो गया वो भी एक टूल है। ईमेल की इसको जरूरत पड़ेगी मेल भेजने के लिए और स्प्रेडशीट को जाके अपडेट भी करना है। तो ये सारे टूल्स को हम लोगों को क्या करना पड़ेगा? देना पड़ेगा एआई एजेंट को। ये सारे टूल्स हम लोग क्या करेंगे? यहां पे कनेक्ट करेंगे इसके अंदर ताकि हमारा रिमाइंडर सेंट हो गया। ये भी हमको पता चल जाए। तो देखो अब सबसे पहले हम लोगों को टूल्स यहां पे चाहिए। तो देखो यहां पे अगर आप जाते हो तो यहां पे ऐड टूल का नीचे में अगर हम लोग देखेंगे तो ऐड टूल का यहां पे ऑप्शन हमारे पास दिख रहा है। राइट? तो 1:22:12 यहां पे जाके सिंपली हम अब टूल्स को ऐड करना शुरू करेंगे। टूल्स क्या-क्या है? Gmail है हमारा और स्प्रेडशीट हमारे टूल्स हैं। राइट? तो यहां पर जाने के बाद टूल्स के अंदर हम लोग जैसे ही जाते हैं तो यहां पर इतने सारे टूल्स आपके अवेलेबल है। हम अपने काम का टूल यहां पर सेलेक्ट करेंगे। तो सबसे पहले हम यहां पे जो सेलेक्ट करेंगे कि हमें एक स्प्रेडशीट चाहिए। राइट? यहां पे अपनी स्प्रेडशीट को एज अ टूल हम यहां पे कनेक्ट करेंगे। तो हम यहां पे जाते हैं। यहां पे काफी ऑप्शंस हैं। तो सबसे पहला काम क्या है एजेंट का कि वो स्प्रेडशीट में ढूंढेगा कस्टमर को। तो यहां पे लुकअप स्प्रेडशीट रोज़ एडवांस का हमने ऑप्शन दिया है। उसके बाद फिर से जाके हम स्प्रेडशीट को क्या करेगा? अपडेट भी करेगा कि भाई जब रिमाइंडर भिजा जाएगा तो स्प्रेडशीट अपडेट भी करना है। तो यहां पे अपडेट स्प्रेडशीट रोज़ को हम लोग सेलेक्ट करेंगे। तो पहला काम है स्प्रेडशीट को लुक अप करने का। फिर जब स्प्रेडशीट लुक अप हो जाए, मेल भेजा आ जाए तो उस स्प्रेडशीट को अपडेट करने का। तो ये दोनों हमने सेलेक्ट कर लिया। अब Gmail भी हमको सेलेक्ट करना है क्योंकि वही हमारा एक मेन इंपॉर्टेंट टूल है जिसकी मदद से ईमेल जो है वो सेंड होगा कस्टमर को। राइट? तो हम लोग यहां पर जाने के बाद Gmail जो है अपना वो सेलेक्ट कर लेते हैं। तो यहां पर हम Gmail जाकर 1:23:13 सेलेक्ट कर देते हैं। सब्जेक्ट और बॉडी हम चाहते हैं कि एजेंट ही हमारा मेल खुद से लिख दे। हमको लिखने की जरूरत नहीं है। तो हमने ये एजेंट के ऊपर ही डाल दिया यहां पे। ओके? तो हम लोग यहां पे जाके Gmail जो है इसको फाइनली हम लोग सेलेक्ट कर लेते हैं। लेट मी जस्ट डू दैट हियर गाइज़। अभी ये सेलेक्ट नहीं हुआ है। मैं वापस से जाके Gmail को सेलेक्ट कर लेती हूं। ओके। अब फाइनली हमारा Gmail भी आ चुका है यहां पे। अब क्या करना है? ये तीनों टूल्स तो हमने क्या कर लिए यहां पे ला लिए। अब इन तीनों टूल्स को सही ऑर्डर में अरेंज कर देते हैं ताकि सिस्टमैटिकली काम हमारा हो। तो सबसे पहला टूल हमारा क्या है कि हम भाई स्प्रेडशीट कहां पे अपडेट होगी? तो जहां पे हमारा इंस्ट्रशंस में स्प्रेडशीट अपडेट होना है वहां पे जाके इस अपडेट स्प्रेडशीट वाले टूल को जाके अलाइन कर देते हैं। तो मैं यहां पे जाके इसको ड्रैग करके ला रही हूं और केवल मैं यहां पे डाल दे रही हूं। देखो यहां पे लिखा है ना कि जैसे ही ईमेल रिमाइंडर सेंड हो जाएगा तो कॉलम अपडेट रो अपडेट हो जाना चाहिए। तो यहां पर स्प्रेडशीट अपडेट रो वाला स्प्रेडशीट वो रो वाला हमने यहां पर डाल दिया है। ठीक है? बस ड्रैग करके लेके आ रही हूं और कुछ नया नहीं है। फिर यहां पे देखो जैसे ही वो 1:24:15 2:00 बजेगा तो क्या करेगा? स्प्रेडशीट में पहले कस्टमर्स को ढूंढेगा। लुक अप करेगा स्प्रेडशीट को। तो यहां पे हमने डाल दिया lookअप स्प्रेडशीट। अब जहां पे Gmail है कि भाई कौन से स्टेप में मेल सेंड होगा? तो Gmail को भी क्या कर रही हूं? ड्रैग करके लेके आ जाऊंगी। तो यहां पे हम लोग क्या करते हैं? अ Gmail जहां पे लिखा होगा इंस्ट्रक्शंस में। Gmail को भी मैं ड्रैग कर रही हूं यहां पे। और जहां पर ईमेल सेंड होने वाली बात लिखी है वहां पर मैंने क्या किया? Gmail को जाके यहां पर मैं ले आ जाती हूं। यह देखो य पर हमने लिखा है ना कि मेल सेंड करना है। अब यहां पे Gmail वाले टूल को मैंने डाल दिया है। तो इससे क्या होगा? इससे ये होगा कि सिस्टमेटिकली हर स्टेप में उसको टूल मिल जाएगा एजेंट को और उस हिसाब से वो काम करना शुरू कर देगा। अब सिंपली हम लोगों ने ये काम तो अपना कर लिया। अब फाइनल हमको क्या करना है यहां पे? इस एजेंट को प्रीव्यू करना है। सारी चीजें प्रॉपर तरीके से आ चुकी है। प्रॉपर हमारे टूल्स यहां पर आ चुके हैं। अब इस एजेंट को प्रीव्यू करने का काम हम लोग करते हैं कि भ ये एजेंट आके देख तो लें काम कर कैसा रहा है? ये स्प्रेडशीट अपडेट कर रहा है कि नहीं, मेल भेज रहा है कि नहीं। गॉट इट? तो इन चीजों को करने के लिए नीचे देखो एजेंट प्रीव्यू का यहां पे 1:25:15 ऑप्शन आपको देखने के लिए मिल रहा है। तो अब हम लोग सारी चीजें देख लिए कि बिल्कुल सही है। इसके अंदर हमने सारा काम कर दिया। अब जाके एजेंट प्रीव्यू के अंदर मैं क्लिक करती हूं। तो लेट मी जस्ट क्लिक ऑन एजेंट प्रीव्यू। अब जैसे ही यहां पे टेस्ट एजेंट पे जाके हम लोग क्लिक करते हैं और देखते हैं कि एजेंट को टेस्ट करके कि भ ये सही साट काम कर रहा है या नहीं कर रहा है। तो यहां पे जैसे ही आपने इसको प्रीव्यू करना शुरू किया। अब एजेंट आपका आप देख सकते हो कि सारा का सारा यहां पे प्रोसेस आपका काम होना शुरू हो चुका है। एक्शन एंड प्रोग्रेस यहां पे दिखा रहा है। सबसे पहले यहां पे जाके देख रहे हैं कि जो हमारी स्प्रेडशीट है वो यहां पे इसको लुक अप करना शुरू कर रहा है। देख रहा है स्प्रेडशीट को। फिर उसके बाद स्प्रेडशीट को देखने के बाद देखेगा कि भाई कौन से ऐसे कस्टमर है जिन्होंने नहीं दी ड्यू डेट पर भरा हुआ है। फिर उसको ढूंढने के बाद उनको वो मेल भेजेगा और मेल भेजने के बाद स्प्रेडशीट को अपडेट करेगा। तो यहां पे देखो मेल जो है वो भेजा जा रहा है यहां पे। तो यहां पे इसका एक्शन जो है वो ऑलरेडी चल रहा है। अब देखो एज अ ह्यूमन आपसे पूछ रहा है। उसने देखो मेल की एक बॉडी लिखी है। देखो पायल नाम से यहां पे कस्टमर है जिसने पेमेंट नहीं भरी थी। हमने देखा था पायल नाम की कस्टमर तो बिल्कुल 1:26:17 सही पहचाना है हमारे एजेंट ने कि डियर पायल और इसने देखो जो यहां पे लिखा भी है मैं एक बार स्प्रेडशीट ओपन करके दिखाती हूं। देखो पायल अग्रवाल यही कस्टमर है ना जिसने नहीं भरा है। बिल्कुल सही पहचाना है हमारे एजेंट ने। यही वो कस्टमर है जिसने नहीं भरा है। अनपेड है। तो यहां पे देखो इसने मेल भी कितना बढ़िया लिखा है कि डियर पायल कि यहां पे आपका जो अमाउंट है $37 का यह यहां पे पेंडिंग आपका पड़ा हुआ है। आपसे रिक्वेस्ट है कि यहां पे ये जो लिंक है आपका इनवॉइस इस पे आप भेज दीजिए। थैंक यू फॉर योर रिस्पांस। बढ़िया सा यहां पे मेल जो है वो यहां पे लिख दिया अल्फा कंपनी के बिहाफ में। अब आपसे पूछ रहा है अप्रूव कर दूं ये वाला मेल भेज दूं जो सही लिखा है बॉडी हमने अप्रूव कर दिया कि यस ये मेल अच्छा लिखा है। इसको आप भेज सकते हैं। तो अब देखो यहां पे ईमेल हमारे सेंड होने का काम चालू हो गया। एक्शन एंड प्रोग्रेस आपको दिखा रहा है। ईमेल अब देखो भेजा चुका है। यहां क्या लिखा है? ईमेल सेंट सक्सेसफुली नाउ। तो ईमेल अब भेजा चुका है। अब ईमेल भेजने के बाद ये क्या करेगा? स्प्रेडशीट को अपडेट करेगा कि रिमाइंडर सेंट वाला जो कॉलम है उसको यहां पे अपडेट करने का काम ये शुरू करेगा। राइट? तो यहां पे देखते हैं अपडेट करने का 1:27:18 काम यहां पे शुरू हो रहा है। थोड़ा सा यहां पे हमें इंतजार करना होगा ताकि ये प्रॉपर्ली अपडेट कर पाए। सो लेट्स जस्ट वेट फॉर अ वाइल हियर गाइस टू सी दैट कि ये कैसे भेज पाता है। कैसे हमें यहां पे अ लाइक अपडेट यहां पे देखने के लिए मिलता है। तो अभी मैं आपको मेल भी दिखाने वाली हूं और स्प्रेडशीट भी दिखाऊंगी। तो मेल देखते हैं जाके। यह देखो यहां पर हमारे पास ईमेल आ गया कि पेमेंट रिमाइंडर आपका इनवॉइस जो है वो ओवरड्यू हो चुका है। अब मैं इसको जैसे ही यहां पर देखो ओपन कर रही हूं तो कितना बढ़िया मेल आ चुका है कि डियर पायल यहां पे आपका अमाउंट बचा हुआ है। यह देखो यहां पे ईमेल रिसीव हो गया। पेमेंट लिंक है अल्फा कंपनी की तरफ से। तो ये हमारे पास ईमेल जो है वो सक्सेसफुली देखो कस्टमर को रिसीव हो चुका है। तो एजेंट ने अपने आप हमारा यह काम कर दिया है। सक्सेसफुली पे आप देखो ईमेल जो है वो आ चुका है कस्टमर को। गॉट इट? तो यह काम तो बढ़िया से हमारे एआई एजेंट ने कर दिया सक्सेसफुली। अब देखना है कि मेल भेजने के बाद यह स्प्रेडशीट अपडेट करता है कि नहीं। तो वापस हम लोग यहां पे आते हैं। तो यहां पे देखो अप्रूवल के लिए हमसे पूछ रहा है। यहां पे अप्रूव का नीचे हमको बता रहा है कि स्प्रेडशीट अपडेट करना है। तो आपकी 1:28:20 इजाजत हो तो मैं कर दूंगा। तो हम यहां पे जाते हैं। यहां पे अप्रूवल देते हैं। एज अ ह्यूमन अप्रूवल हम लोग यहां पे अपना प्रोवाइड करते हैं। इसके बाद ये स्प्रेडशीट को अपडेट करने का काम यहां पे शुरू कर दिया है। तो थोड़ा सा हम वेट कर लेते हैं। सो लेट्स जस्ट वेट फॉर अ वाइल हियर गाइस। यहां पे रिमाइंडर सेंड तो हो चुका है। अब जाके स्प्रेडशीट को भी हम लोग एक बार चेक कर लेते हैं। तो यहां पे प्रोसेस हमारा कंटिन्यू हो रहा है। ओके? लेट्स वेट फॉर अ वाइल। यहां पर एक्शन हमारा जो है इसको वापस से हम लोग जाकर एक बार कंटीन्यूसली देख लेते हैं क्योंकि अभी तक स्प्रेडशीट हमारी अपडेट नहीं हुई है। अपडेट होने का काम नीचे अभी भी देखो प्रोसेस के अंदर चल रहा है। अप्रूव करने का आया है। अप्रूव एक बार फिर से हम लोग कर देते हैं और थोड़ा सा वेट करते हैं कि क्या रिजल्ट हमारा आता है। तो यहां पे थोड़ा इंतजार करना पड़ेगा। बट ये एजेंट बहुत ही सक्सेसफुली वर्क कर रहा है। अब यहां देखो फाइनली नीचे यहां पे डेट आपको देखने के लिए मिल जा रही है कि रिमाइंडर जैसे ही सेंड हुआ तो यहां पे डेट अपने आप आ गई और शीट भी अपने आप क्या हो गई है? अपडेट हो चुकी है। तो इस तरीके से हमारे एजेंट ने सारा काम कर दिया। ईमेल भी भेज दिया साथ के साथ में स्प्रेडशीट को अपडेट 1:29:21 भी कर दिया। तो आई एम होपिंग दैट कि ये एजेंट की वर्किंग आपको अच्छे से समझ में आई होगी। ऑलराइट। तो देखो मैं ना यहां पे आपको दिखा रही हूं वापस से ताकि अब क्लियरली आपको दिखेगा। यस। तो यहां पर देखो रिमाइंडर सेंट वाला जो कॉलम था इसके अंदर जो डेट है यह भी हमारी यहां पर अपडेट हो चुकी है डेट और साथ के साथ यहां पर हमारा ईमेल भी सेंड हो चुका है। तो इस एजेंट को जो हमने काम दिया था कि पहले फिगर आउट करना है कौन एजेंट कौन ऐसे पर्टिकुलर कस्टमर्स हैं जिन्होंने बिल नहीं भरा वो फिगर आउट भी कर लिया। उसके बाद इसने सक्सेसफुली ईमेल भी भेज दिया। मैंने ईमेल भी आपको ओपन करके दिखाया और साथ ही स्प्रेडशीट भी यहां पे इसने क्या कर दिए? अपडेट कर दिए। तो सारे के सारे टास्क इसने परफेक्ट तरीके से कंप्लीट कर दिए हैं। अब इस एजेंट को अगर आपको पब्लिश करना है तो ऊपर देखो पब्लिश करने का ऑप्शन आपको यहां पे मिल जाएगा। ये एजेंट सक्सेसफुली हमारा काम कर रहा है। जैसे ही मैं इसको जाके यहां पे पब्लिश करूंगी तो ये एजेंट हमारा लाइव हो जाएगा और इस एजेंट को आप कोई भी जाके सिंपली यूज़ करके देख सकता है। तो इस तरीके से आई एम होपिंग दैट कि ज़पियर के अंदर ये एजेंट कैसे बनाना है, पब्लिश करना है, ये सारी एंड टू एंड चीजें आपको क्लियरली समझ में आई होंगी। एक और 1:30:23 इंपॉर्टेंट इंफॉर्मेशन है आप लोगों के लिए कि अगर आप एआई सीखना चाहते हैं तो अब दईल के प्लेटफार्म में दो सबसे ज्यादा अफोर्डेबल कोर्स आ चुके हैं। एक है एआई फॉर एवरीवन और बिल्ड एआई एजेंट्स कोड नो कोड। एआई फॉर एवरीवन कोर्स को अगर हम लोग यहां पे देख के अंदर क्या चीज़ तो 15 से ज्यादा मॉड्यूल्स हमारे होने वाले हैं। जहां पे एआई की मदद से एआई बेसिक्स, फ्रंट इंजीनियरिंग, डेटा ऑटोमेशन, इमेज जनरेशन, वीडियो जनरेशन, एआई ऑटोमेशन, एआई एजेंट्स, वेबसाइट बिल्डिंग, एआई चैटब्स, ऐप डेवलपमेंट, कंटेंट राइटिंग, एसइओ मार्केटिंग, 50 प्लस एआई टूल्स इसके अंदर में भी लाइव मैराथन क्लास आप लोगों को मिलने वाली है। सर्टिफिकेट इंक्लूडेड है। 75 आवर्स का यहां पे कंटेंट है। तो एआई फॉर एवरीवन कोर्स भी अवेलेबल है। जो ये चाहता है सिर्फ कि मैं बिना कोडिंग किए सारी की सारी चीजें एआई से इमेज जनरेशन वीडियो क्रिएशन ऐप वेबसाइट सब अगर आप सीखना चाहते हैं तो आपके लिए एi फॉर एवरीवन को हर्ट भी अवेलेबल है जहां पे आपके जो डिस्काउंट कूपन कोड्स हैं वो डेफिनेटली यहां पे अवेलेबल है जिससे प्राइसिंग आपका काफी कम हो जाता है। इसका भी एनरोलमेंट लिंक मैंने नीचे डिस्क्रिप्शन बॉक्स पे प्रोवाइड किया हुआ है जिसे आप जल्दी से जल्दी जाके चेक आउट 1:31:23 कर सकते हैं। चलिए आगे बढ़ते हैं। ऑलराइट। तो, अब हम अगला एजेंट जो बनाने वाले हैं, वह बेसिकली एक कस्टमर सपोर्ट एजेंट है जो कि कस्टमर की क्वेरीज को सॉल्व करेगा। इसके लिए हम लोग यहां पर यूज करेंगे लैंक फ्लो का। तो, लेट्स सपोज हम किसी एक कंपनी के लिए एक ये इस एजेंट को पर्टिकुलरली डिज़ कर रहे हैं जो कि उस कंपनी के कस्टमर सपोर्ट एजेंट की तरह वर्क करेगा। तो यहां पे सिंपली हम लैंf फ्लो के अंदर चलते हैं। यहां पे जाने के बाद लैंf फ्लो को इंस्टॉल करना होगा। तो, गेट स्टार्टेड फॉर फ्री। ये कंप्लीटली फ्री है। हम जाके यहां पे गेट स्टार्टेड फॉर फ्री पे क्लिक करते हैं। और जैसे ही आप इसको यहां पे पर्टिकुलरली क्लिक करेंगे, आपको यहां पे सारी डिटेल्स डालनी है। और यहां पे डाउनलोड करने का ऑप्शन यहां पे आ जाएगा। तो हम लोग यहां पे जाके सिंपली अपना जो लैंप फ्लो है सारी डिटेल्स को डाल के यहां पे डाउनलोड कर लेंगे। और इसके बाद चलिए अब इसको आगे हम लोग यहां पे बिल्ड करना शुरू करते हैं। जैसे ही हम लोग डाउनलोड और इंस्टॉलेशन कंप्लीट कर लेंगे। कुछ इस तरीके का इंटरफ़ेस देखने मिलेगा। यहां पे न्यू फ्लो का ऑप्शन है। मैं सिंपली न्यू फ्लो के अंदर जा रही हूं। यहां पर आप डिस्क्राइब कर सकते हैं कि आप किस तरीके का एजेंट बनाना चाहते हैं। तो यहां पर सिंपल एजेंट, वेक्टर स्टोर रैग ये सारे आपको टेंपलेट्स देखने मिलेंगे। हम सिंपली 1:32:22 यहां पर जाने के बाद ब्राउज़ मोर पे क्लिक करते हैं। तो यहां पे मैं ब्राउज़ मोर पे जाके क्लिक कर लेती हूं। ब्राउज़ मोर पे क्लिक करने के बाद यहां पे आपको बेसिक प्र्पिंग, वेक्टर जैग ये सब दिखेगा। लेकिन हमको अभी जो एजेंट बनाना है कस्टमाइज़ बनाना है अपनी कंपनी के लिए। तो मैं ब्लैंक फ्लो पे जाके यहां पे सेलेक्ट कर रही हूं। और मैं यहां स्क्रैच से एजेंट बनाना शुरू करूंगी। तो सबसे पहले हम लोग यहां पर जाके चैट इनपुट का ऑप्शन है। इसको मैं ड्रैग करके यहां पर ले आऊंगी। क्या क्यों इसको मैं लेके आ रही हूं? क्योंकि सबसे पहले कस्टमर आएगा, चैट करेगा, अपनी इंक्वायरी बताएगा। तभी तो कस्टमर सपोर्ट एजेंट उसको सॉल्व करेगा। तो यहां पे इनपुट का हमारे पास ऑप्शन होना चाहिए। तो इनपुट हम यहां पे ले आए हैं। अब ये इनपुट किसके पास जाएगा? ये इनपुट जाएगा एजेंट के पास में। तो हम यहां पे एजेंट हमने सेलेक्ट कर लिया है। तो यहां पे नीचे यहां पे जाके हम लोग जैसे ही देखेंगे तो यहां पे देखो आप जैसे यहां पे जाने के बाद मॉडल्स एंड एजेंट्स पे क्लिक करोगे। पहले नंबर में ही आपको यहां पर एजेंट देखने के लिए मिलेगा। यहां पर देखो एजेंट है। इस एजेंट को मैं ड्रैग करके लाऊंगी और इनपुट के साथ कनेक्ट कर दूंगी कि भ कस्टमर जो भी इनपुट दे रहा है वो डायरेक्टली एजेंट के पास जाए। तो हम यहां एजेंट को ड्रैग करके ले आए हैं। अब 1:33:21 जैसे ही आप एजेंट को ड्रैग करके लाए हैं तो आप देखिए एजेंट के अंदर क्या-क्या लिखा हुआ है? लैंग्वेज मॉडल यहां पे लिखा हुआ है कि भाई अब जो भी कस्टमर अपनी बात बताएगा तो एक लैंग्वेज मॉडल होना चाहिए। कस्टमर की बात को समझने के लिए एलएलएम होना चाहिए। तो हम लोग यहां पर सेटअप प्रोवाइडर देखो लिखा हुआ है। तो सेटअप प्रोवाइडर पर जाकर हम लोग यहां पर क्लिक करेंगे। और जैसा कि मैंने आपको थ्योरी पढ़ाते टाइम बताया था कि एi एजेंट का जो ब्रेन होता है वो एलएलएम ही होते हैं। तो तो यहां पर हम लोग इसको एलएलएम को सेट करते हैं। सेटअप प्रोवाइडर में मैं जैसे ही जा रही हूं तो यहां पे देखो एंथ्रोपी, Google जनरेटिव एआई, आईबीएम, ओलामा, ओपन एi, ओपन राउटर ये सारे एलएलएम के ऑप्शंस आपके पास अवेलेबल हैं। आप यहां पे सेलेक्ट कर सकते हैं। तो हम लोग यहां पे फ्री बनाना चाहते हैं। इसलिए मैं यहां पे Google का जनरेटिव एआई जो मॉडल है इसको मैं जाके सेलेक्ट कर रही हूं। तो यहां पर सिंपली मैं इसको जाके ओपन कर लेती हूं। अब यहां पर देखो मांग रहा है Google का एपीआई की। एपीआई क्या होता है? यह भी मैंने आपको बताया था कि भाई अब हम लोगों को डायरेक्टली इसको एलएलएम से कनेक्ट करना है तो वो किसके थ्रू होगा? वो एपीआई की के थ्रू होगा। अब ये एपीआई की हमको मिलेगी 1:34:23 कैसे? ये अब इसको हम लोग देखना शुरू करते हैं। तो हम लोग इसको लाइक एपीआई की को फैच करने के लिए Google AI स्टूडियो के अंदर चलते हैं। तो मैं सिंपली यहां पे जाके सर्च कर लेती हूं। Google AI स्टूडियो। लेट मी जस्ट डू दैट फॉर यू गाइज़। सो ओके इट्स डन Google AI स्टूडियो अब यहां पर जाके Google AI स्टूडियो को मैं ओपन कर लेती हूं। गेट स्टार्टेड के अंदर जाते हैं और यहां पे नीचे में आपको एपीआई की जो है वो देखने के लिए मिलने वाली है। सो लेट मी शो यू फर्स्ट हियर। देखो यहां पे नीचे में आपको ऑप्शन मिल जाएगा एपीआई की का। की जैसा आइकॉन दिखेगा। मैं यहां पे एक बार आपको दिखा देती हूं कि ये कैसा दिखेगा। यहां पे देखो मैं पिंक कलर से मार्क कर रही हूं। की बना हुआ है। इसी की को जाके अब हम लोग क्लिक करते हैं। क्लिक करने के बाद में ऊपर अगर आप देखोगे तो आपको क्रिएट एपीआई की का ऑप्शन देखने मिलेगा। गॉट इट? तो यहां पे अगर आप जाके देखते हैं तो यहां पे क्रिएट एपीआई की का ऑप्शन देखने मिल रहा है। तो सिंपली जाके इस क्रिएट एपीआई की पे क्लिक करना। क्रिएट की का नीचे देखो ऑप्शन आ जाएगा। तो सिंपली यहां पे जाना। क्रिएट की का ऑप्शन मिल जाएगा। ये जेमिनाई 1:35:24 की एपीआई की है। क्रिएट की पे जाके आप यहां पे क्लिक करना। जैसे ही आप इसको यहां पर जाकर क्लिक करोगे आपके पास आपकी एपीआई की जो है वह बन के आ जाएगी। थोड़ा सा हमें यहां पर इंतजार करना होगा। लेट्स वेट फॉर अ वाइल हियर गाइस और ये बहुत सिंपल है बनाना। कोई रॉकेट साइंस नहीं है। देखो यहां एपीआई की आ चुकी है। राइट? अब इस एपीआई की को यहां पे कॉपी कर लेना है हमको शांति से। तो हम लोग यहां पे इस एपीआई की को कॉपी कर लेते हैं। वापस चलते हैं Google फ्लो पे। अ लैंक फ्लो पे। इस एपीआई की को पेस्ट कर देते हैं। एपीआई की को पेस्ट करने के बाद सेव का ऑप्शन दिया हुआ है लैंf फ्लो के अंदर। इसको सेव कर देते हैं। और ये देखो नीचे में जेमिनाई के जितने हमारे पास मॉडल्स हैं इसको अब हम लोग एक्सेस कर सकते हैं। जेमिनाई फ्लैश जेमिनाई 2.5 फ्लैश जेमिनाई 3.5 फ्लैश ये सारे के सारे मॉडल प्रोवाइडर्स जो हैं अब हमारे लिए एक्सेस हो जाएंगे क्योंकि हमने इसको कनेक्ट कर दिया है एपीआई के थ्रू। ओके? तो ये हमारी चीज़ हो चुकी है। यहां पे देखो लोडिंग मॉडल्स दिखा रहा है। तो अभी हमारा मॉडल आ गया। लोड हो गया। जेमिनाई 3.5 फ्लैशाइट मॉडल को यूज़ कर रहे हैं। ठीक है? अब यहां पर एजेंट इंस्ट्रक्शंस के 1:36:25 अंदर यहां पर लिखा हुआ है टूल्स आप यहां पर जाकर कनेक्ट कर सकते हैं। इनपुट यहां पर आपका दिया हुआ है। ठीक है? तो अब हम लोग यहां पर जाके देखते हैं कि कस्टमर सपोर्ट एजेंट है ये। तो भाई कस्टमर सपोर्ट एजेंट को कंपनी के बारे में पता भी तो होना चाहिए। तभी तो वो बता पाएगा। तो अभी जैसे मैंने आपको रैक के बारे में और नॉलेज के बारे में बताया था। वो चीजें यहां पर इंपॉर्टेंट है। तो यहां पर हम देख सकते हैं कि इस कंपनी के अंदर अलग-अलग पीडीएफ है। जैसे प्रोडक्ट की डिटेल का पीडीएफ है, वारंटी का पीडीएफ है, ऑर्डर की डिटेल्स है। तो ये सारा नॉलेज हमको एजेंट को बताना पड़ेगा। तभी तो वो आंसर करेगा कस्टमर को। तो हम लोग क्या कर रहे हैं? यहां पे जाने के बाद इसको यहां पे टूल मोड को सबसे पहले ऑन करेंगे ताकि हम इसको कनेक्ट कर पाएं और यहां पे जाके देखेंगे। ये टूल्स वाला मोड हम लोगों का ऑन हो चुका है। अब ये जितना भी नॉलेज है ये नॉलेज हमको देना है यहां पे इस एआई एजेंट को जो अभी मैंने पीडीएफ दिखाए वो सब कुछ अब हमको देना है। तो मैं फाइल्स एंड नॉलेज पे देखो यहां पे जा रही हूं और जाने के बाद यहां पे रीड फाइल यहां पे देखोगे मैं एक बार शो करके दिखा रही हूं। रीड फाइल का देखो ऑप्शन है। पिंक कलर से मार्क कर रही हूं। तो फाइल्स एंड नॉलेज 1:37:27 के अंदर रीड फाइल को जाके सेलेक्ट करेंगे। अब जितनी भी आपकी फाइल्स हैं यहां पे ये सारी की सारी फाइल्स यहां पे अपलोड करेंगे। तो सेलेक्ट फाइल्स में मैं जा रही हूं। यह सारी की सारी फाइल्स मैंने अपलोड कर दी अपने सिस्टम से जैसे ऑर्डर, नॉलेज, रिटर्न पॉलिसी, कंपनी की शिपिंग पॉलिसी, वारंटी, एफए। तो कंपनी की सारी की सारी जितनी भी डिटेल्स हैं, नॉलेज है ये हम लोगों ने यहां पे अपलोड कर दिया है। ठीक है? तो अब करना क्या है? अब कनेक्ट करने की बारी है यहां पे। तो हम लोग चैट इनपुट को जाके फाइनली यहां पे कनेक्ट करना शुरू करते हैं। तो मैं देखो चैट इनपुट का कनेक्शन बना रही हूं एजेंट इंस्ट्रक्शन से और फाइल्स को मैं जाके कनेक्ट कर रही हूं टूल से। तो यहां पे जो हमारा टूल मोड है ना इसको मैं ऑन कर लेती हूं रीड फाइल का। अभी देखो टूल में टूल मोड ऑन नहीं है। ठीक है? तो यहां पे जो हमारी फाइल्स है इसका जो टूल मोड यहां पे लिखा हुआ है इसको ऑन कर रही हूं। यहां पे देखो ऊपर में जहां पे पिंक कलर से मार्क कर रही हूं। तो यहां पे इसका टूल मोड ऑन कर देते हैं। चलो भाई ऑन हो गया। अब इस नोड को ये जो टूल सेट वाली यहां पे जो देखो नोड दिख रही है नीचे में इसको जाके कनेक्ट कर देते हैं इस टूल्स के साथ में। तो कनेक्शन हो गया सक्सेसफुल यहां पे। ये दोनों चीज़ यहां अभी तक की हम 1:38:28 लोगों ने यहां पे कंप्लीट तरीके से कर लिया। तो चैट इनपुट रीड फाइल तो यहां पे पूरा का पूरा जो नॉलेज बेस है वो हमने दे दिया है और एजेंट के पास अब सारी जानकारी है कंपनी से रिलेटेड और साथ के साथ इसके पास एलएलएम भी है। तो जो थ्योरी में बताया था वो सब यहां इंप्लीमेंट करके आपको मैं दिखा रही हूं। ठीक है? अब इसके बाद क्या करना है? अब हम लोग आगे चलेंगे। अब यहां पे जाने के बाद में हम लोग लेट्स से लेट मी जस्ट शो यू गाइस हियर। लेट मी गो ऑन द डेटा सोर्सेस। अ जस्ट अ मिनट। ओके? ओके। तो अब हम लोग यहां पे नेक्स्ट स्टेप की ओर इंप्लीमेंट करना शुरू करेंगे। जहां पे मैसेज हिस्ट्री जो है ये अब हम लोग कनेक्ट करेंगे। देखो अगर हमारा कस्टमर सपोर्ट एजेंट है और पहले कोई कस्टमर आया होगा उससे बात किया होगा तो उसकी हिस्ट्री भी तो इस एजेंट को याद रखना पड़ेगा ना। तो मेमोरी भी यहां पे इंपॉर्टेंट है। तो यहां पे मैं इसका टूल मोड ऑन कर देती हूं ताकि भाई हमारा एजेंट जो है वो क्या करे? चैट्स को याद रखें। हिस्ट्री को याद रखे कस्टमर की। तो टूल मोड को यहां पे देखो अभी बंद है। इसको मैंने चालू कर दिया। जैसे ही मेरा टूल मोड यहां पे चालू हुआ है। सिर्फ कोई कोड नहीं कर रही हूं। ड्रैग एंड ड्रॉप 1:39:29 ही कर रही हूं। और इस टूल सेट को हम लोग जाके फाइनली यहां पे क्या करेंगे? इसको भी नोड को कनेक्ट कर देंगे टूल्स के साथ में। तो यहां पे हम लोग ये कनेक्शन को कर लेते हैं। अब ये भी कनेक्शन हमारा सक्सेसफुली यहां पे हो चुका है। तो हमने इनपुट दे दिया चैट का। नॉलेज दे दिया। मैसेज हिस्ट्री भी हमने दे दी मेमोरी के लिए। हमारा एलएलएम भी यहां पे तैयार हो चुका है। राइट? तो ये सारा का सारा काम अब तक हमारा क्या हो चुका है? फाइनली यहां पे कंप्लीट हो चुका है। अब चैट आउटपुट भी आप चाहें तो यहां पे हम लोग लगा सकते हैं। और इसको सिंपली अब हम लोग क्या करके देखेंगे? प्रोसेस करके देखना शुरू करेंगे। तो लेट्स जस्ट डू वन थिंग हियर। अब सिंपल हमारा यहां पे जो काम है इसको प्लेग्राउंड जो है हमारा इसको हम लोग जाके यहां पे अ लाइक रन करके देखेंगे। चार्ट आउटपुट नहीं भी लगाओगे तो इट विल वर्क। राइट? तो यहां पे हमारा जो फ्लो कंट्रोल है इसके अंदर काफी चीज़ हम लोगों को फाइल्स, नॉलेज सिस्टम्स बहुत कुछ यहां पे दिया है। आप अपने हिसाब से इसको चीजों को क्या कर सकते हो? और ज्यादा बेटर तरीके से एक बार जाकर एक्सप्लोर करके देख सकते हो। ठीक है? तो यहां तक की तो सारी बातें हम लोगों ने बेटर तरीके से लर्न कर ली है। यहां तक हम 1:40:29 लोगों ने बेटर तरीके से अंडरस्टैंड कर लिया है। अब प्लेग्राउंड के अंदर चलते हैं। प्लेग्राउंड के अंदर जैसे ही मैं यहां पे जाके क्लिक करूंगी तो यहां पे हमारे पास प्लेग्राउंड आ जाएगा। अब मैं जाके यहां पे एज अ कस्टमर टाइप करती हूं। हाय। देखते हैं क्या रिसोंड करता है हमारा एजेंट। तो अब देखते हैं एजेंट का काम शुरू हो चुका है यहां पे। और यहां पे लेट्स वेट फॉर अ वाइल हियर गाइज़। लेट्स सी कि एजेंट यहां पर क्या काम कर रहा है। तो यहां पर न्यू सेशन हमारे पास शोकेस हो रहा है। यहां पर थोड़ा सा इंतजार करते हैं और वापस से जाकर मैं टाइप करके देखती हूं। लेट्स से हेलो। तो देखते हैं क्या एजेंट हमारा यहां पे रिसोंड करता है। तो यहां पे जैसे ही हमने हेलो टाइप किया तो यहां पे बोल रहा है हेलो वेलकम टू शॉप कार्ड सपोर्ट। कंपनी का नाम शॉप कार्ड सपोर्ट है। अब यहां पे हाउ कैन आई हेल्प यू? आपसे पूछ रहा है आपको ऑर्डर स्टेटस जानना है, रिफंड पॉलिसी जानना है, वारंटी सपोर्ट जानना है, शिपिंग जानना है या प्रोडक्ट कैटलॉग के बारे में जानना है या आपसे पूछ रहा है एजेंट। तो अब आपको जिस किसी के बारे में भी जानना है आप वो सिंपली बता सकते हैं। तो जैसे मैं यहां पर जाकर पूछ रही हूं व्हाट इज लेट मी टाइप हियर व्हाट इज शॉपिंग व्हाट इज शॉप्ट 1:41:30 रिफंड पॉलिसी। ठीक है? मैं ये पूछ रही हूं कि शॉप्ट की रिफंड पॉलिसी क्या है? राइट? तो हम लोग यहां पे देख रहे हैं कि हमारी जो रिफंड पॉलिसी है उससे रिलेटेड सारी डिटेल्स अब आ चुकी है। तो आपने यहां पे जो नॉलेज बेस दिया था इस एजेंट को वो उस नॉलेज बेस को रिफर कर रहा है और यहां पे बता रहा है कि 30 डेज की हैसल फ्री मनी वाली पॉलिसी यहां पे है रिफंड पॉलिसी के अंदर जो कि ऑफिशियल शॉप कार्ड स्टोर के अंदर प्रोवाइड होती है। ज्यादा डिटेल्स के लिए आप यहां पे जो मेल आईडी दी हुई है रिटर्न्स @ shopkart.com इसके अंदर सिंपली आप जाके यूज़ कर सकते हैं। अब हम यहां पे लेट्स से एजेंट से दूसरा क्वेश्चन पूछते हैं। व्हाट आर द प्रोडक्ट शॉप कार्ट इज़ सेलिंग? कि यहां पे हम जानना चाहते हैं कि यहां पे जो शॉप कार्ट नाम से हमारी लाइक ऑनलाइन एक कंपनी है वो क्या-क्या प्रोडक्ट बेचती है। तो अब जो प्रोडक्ट डिटेल्स वाला आपका पीडीएफ आपने दिया था ये एजेंट वहां से सारी जानकारी निकालेगा और आपको यहां पे बताएगा कि भ ये जो शॉप्ट है ये क्या-क्या प्रोडक्ट बेचती है? तो वायरलेस कीबोर्ड्स बेचती है, माइक बेचती है, ऑडियो डिवाइसेस बेचती है, फास्ट 1:42:32 चार्जर बेचती है, पावर हब्स बेचती है। तो इस तरीके से आपका ये जो कस्टमर सपोर्ट एजेंट है वो बिल्कुल ही सक्सेसफुली तरीके से यहां पे काम कर रहा है। और यहां पे रैक के बारे में भी हमने देखा और नॉलेज सोर्स के बारे में भी देखा कि भ जो नॉलेज आप देते जा रहे हो उसके हिसाब से आपका एजेंट एकदम सटीक काम कर रहा है। कंपनी के बारे में सब कुछ बेस्ट बता रहा है। एक और चीज यहां पे हम इस एजेंट से पूछ के जाते हैं। यहां पे टेल मी अबाउट द वारंटी सपोर्ट कि क्या वारंटी सपोर्ट यहां पे है? तो अब यहां पर देखो एजेंट क्या कर रहा है? आपका एक्सेस टूल को कॉल कर रहा है। फाइल्स को यहां पर जाकर रीड कर रहा है। और आपने वारंटी के बारे में पूछा है। तो प्रॉपर वारंटी की इनेशन आपको यहां पे कस्टमर सपोर्ट एजेंट जाके प्रोवाइड करेगा। तो देखो यहां पे बता रहा है कि वारंटी का कवरेज एक साल से 2 साल की लिमिट के अंदर होता है। तो वारंटी कवरेज की डिटेल्स आपको दे दिया। अगर आपको वारंटी क्लेम करना है तो उसका प्रोसेस क्या है? वो भी आपको बता रहा है। मेल आईडी आपको दे चुका है कि आप कैसे वारंटी के लिए भी यहां पे देख सकते हैं। तो इस तरीके से हमने देखा कि ये जो कस्टमर सपोर्ट एजेंट हमने बनाया है वो बिल्कुल ही सटीक तरीके से यहां पे काम कर रहा है। सो आई एम होपिंग दैट कि लंग फ्लो 1:43:33 के अंदर ये जो हमने बिल्ड किया है वो आपको अच्छे से समझ में आया होगा। एक और क्वेश्चन पूछ के देखते हैं हम लोग यहां पे। टेल मी द डिटेल्स ऑफ़ ऑर्डर आईडी। अब यहां पे एक ऑर्डर आईडी डाल देते हैं। मान लो 1001। अब देखते हैं कि कस्टमर की जो ऑर्डर आईडी 1001 है इसकी डिटेल्स यह फैच कर पाता है या नहीं। तो अब क्या देख कर रहा है देखो यह अपने टूल को कॉल कर रहा है। टूल को कॉल करने के बाद कस्टमर के ऑर्डर डिटेल्स को ढूंढ रहा है और बता रहा है कि यस यह जो कस्टमर है इसका नाम है राहुल। इसका ऑर्डर शिफ्ट हो चुका है। इसकी डिलीवरी डेट इतनी है और इसका ट्रैकिंग नंबर ये है। तो हमने देखा कि कितना ब्यूटीफुली यहां पे हमारा एआई एजेंट कस्टमर सपोर्ट एजेंट इस कंपनी के लिए वर्क कर रहा है। तो दिस इज़ समथिंग व्हिच इज़ रियली अमेजिंग। अब एक और चीज़ जाके यहां पे अगर पूछते हैं। टेल मी द डिटेल्स ऑफ़ लेट्स से मैं यहां पे पूछती हूं कि मेरे को डिटेल्स किसी चीज़ की जानना है तो मैं यहां डाल देती हूं डिटेल क्या? अ टेल मी द डिटेल्स ऑफ़ लेट्स से लेट्स जस्ट आस्क हियर कुछ और अब हम लोग यहां पे पूछ के देखते हैं। अ प्रोडक्ट के बारे में प्रोडक्ट का रिफंड क्या हो सकता है? ये अब हम लोग डाल के देखते हैं। तो हम लोग ने इतनी बार इतने 1:44:35 क्वेश्चंस पूछ के टेस्ट कर लिए लेकिन हर चीज में चाहे आप ऑर्डर पूछ रहे हो तो ऑर्डर बता रहा है। रिफंड पूछ रहे हो रिफंड बता रहा है। प्रोडक्ट के बारे में पूछ रहे हो प्रोडक्ट के बारे में बता रहा है। तो बिल्कुल ही सटीक काम कर रहा है हमारा ये एआई एजेंट। सो आई एम होपिंग दैट कि ये लैंक फ्लो का एजेंट आपको अच्छे से समझ में आया होगा। मैं समझ सकती हूं कि कोई भी अगर अपने लिए करियर चूज़ करता है तो उसका मेन ऑब्जेक्टिव ये रहता है कि भ उसमें ग्रोथ अच्छा हो। उसमें सैलरी अच्छी हो। राइट? और इन सारी चीजों के लिए आज के टाइम पे एजेंट को लर्न करना ये स्किल सीखना सबसे ज्यादा इंपॉर्टेंट है क्योंकि ज्यादातर कंपनीज़ यही यूज़ कर रही है और यही ऑब्जेक्टिव को ध्यान में रखते हुए कि चाहे आपको बिनेस करना हो, फ्रीलांसिंग करना हो, फर्स्ट जॉब लेना हो, करियर ट्रांजिशन करना हो तो सबके लिए एआई एजेंट सीखना इंपॉर्टेंट है। इसीलिए मैंने बिल्ड एआई एजेंट कोड नो कोड ये कंप्लीट कोर्स जो आपके लिए बनाया है, इसी बात को ध्यान में रखते हुए बनाया हुआ है। और इसके साथ ही बहुत ही मेहनत के साथ 80 घंटे का जो कंटेंट यहां पे छ महीने का कोर्स है। लाइव मंथली मैराथॉन क्लास के साथ और सर्टिफिकेट के साथ सारी डिटेल्स मैंने नीचे डिस्क्रिप्शन बॉक्स पे डाल रखी है। और इसके साथ ही साथ ना जो सबसे ज्यादा इंपॉर्टेंट हमारे लिए होता है वो होता है 1:45:34 कि भाई एक अफोर्डेबल प्राइस में आप सारी चीजों को सिखाओ तब सामने वाले के लिए भी इजी होता है। और एज अ टीचर मैं आप 100% एफर्ट डालने वाली हूं यहां पे आपको एजेंट्स कोड नो कोड दोनों प्लेटफार्म में सिखाने के लिए ताकि कभी ऐसा ना हो कि हमको अगर कोई बोल दे कि भ कोडिंग के थ्रू करो तो हम ये ना बोले कि हमको नहीं आता। आपको सब आता है। बेस्ट तरीके से आता है क्योंकि 6 महीने हमने यहां पे एफर्ट्स डाले हैं। तो जल्दी से जल्दी इसके रजिस्ट्रेशनंस आपके लिए ओपन है। आप फटाफट एनरोल कर सकते हैं ताकि एक सिनर्जी के साथ लाइव मैराथॉन क्लास में मुझसे मुलाकात हो पाए। चलिए आगे बढ़ते हैं। ऑलराइट। तो अब हम लोग यहां पे अपना अगला एजेंट बनाना शुरू करते हैं जिसके लिए हम लोग यहां पे एनए को यूज़ करेंगे। लेट्स से हम लोग यहां पे एक ऐसा एजेंट बनाना चाह रहे हैं जो एक कोई भी स्टार्टअप आईडिया को वैलिडेट करे। जैसे फॉर एग्जांपल हम कोई कोचिंग के लिए लेट्स से चाहते हैं कि हम कोई नोट सेल आउट करना चाहते हैं तो उसके रिगार्डिंग हम लोगों को कोई स्टार्टअप आईडिया चाहिए। कोई भी आप आईडिया डालेंगे तो उससे रिलेटेड कंप्लीट जो रिसर्च है जैसी चीजें हैं वो आपका एजेंट आपको प्रोड्यूस करके यहां पे दे पाए। तो इसके लिए हम लोग यहां पे सिंपली यूज़ करने वाले हैं Na10 का। Na10 का फ्री वर्जन यूज़ करेंगे। तो सिंपली हम साइन इन 1:46:33 के अंदर जाते हैं। यहां पे ये साइन इन के अंदर जाने के बाद आपका यहां पे स्टार्ट अप फ्री ट्रायल का ऑप्शन आ जाएगा। आप अपनी फ्री ट्रायल के लिए यहां सारी डिटेल्स फिल आउट कर देंगे। उसके बाद चलिए इसको बनाना हम लोग यहां पर आगे शुरू करते हैं। तो जैसे हमारे साइन इन का प्रोसेस हो जाएगा ये हमारे से कुछ क्वेश्चंस पूछेगा तो ये फटाफट से क्वेश्चंस हम लोग यहां पे जाके फिल आउट कर देंगे। जो भी आपको बेस्ट सूटेबल रिस्पांस लगता है वो आप यहां पे जाके सेलेक्ट कर सकते हैं। हमने Na10 के बारे में कैसे सुना? तो लेट्स से हमने फ्रेंड से सुना और यहां पे चीजें आपसे कोई पूछेगा कि आपको ऑटोमेशन आता है तो आप लोग यहां पे जो भी आपका रिस्पांस है आप यहां पे फिल आउट कर सकते हैं ताकि ये कंप्लीट यहां पे चीजें जो है ये फिल होने के बाद हम लोग NA 10 के अंदर अपना जो काम करना है उसको यहां पे शुरू कर पाए। राइट? तो हम लोग यहां पे चीज़ सेलेक्ट कर लेते हैं। एंड फाइनली अब हमारा वर्क स्पेस जो है वो रेडी हो चुका है यहां पे। और इस वर्कस्पेस में स्टार्ट ऑटोमेटिंग के अंदर हम लोग जाके यहां पे सिंपली क्लिक करेंगे। और यहां पे हम लोग देख सकते हैं कि हमारा वर्कस्पेस तैयार है। अब हम लोग स्टार्ट ऑटोमेटिंग में क्लिक कर रहे हैं। तो स्टार्ट ऑटोमेटिंग के अंदर मैं यहां पे जैसे ही जाके यहां पे क्लिक करूंगी थोड़ा सा यहां 1:47:30 पे ओके टाइम लेगा बट ये अभी हमारा ओपन हो चुका है। अब यहां पे हम लोग चाहते हैं कि भ हम लोगों को बनाना क्या है? तो यहां पे हम लोग जाएंगे और यहां पे हमारा जो एजेंट है वो हम लोगों को क्रिएट करना है। तो उसके लिए हम लोग यहां पे सेटिंग्स के अंदर काफी सारे ऑप्शंस आप लोगों को यहां पे देखने मिलेंगे। जिसे आप सिंपली क्या कर सकते हो? एक्सप्लोर कर सकते हो। हमारा ऑब्जेक्टिव है एजेंट को यहां पे जाके क्रिएट करना। आप WhatsApp सपोर्ट एजेंट, सोशल मीडिया पोस्ट एजेंट के सब बना सकते हो। सी ऑल पे आप जाओगे तो आपको और भी चीजें यहां पे देखने के लिए मिल जाएगी। राइट? तो यहां पे आपको बाकी एजेंट्स जो है डेवोप्स के इंजीनियरिंग के ये सब भी आपको देखने के लिए मिलेगा। हम लोग अभी यहां पर अपना एजेंट खुद का क्रिएट करने वाले हैं। उसके लिए हम लोगों को क्या करना है? तो सिंपली चलो इसको जाके एक्सप्लोर करना हम लोग यहां पे शुरू करते हैं। तो अब हम लोग NA10 के अंदर अपना जो न्यू वर्क फ्लो है इसके अंदर मैं जाके क्लिक कर रही हूं। जैसे ही हम लोग यहां पे जाएंगे क्रिएट वर्क फ्लो का हम लोगों को यहां पे ऑप्शन देखने के लिए मिलेगा। तो यहां पे जाके आप अपने वर्क फ्लोस को क्रिएट करना शुरू कर सकते हैं। तो यहां मैं क्रिएट वर्क फ्ल्लो पे जाके क्लिक कर लेती हूं। थोड़ा सा यहां पे हम लोगों को वेट करना पड़ेगा। क्रिएट 1:48:32 वर्क फ्ल्लो पे हमने जाके क्लिक कर दिया है। यह यहां पे हमारा ओपन होना शुरू हो चुका है। अब यहां पे आप यहां पे ऐड फर्स्ट स्टेप या एi के साथ बनाना चाहते हैं तो हम लोग स्क्रैच से बना रहे हैं। तो ऐड अ फर्स्ट स्टेप करते हैं। सबसे पहले हम लोग यहां पे एक ट्रिगर करते हैं कि भ अगर हमारा वर्क फ्लो जो है कैसे शुरू होगा? तो यहां पे व्हेन क्लिकिंग एग्जीक्यूट द वर्क फ्लो यहां पे आपका आ जाएगा। हमारा ऑब्जेक्टिव है कि भाई हम कोचिंग्स के लिए बनाना चाहते हैं इस एजेंट को कि कोई भी इंक्वायरी कर रहा है कोर्सेज के बारे में पूछ रहा है या जो भी चीजों के बारे में पूछ रहा है तो एजेंट क्या करें हमारा रिस्पांस करे एजेंट ही यहां पे आंसर करे कस्टमर्स को तो हम लोग यहां पे देख रहे हैं यहां पे जाने के बाद यहां पे प्लस आइकॉन आपको कैनवास में देखने के लिए मिलेगा लेट मी शो यू गाइज़ हियर देखो प्लस आइकॉन ऊपर यहां दिख रहा है प्लस आइकॉन पे मैं जा रही हूं प्लस आइकॉन में जाने के बाद हम लोग यहां पे एआई को सेलेक्ट करेंगे एआई एजेंट यहां पे देखो मिल गया है एआई आई एजेंट को सेलेक्ट करेंगे। एआई एजेंट को आप जैसे ही यहां पे सेलेक्ट करेंगे तो आपसे यहां पे कनेक्टेड चैट ट्रिगर नोट ये सब कुछ आपको यहां पे दिखाएगा कि आप यहां पे किस तरीके से इसको यूज़ कर सकते हैं। 1:49:33 आउटपुट स्पेसिफिक चाहिए। तो हां हमें आउटपुट स्पेसिफिक चाहिए और इनेबल फीडबैक फॉलबैक मॉडल ये सब आप जाके अपने अकॉर्डिंग यहां पे क्या कर सकते हैं? इसको इनेबल कर सकते हैं। तो बिल्कुल ही ड्रैग एंड ड्रॉप करना है। कुछ भी इसके अंदर नया नहीं है। तो ड्रैग एंड ड्रॉप करके हम लोग इस एजेंट को यहां पे क्या करने वाले हैं? क्रिएट करके बनाने वाले हैं। गॉट इट? तो ये हम लोगों का एआई एजेंट हम लोगों ने क्या कर लिया यहां पे सेलेक्ट कर लिया है। तो यह हम यहां तक का हमारा जो काम है वो कंप्लीट हमारा हो चुका है। ठीक है? तो हम लोग क्या कर रहे हैं? जैसे ही हमारा ये जो चैट है यहां पे रिसीव होगा तो डायरेक्टली वो चैट किसके पास आएगा? एजेंट के पास। अब एजेंट को दिमाग भी देना है। उसका मॉडल एलएलएम का मॉडल देना है। तो हम लोग यहां पर मॉडल को जाकर सेलेक्ट करते हैं। तो बहुत सारे मॉडल्स हैं। तो यहां पे हम लोग सेटअप क्रेडेंशियल पे जाने के बाद क्लिक करते हैं। और यहां पे हम जो मॉडल यूज़ करेंगे यहां पे एपीआई की देखो फिर से आपको डालना पड़ेगा। और जो एपीआई की है वो आपको यहां पे कहां से मिलने वाली है। तो सिंपली आपको पता ही चल गया कि एपीआई की हम लोग कैसे फैच करते हैं। Google एi स्टूडियो के अंदर जाएंगे। जैसे ही हम लोग यहां पे Google AI स्टूडियो के अंदर जाएंगे। यहां पे हम 1:50:33 लोगों को एपीआई की जो है वो मिल जाती है। यहीं से हम लोग अपनी एपीआई की को फैच करेंगे। तो यहां पे जेमिनाई एपीआई की मिलेगी। तो चलो इसको अंदर जाके हम लोग ओपन कर लेते हैं। ओपन करने के बाद यहां पे थोड़ा वेट करते हैं। नीचे हमें हमको पता है कि यहां पे आइकॉन दिया हुआ है। इस आइकॉन के अंदर जाके सिंपली हम लोग की वाले आइकॉन के अंदर क्लिक कर लेते हैं। जैसे ही की वाले क्लिक करें आइकॉन के अंदर क्लिक करेंगे तो यहां पे हमारे पास एपीआई कीज़ काफी सारे ऊपर ऑप्शन यहां पे दिखेगा क्रिएट एपीआई की का। क्रिएट एपीआई की पे जाके क्लिक कर लेंगे। जेमिनाई की एपीआई की पे क्रिएट करेंगे और यहां पे थोड़ा टाइम लेगा और यह हमारी एपीआई की को क्रिएट करके दे देगा। इसी एपीआई की को हम लोग Na10 के अंदर जाके यूज़ करेंगे। तो यहां पे थोड़ा वेट करते हैं। एपीआई की जनरेट हो चुकी है। इस एपीआई की को कॉपी कर लेते हैं। कॉपी करने के बाद हम लोग चलते हैं यहां पे फाइनली और अपनी एपीआई की को पेस्ट कर देते हैं। एपीआई की हमारी जैसे ही पेस्ट हो चुकी है। सेव कर देते हैं इसको जाके और यहां पे हमारा मॉडल जो है वो एक्टिवेट हो जाएगा। जेमिनाई का फ्लैश प्रीव्यू मॉडल्स अलग-अलग मॉडल्स हैं। तो आप अपने अकॉर्डिंग 1:51:34 मॉडल को यहां पे सेलेक्ट कर सकते हैं। हमने तो अपना मॉडल यहां पे जेमिनाई 3 फ्लैश प्रीव्यू इसको जाके सेलेक्ट कर लिया है। राइट? तो अब हमने इस एi एजेंट के अंदर इसका ब्रेन इसका एलएलएम जो है वो यहां पे डाल दिया है। और यहां पे हमारा जो मॉडल है वो यहां पे हमारे पास अभी शोकेस हो जाएगा। इसके साथ-साथ देखो यहां पे आ गया जेमिनाई का चार्ट मॉडल। यहां पे हमारे एआई एजेंट से क्या हो चुका है? कनेक्ट हो चुका है प्रॉपर तरीके से। तो हमारे इस एआई एजेंट के पास में इसका ब्रेन जो है वो कनेक्ट हो चुका है। आप चाहें तो मेमोरी और टूल को भी ऐड ऑन कर सकते हैं। अब जो भी यहां पे चैट कस्टमर देगा उसको एलएलएम मॉडल एआई एजेंट के अंदर जाके प्रोसेस करेगा और फिर फाइनली क्या होगा? हम लोगों को यहां पे आउटपुट मिलना जो है वो शुरू होगा। राइट? तो ये हमारा कंप्लीट जो है स्टेप है। अब इस तरीके से आप यहां पे लाइक इसके जो जो भी आपकी चीजें हैं वो आप यहां पे डिफाइन कर सकते हैं कि आपका जो एजेंट है वो काम क्या करेगा। तो ये प्र्प्ट मैंने दिया हुआ है आपको कि एज एन स्टार्टअप ब्रांडिंग कंसलटेंट की तरह काम करना चाहिए। यह एजेंट हमारा या फिर आपको जैसे कोचिंग ऑडियंस के लिए करवाना है तो आप केचिंग ऑडियंस के लिए करवा सकते हो। जो आपको कन्वीनिएंट लगता 1:52:34 है। अलग-अलग आइडियाज हैं एनए 10 के अंदर। आप सिंपली उन आइडियाज को जाके यूज़ कर सकते हो। राइट? तो आपको जो कन्वीनिएंट लगता है आप वो आईडिया दे सकते हो। तो हम लोग यहां पे देखते हैं अ पर्टिकुलरली ये अ चीजें और यहां पे जाने के बाद लेट्स जस्ट वेट फॉर अ वाइल हियर। तो सीधा हम लोग देखते हैं कि यहां पे हमारे पास ओपन चैट का ऑप्शन दिया हुआ है। तो चलो अब यहां पे हमारे इस एआई एजेंट से चैट करना शुरू करते हैं। ओपन चैट में जाते हैं और मैं यहां पे सिंपली एज अ यूजर हाय लिखती हूं और देखते हैं कि हमारा एआई एजेंट क्या रिस्पांस हमको करता है। तो जैसे ही मैंने हाई मैसेज दिया ये मैसेज जा रहा है एआई एजेंट के पास और एआई एजेंट इस मैसेज को आंसर करने के लिए क्या मॉडल यूज़ कर रहा है? जेमिनाई का एआई मॉडल यूज़ कर रहा है। अब यहां देखते हैं कि एजेंट हमको आंसर क्या करता है। तो हम देखते हैं जेमिनाई का चैट मॉडल यहां पे यूज़ कर रहा है एजेंट। और जैसे ही हमने यहां पे हाय लिखा तो देखो एजेंट क्या बोल रहा है? हेलो हाउ कैन आई हेल्प यू टुडे? तो इस तरीके से एजेंट हमको क्या कर रहा है? आंसर कर रहा है। अब मैं यहां पे बोलती हूं आई वांट टू सेल। जैसे मैं कोई एक आईडिया डाल देती हूं। मान लो कोई कोचिंग के लिए। जैसे आई वांट टू सेल नोट्स फॉर आईआईटी जेई एग्जाम। ठीक है? ये लेट्स सपोज मेरा एक स्टार्टअप आईडिया है कोई कोचिंग के लिए। आई वांट टू 1:53:36 सेल नोट्स फॉर आईआईटी जेई एग्जाम। और इसके लिए मैं एआई से चाहती हूं इस एजेंट से कि दिस इज़ माय आईडिया फॉर माय स्टार्टअप। अब मैं इस एजुकेशन स्टार्टअप मैं यहां पे लिख देती हूं। तो अब मैं इस आईडिया के लिए चाहती हूं कि मेरे को सजेस्ट करे ये बेस्ट नेम सजेस्ट मी द नेम फॉर द स्टार्टअप अ फॉर सजेस्ट मी द नेम फॉर माय स्टार्टअप और मेरे को इसके लिए लेट्स सपोज कोई एक अच्छी सी टैगलाइन भी चाहिए तो यहां पे हम लोग डाल देते हैं कि मेरे को एक वन टैगलाइन यहां पे दे दो और इसके साथ मेरी एक पिच मेरे को चाहिए जो मैं एजेंट से रिसर्च करवाना चाहती हूं यहां पे कि मेरे को एक 30 सेकंड पिच चाहिए। तो लेट्स से मैं एक कोचिंग के लिए ये आईडिया की वैलिडेट करना चाह रही हूं इस एआई एजेंट के थ्रू। तो जैसे ही हमने यह मैसेज दिया, यह मैसेज डायरेक्टली हमारा एजेंट के पास पहुंचा और एजेंट अब इस मैसेज को प्रोसेस कर रहा है विद द हेल्प ऑफ Google जेमिनाई चैट मॉडल। तो अब देखते हैं कि क्या रिस्पांस हम लोगों को यहां पे मिलता है। सो लेट्स जस्ट वेट फॉर अ वाइल हियर गाइस। लेट्स टू सी द रिस्पांस दैट वी आर गेटिंग फ्रॉम द एआई एजेंट। और ये प्रोसेस अभी हमारा कंटीन्यूअसली चल रहा है। सो वी हैव टू वेट फॉर फ्यू सेकंड्स एंड देन आफ्टर वी विल 1:54:37 गेट द आंसर बाय यूजिंग द Google जेमिनाई चैट मॉडल। सो लेट्स वेट फॉर अ वाइल। तो आप इस तरीके से इस एजेंट को अगर आप बना देते हैं तो किसी भी टाइप के स्टार्टअप आईडिया को आप वैलिडेट कर सकते हैं। वर्क फ्लो एग्जीक्यूटेड सक्सेसफुली दिखा दिया। अब यहां पे हमारे पास पूरी चीजें जो हमने पूछी थी एजेंट से वो हमारे पास यहां पे आ चुकी है कि जैसे हमने बोला था नाम क्या रखना चाहिए? तो यहां पे बता रहा है कि आप नाम रख सकते हो टॉपर स्क्रिप्ट टैगलाइन क्या होगी? आपका पिच क्या होगा? ये सब यहां पे लिख के जो है क्लियर तरीके से आ चुका है। यहां पे देखो प्रॉपर इनेशन है। इसी चीज को मैं थोड़ा सा ना आपको इसको ड्रैग करके ऊपर करती हूं और थोड़ा बड़ा करके मैं आपको दिखाती हूं कि क्या-क्या यहां पे हमारे पास लिखा हुआ है। लेट मी जस्ट ड्रैग दिस फॉर यू। ओके। अब अब आई थिंक आपको और अच्छे से दिखेगा कि देखो यहां पे अगर ये आपका स्टार्टअप का आप करना चाह रहे हैं एजुकेशन से रिलेटेड, कोचिंग से रिलेटेड तो ये आपकी स्क्रिप्ट है। ये आपकी टैगलाइंस हैं और ये यहां पे नेम्स हैं। लेफ्ट साइड में भी अगर आप जाके देखोगे तो अब हमारा जो एजेंट है वो बिल्कुल सक्सेसफुली यहां पे वर्क कर रहा है। प्रॉपर आपको रिजल्ट मिल रहा है। जो आप चाहते थे वो बनके आ चुका है। तो एजेंट इज़ 1:55:39 वर्किंग फाइन। लेफ्ट साइड में भी देखोगे तो स्क्रिप्ट, आईडिया, अलग-अलग ऑप्शंस सब कुछ यहां पे मिल पा रहा है। सो आई एम होपिंग दैट कि Na10 की मदद से इस तरीके का एजेंट भी आप अब डेफिनेटली क्रिएट कर पाएंगे। ऑलराइट। तो अभी तो हम लोग प्रैक्टिकली पांच प्रोजेक्ट्स बिल्ड कर रहे हैं इस कोर्स के थ्रू। अगर किसी को लगता है कि और एडवांस तरीके से प्रैक्टिकल प्रोजेक्ट्स पे उनको और ज्यादा बेस्ट काम करना है, प्रोडक्शन लेवल एजेंट्स बनाने हैं तो उसके लिए फाइनली अ बिल्ड एआई एजेंट कोड नो कोड ये कोर्स मैंने बना दिया है। जहां पे पूरी मेहनत के साथ में 80 आवर्स का कंटेंट डिलीवर हो रहा है। छ महीने का ये कोहर्ट है। सर्टिफिकेशन मिल रहा है। ये सारे के सारे जो इंपॉर्टेंट हमारे कांसेप्ट्स हैं बहुत महंगे मार्केट में लाखों रुपए के कोर्सेस अवेलेबल है। लेकिन ये सारी चीजों को एकदम अफोर्डेबल रेंज में आपके लिए इतने सारे जो इंपॉर्टेंट टेक्निकल कांसेप्ट्स है पाइथन एडवांस पाइथन पास्ट एपीआई एलएलएम लैंग चेन लैं फ्लो लंग ग्राफ्ट ऑटोमेशन नो कोड टूल्स ये सब आपके लिए मैंने अवेलेबल कर दिया है। सारे लेक्चर्स एक साथ अनलॉक हो जाएंगे। कंप्लीट डिस्काउंट कूपन कोड जो बेस्ट हो सकता है वो मैंने यहां पे प्रोवाइड कर दिया आप लोगों के लिए ताकि आपके पास सारे रास्ते खुले रहें एडवांस लेवल की चीजों को 1:56:41 सीखने का। 6 महीने का कोहड कोर्स होने वाला है। लाइव मंथली मैराथॉन क्लास होने वाली है। सर्टिफिकेट भी होने वाला है और साथ में होने वाली है बहुत सारी मेहनत आपके भी तरफ से और मेरे भी तरफ से ताकि हम लोग इस स्किल को कंप्लीट तरीके से मास्टर कर पाएं। तो एनरोलमेंट के लिंक्स ओपन है। सारी चीजें नीचे डिस्क्रिप्शन बॉक्स पिन कमेंट में मिल जाएगी। जल्दी से जल्दी एनरोल कर सकते हैं। चलिए आगे बढ़ते हैं। ऑलराइट। तो अभी हमने काफी सारे एजेंट्स को बना के देखा। अब हम जो अगला एजेंट बनाने वाले हैं वो लेट्स से हम लोग यहां पे कोडिंग की मदद से एजेंट को बनाएंगे। क्योंकि मैंने जैसा कि इस कोर्स में कहा था कोड नो कोड मैं आपको दोनों सिखाने वाली हूं। तो कोडिंग की मदद से हम ये एजेंट बनाएंगे जिसके लिए हम लोग यहां पर यूज करेंगे लंग ग्राफ का लंग चेन का। राइट? तो अब हम लोग इस एजेंट को बनाने के लिए यूज़ करेंगे वीएस कोड का। ये एजेंट जो हम बना रहे हैं लेट्स से ये एजेंट हम बना रहे हैं किसी सोशल मीडिया एजेंट की तरह। जैसे मैं मान के चलती हूं कि कोई हमारे पास ब्रांड है। लेट्स से द ब्रांड इज़ MMA अर्थ। राइट? मैं यहां पे आपको जैसे शो करके दिखाती हूं। लेट्स से आवर ब्रांड नेम इज़ MMA अर्थ। राइट? तो यहां पे इनकी ये जो वेबसाइट है ये ओपन हो जाएगी। अब मैं चाहती हूं कि इस पर्टिकुलर ब्रांड के लिए मेरे 1:57:41 को सोशल मीडिया कंटेंट क्रिएट करवाना है, हुक्स जनरेट करवाना है। तो क्यों ना एक ऐसा एजेंट क्रिएट कर दे जो मुझे इस पर्टिकुलर ब्रांड के लिए सोशल मीडिया कंटेंट जैसे YouTube श्स, Instagram रील्स उसके लिए हुक्स क्रिएट करके दे पाए। तो चलिए इस एजेंट को बनाना हम लोग शुरू करते हैं। इसके लिए मूव करते हैं वीएस कोड की ओर। ऑलराइट। तो सिंपली अब इसको बनाने के लिए हमने वीएस कोड यहां पे ओपन किया हुआ है। ऊपर में फाइल का ऑप्शन है। तो यहां पे हम लोग ओपन फोल्डर के अंदर जाते हैं। मेरे लैपटॉप पे मैंने एक सिंपल सा ओपन फोल्डर यहां पे बनाया हुआ है। प्रोजेक्ट नाम से खाली फोल्डर है ये। इसी फोल्डर को ओपन फोल्डर में हमने ओपन कर दिया है। और अभी हम लोग यहां पे जाके देखेंगे कि ये हमारा जो फोल्डर है वो कंप्लीटली हमारा ओपन फोल्डर है। एम्प्टी फोल्डर है। इसके अंदर कोई भी फाइल्स यहां पे नहीं है। ठीक है? खाली फोल्डर मैंने अपने लैपटॉप पे बनाया था। इसी को मैंने ओपन कर दिया यहां। दैट्स इट। अब हम लोग यहां पर जाकर देखेंगे टर्मिनल के अंदर। टर्मिनल के अंदर कुछ चीजें हम लोगों को यहां पर इंस्टॉल करनी होगी। क्योंकि यह एजेंट हम लोग जो बना रहे हैं इसके लिए हम लोग लैंग ग्राफ की हेल्प लेने वाले हैं। तो यहां पे न्यू टर्मिनल की अंदर जाते हैं और यहां पे न्यू टर्मिनल के अंदर जाने के बाद देखो पाथ देखने के 1:58:41 लिए मिल जाएगा कि मेरे सी ड्राइव के अंदर डाउनलोड्स के अंदर प्रोजेक्ट्स नाम से ये खाली फोल्डर मेरे पास बना हुआ है। अब इस खाली फोल्डर के अंदर जरूरत पड़ेगी कुछ फाइल्स को बनाने की भी। तो चलो उसको बनाना शुरू करते हैं। सबसे पहले हम लोगों को क्या करना है? आपको यहां पर ना सारी चीजें मैंने नीचे डिस्क्रिप्शन बॉक्स में नोट्स में लिख के दिया हुआ है। Python का एक वर्चुअल एनवायरमेंट हम लोग यहां देखते हैं। तो Python एमवी एनवी नाम से यहां पे हम लोग का जो प्र्प कमांड कमांड है ये हम लोग यहां पे देते हैं। जैसे ही हम इसको देंगे तो देखो प्रोजेक्ट वाली जो फाइल है उसके अंदर एक वर्चुअल एनवायरमेंट जैसा हमारे पास बन के आ चुका है। अब ये एक्टिवेट है या नहीं इसको हमको चेक करना है। तो चलो यहां पे दूसरी चीज़ लिखते हैं। क्या लिखना है कि जो VNV स्क्रिप्ट्स एक्टिवेट स्लैश करके यहां पे लिखा हुआ है। तो अब इसको एक्टिवेट कर लेते हैं। तो हम लोग सिंपली यहां पर जाने के बाद इस वर्चुअल एनवायरमेंट को एक्टिवेट करेंगे। तो यहां पे वी एनv स्क्रिप्ट एक्टिवेट लिखा है। अब जैसे ही ये ग्रीन कलर से आ जाएगा यहां पे देखो ग्रीन कलर से देखने मिलेगा। इसका मतलब क्या होगा? ये वर्चुअल एनवायरमेंट आपका क्या हो गया? रेडी हो चुका है। आप इसको अब इज़ली यहां पे यूज़ कर सकते हो। ठीक है? अब ये जो पर्टिकुलर 1:59:41 प्रोजेक्ट हम लोग बना रहे हैं कोड के थ्रू एआई एजेंट इसके लिए हम लोग मदद किसकी ले रहे हैं? यहां पे हम लोग मदद ले रहे हैं lang्राफ्ट लैंगचेन की। तो यहां पर पिप इंस्टॉल यू लैंग्राफ्ट लैंगचेन Google jnai Python डॉट एनवायरमेंट ये जो यहां पर लिखा हुआ है कोड इसको हम लोग सिंपली यहां से कॉपी करेंगे। ये सब मैंने नीचे डिस्क्रिप्शन बॉक्स पे दिया हुआ है। आप भी इसको आसानी से कॉपी कर सकते हो। तो इसको सिंपली हम लोग कॉपी करने के बाद वापस अपने टर्मिनल में आके पेस्ट कर देते हैं। और यहां पे इंस्टॉलेशन का जो प्रोसेस है इसको कंप्लीट करना यहां पे शुरू करते हैं। तो यहां पे जैसे ही हम यहां पे देंगे तो यहां पे इंस्टॉलेशन का जो काम है ये हमारा यहां पे शुरू हो चुका है। थोड़ा सा इंतजार हम लोगों को करना पड़ेगा। यह सारी चीजें जितने भी पैकेजेस हैं यह सब कुछ इंस्टॉल हो जाएगा तो हम यहां पर अपना एजेंट बनाना शुरू करेंगे। देखो यार जब लगता है कि कोडिंग करना है तो ऐसा लगता है कि बहुत कॉम्प्लिकेटेड होगा, टफ होगा तो ऐसा बिल्कुल भी नहीं है। कोडिंग आप इजीली आप तो एआई की मदद से भी कोड्स आप लिखवा सकते हो। तो ये कोई भी रॉकेट साइंस नहीं है। आप इसको इजी तरीके से कर सकते हो। यहां पर आप जाकर देखोगे तो काफी सारे जो पैकेजेस हैं हमारे वो अभी इंस्टॉल हो रहे हैं। 49 अभी 27 पे है। तो जैसे ही ये 4949 2:00:45 कंप्लीट हो जाएगा उसके बाद हम लोग अपना एजेंट को यहां पे और भी कोड वगैरह यहां पे लिखना जो है वो शुरू कर पाएंगे। ठीक है? तो जितने भी एजेंट्स आप कर रहे हो ये डेफिनेटली आपको यूज़ आने वाले हैं। क्योंकि इन सारे एजेंट्स की नीड और डिमांड मार्केट के अंदर अभी सबसे ज्यादा है। राइट? तो यहां पे जो एजेंट्स हैं ये बनने का काम हमारा प्रॉपर्ली परफेक्टली यहां पे चल रहा है। तो लेट्स जस्ट वेट फॉर अ वाइल हियर ताकि सारी की सारी चीजें इंस्टॉल हो पाए। अब वर्चुअल एनवायरमेंट यहां पे जैसे ही हमारा हो जाएगा क्रिएट थोड़ा सा वेट कर लेते हैं। आई थिंक ऑलमोस्ट हो ही चुका है ये हमारा। तो बस कुछ ही देर में आ जाएगा। अब यहां पे देखो कोई भी एजेंट अगर आप बना रहे हो तो उसको ब्रेन देना पड़ेगा। उसको एलएलएम देना पड़ेगा। तो यहां पे आप अगर कोडिंग भी कर रहे हो तो कोडिंग के अंदर में भी आपको एपीआई की की जरूरत पड़ेगी। है ना? तो अभी देखेंगे कैसे फच करना है। तो यहां पे ऑलमोस्ट हमारा इंस्टॉलेशन यस डन हो चुका है। देखो सारी फाइल्स यहां पे अवेलेबल हो चुकी है। अब फाइनली जाते हैं एपीआई की को फैच करने के लिए। एपीआई की हमें कहां पे मिलेगी? तो हम लोग फाइनली यहां पे Google AI स्टूडियो के अंदर जाते हैं। Google AI स्टूडियो को यहां पे ओपन कर लेते हैं। Google AI स्टूडियो ओपन करने 2:01:46 के बाद यहां पे नीचे देखो की आइकॉन हमारे पास बना हुआ है। सिंपली यहां पे मैं इस की आइकॉन के अंदर जा रही हूं। इस की आइकॉन को हम लोग जाके यहां पे लाइक ओपन कर लेते हैं। तो यहां पे जो की आइकॉन है इसको मैं जाके यहां पे सिंपली क्लिक कर रही हूं। ये जैसे ही यहां पे हमारा ओपन हो जाएगा तो यहां पे ऊपर देखो क्रिएट की का ऑप्शन मिलेगा। क्रिएट एपीआई की है ना? तो यहां पर जाने के बाद ये ये जो हमारी एपीआई की है इसको हम लोग सिंपली जाके यहां पर क्रिएट एपीआई की पे क्लिक करते हैं। इसके बाद यहां पे हमारा जो क्रिएट की का नीचे ऑप्शन दिया हुआ है इस पे जाके क्लिक करते हैं। और जैसे ही इस पे क्लिक करेंगे तो हमारी जो एपीआई की है वो यहां पे जाके क्रिएट हो जाएगी। सो लेट्स जस्ट वेट फॉर अ वाइल हियर। ओके। तो यहां पे एपीआई की हमारी बन के आ चुकी है। इस एपीआई की को सिंपली हम लोग क्या कर सकते हैं? यहां पे जाके कॉपी कर सकते हैं। कॉपी की का ऑप्शन दिया हुआ है। तो इस एपीआई की को हमने कॉपी कर लिया है। कॉपी करने के बाद वापस हम आते हैं। यहां पे नाम से एक फाइल को क्रिएट करते हैं। और इसी फाइल के अंदर हम लोग अपनी एपीआई की को डालेंगे। तो यहां पे जाने के बाद मैं जेमिनाई एपीआई की इक्वल्स 2:02:48 टू लिख लेती हूं। तो मैं लेट मी जस्ट डू दैट गाइज़। यहां पे हम लोग लिख लेते हैं जेमिनाई एपीआई की। और जेमिनाई एपीआई की लिखने के बाद यहां पर इक्वल्स टू के बाद जो हमने की को कॉपी किया था ना मैं फिर से कॉपी कर लेती हूं और यहां पर सिंपली पेस्ट कर देती हूं। हो गया। इतना ही करना था यहां पे। अब इसके बाद हम लोग वापस चलते हैं अपने प्रोजेक्ट फाइल के अंदर और यहां पे एक और नई फाइल बनाते हैं और डॉट मेन डॉटpi इसका नाम रखते हैं। अब इस मेन डॉटpi वाली फाइल के अंदर में जो कोड हम लोगों को लिखना है वो कोड में भी मैंने आपको नीचे डिस्क्रिप्शन में दिया हुआ है कि क्या-क्या आपका कोड है। तो ये कोड को सिंपली जाके बस कॉपी करना है आपको। ये कोड मैंने यहां पे कॉपी कर लिया। कॉपी करने के बाद मैं वापस आती हूं और यहां पे इस कोड को मैंने पेस्ट करना है। तो यहां पे आने मेन डॉट पाई के अंदर आके ये कोड जो है हमारा इसको मैं क्या करती हूं? पेस्ट कर देती हूं। तो कोड हमारा पेस्ट हो चुका है। कोई बहुत खास भयंकर कोड नहीं है। बहुत ही इजी सा कोड है। तो यहां पे इंपोर्ट कर लेते हैं ओएस को, लैंगचेन को, लंग ग्राफ को ये सारी चीजें हम लोग इंपोर्ट कर लेते हैं प्रॉपर तरीके से। उसके बाद देखो यहां पे एलएलएम इक्वल्स टू यहां पर सारी चीजें 2:03:48 लिखी हुई है कि आप यहां पर Google का कौन सा मॉडल यहां पर यूज कर रहे हैं। तो यहां पर आप लोग जनरेटिव मॉडल जो है जेमिनाई 3.8 फ्लैश इसको यहां पे यूज़ कर रहे हैं। और जो एपीआई की हमने लिखा हुआ है ये जो डॉट ENV के अंदर एपीआई की को कॉपी किया था वो एपीआई की यहां से वो फच कर लेगा। ठीक है? यहां से ENV फाइल के अंदर से। तो हमारे पास हमारे एजेंट के पास में ब्रेन भी आ चुका है। अब इसका प्रॉपर यहां पर जब एजेंट काम करना शुरू करेगा तो पहले वो थिंकिंग करेगा और थिंकिंग के बाद हम लोगों को प्रॉपर्ली क्या करेगा? रिस्पांस करेगा। तो यहां पे एजेंट इज़ थिंकिंग और उसके बाद उसका रिस्पांस यहां पे क्रिएट होगा। तो लेट्स से हम लोग ये ब्रांड ये जो एजेंट बना रहे हैं वो एक ब्रांड ममा के लिए बना रहे हैं। उसके लिए हम लोगों को फाइव हुक जनरेट कराना है। टेल मी फाइव हुक फॉर वीडियो रिलेटेड टू ब्रांड मer। ये हम लोगों को ने दिया है एजेंट को। और एजेंट पांच हुक हमारा क्या करेगा? जनरेट करेगा एज एन आंसर। ठीक है? तो ये सारा काम हमारा फाइनली अब यहां पे जाके कंप्लीट हो चुका है। अब हम लोग वापस से जाएंगे टर्मिनल के अंदर में और टर्मिनल के अंदर जाने के बाद हम लोग यहां पे Python main डॉटpi यहां पे टाइप करते हैं। तो टर्मिनल के अंदर जाने 2:04:49 के बाद मैं यहां पे Python main डॉटpi ये यहां पे मैं लिख देती हूं। और जैसे ही मैं यहां पे Python main डॉटpi लिखूंगी लेट्स जस्ट लेट लेट मी जस्ट राइट दिस हियर। Python main डॉटpi मैं यहां पे लिख देती हूं प्रॉपर तरीके से। और जैसे ही हम लोग यहां पर इसको देंगे तो यहां पर वेट करते हैं क्या होता है रिस्पांस आता है। सो ओके python main डॉटpi फाइल यहां हमने दे दिया। अब यहां देखो दिखा रहा है एजेंट इज़ थिंकिंग। तो एजेंट का भी थिंकिंग मोड जो है ऑलरेडी ये हमारा चल रहा है। जैसे ही इसका थिंकिंग मोड कंप्लीट हो जाएगा हमारा आंसर हमें मिल जाएगा। तो थोड़ा सा हम लोग यहां पे इंतजार करते हैं अपने आंसर के लिए। सो लेट्स वेट फॉर अ वाइल हियर फॉर फ्यू सेकंड गाइस। एंड देन आफ्टर वी विल सी द फाइनल रिस्पांस। ओके? सो लेट्स वेट फॉर अ वाइल। द रिस्पांस विल गेट जनरेटेड विद इन फ्यू सेकंड्स। ओके? तो यहां पे रिस्पांस हमारा आता ही होगा और हम लोगों को पांच हुक यहां चाहिए। ऑलराइट। देखो यहां पे आ गया रिस्पांस। इसको मैं थोड़ा आपको दिखाती हूं नीचे स्क्रॉल करके। तो यहां देखो आपका एजेंट ने रिस्पांस किया। हियर आर फाइव इंगेजिंग वीडियो हुक्स टेलर्ड फॉर ब्रांड ममा अर्थ 2:05:50 और Instagram रील्स YouTube शॉट्स TikTok और यहां पे कंप्लीट आपको क्या-क्या आपका हुक आप बोल सकते हैं Instagram के लिए YouTube के लिए ये कंप्लीट चीजें आपके पास लिख के आ चुकी है। राइट? मैं इसको थोड़ा बड़ा करके आपको दिखाती हूं ताकि आप क्लियरली और अच्छे से देख पाओ। तो देखो ये पूरी की पूरी स्क्रिप्ट जो पांचों लिखा हुआ है कि आप यह बोल सकते हो कि लाइक स्टॉप स्क्रोलिंग इफ योर हेयर ब्रश लुक्स लाइक दिस। ये एक आपका हुक हो सकता है। है ना? तो अलग-अलग प्रोडक्ट्स के बारे में यहां पे क्या आपको बोलना है एज अ हुक ये सब यहां पर आईडिया आपका क्रिएट हो चुका है। तो इस तरीके से आप कोडिंग की मदद से भी ईजीली एआई एजेंट्स को क्रिएट कर सकते हैं। इसको भी बना के देख सकते हैं। हमने तो बना के देखा और इसको बनाने के बाद डेफिनेटली कॉन्फिडेंस भी इंक्रीस होगा। तो इस तरीके से कोड की मदद से आप एआई एजेंट्स को बना सकते हैं। सो आई एम होपिंग दैट ये चीजें आपको क्लियरली समझ में आई होंगी। ऑलराइट। तो अब एजेंट के बारे में हमने सारे थ्योरिटिकल कांसेप्ट्स पढ़ लिए। एजेंट्स खुद से बिल्ड करके देख लिया। अब सवाल आता है कि इन एजेंट्स को अगर हमें मार्केट प्लेसेस में सेल आउट करना है तो हमारे पास क्या-क्या वेज़ हो सकते हैं और लोग कैसे उसको सेल आउट कर रहे हैं। राइट? 2:06:51 तो चलो उसके बारे में थोड़ा जानते हैं हम लोग यहां पे। देखो जब भी हम लोग ना एजेंट आपने बिल्ड कर लिया, पैकेज कर लिया, डिप्लॉय कर लिया, कस्टमर्स अब हमको ढूंढना पड़ेगा, सेल करना पड़ेगा। तो अलग-अलग मॉडल्स इसके लिए यूज़ होते हैं। क्या-क्या मॉडल के हिसाब से लोग से एजेंट को सेल कर रहे हैं। अब सबसे पहली चीज़ भी कि भ अगर आप कोई एजेंट बना रहे हो और जाके बोल रहे हो मैंने एक Na10 का एजेंट बनाया है। कोई आपके में इंटरेस्ट नहीं दिखाएगा जब तक आप सामने वाले की प्रॉब्लम सॉल्व ना कर रहे हो। राइट? तो आपको ना पहले ही अपनी वेटेज बढ़ाने के लिए ऐसी चीजें बोलनी है जो आपने क्रिएट की है और जिससे लोगों की प्रॉब्लम सॉल्व हो क्योंकि लोग तभी पैसा देते हैं जब उनकी प्रॉब्लम सॉल्व होती है। राइट? तो यहां पे हम लोगों को ये बताना है कि भ सेलिंग पॉइंट यहां पे ये है कि हमने एक कस्टमर सपोर्ट एजेंट बनाया है जो 24 क्रॉस से कस्टमर्स की क्वेरीज को सॉल्व कर सकता है और आपकी कंपनी के मुताबिक ये काम कर सकता है। आपके एंप्लाइजज़ तो 9 टू फाइव कर सकते हैं। लेकिन हमारा एजेंट 24 क्रॉस से आपके कस्टमर की क्वेरी को इंक्वायरी को सॉल्व करेगा जिससे कि कस्टमर अगर रात में भी पूछ रहा है तो उसको बता दे रहे हैं। तो 2:07:51 ऐसे में कस्टमर्स जो है वो ज्यादा खुश रहेंगे कि भ हमारी क्वरीज़ तुरंत रिॉल्व हो रही है और बैक टू बैक परचेस आप ही के प्लेटफार्म से होगा। तो आप ही के बिज़नेस का ग्रोथ है कि भ आपके कस्टमर सेटिस्फाई रहेंगे। ऐसा एजेंट हमने बनाया है। तब जाके सामने वाले का एक इंटरेस्ट क्रिएट होगा कि हां भाई चलो इस एजेंट की हमको जरूरत है। तो सबसे पहले तो अपना जो बोलने का तरीका अपने जो समझाने का तरीका जो आपने क्रिएट किया है उसको हमें इस तरीके से बनाना है कि सही में सामने वाले की प्रॉब्लम वो सॉल्व करें। ओके? अब समझते हैं अलग-अलग मॉडल्स क्या है जिसके बेसिस पे एजेंट्स अभी सेल हो पाते हैं। सबसे पहला मॉडल है सेल एआई एजेंट टेंपल्लेट्स। अगर आपने एक बार एक एजेंट बना लिया तो उसका आप जो टेंपलेट है उसको मल्टीपल टाइम सेल आउट कर सकते हो। ये बहुत ही बेस तरीका है। जैसे आपने मान लो एआई लीड जनरेशन एजेंट बना दिया ₹99 में तो आप उसका जो वर्क फ्लोस है उसके प्र्ट्स, उसके सिस्टम इंस्ट्रक्शंस, उसकी गाइडलाइन, उसका डॉक्यूमेंटेशन इसको आप बेच सकते हो किसी को भी। तो आपने एक बार एजेंट बना लिया लेकिन उसका टेंप्लेट्स भी आप मार्केट में जाके सेल आउट कर सकते हो। इसके बाद सेकंड है कि सेल प्रीमियम 2:08:53 एजेंट मॉडल। मॉडल नंबर टू है। इंस्टेड ऑफ़ सेलिंग बेसिक वर्क फ्ल्लोस क्रिएट अ कंप्लीट रेडी टू डिप्लॉय सिस्टम। अब पहले वाले में आप सिर्फ जो क्या बेच रहे थे? आप बेसिकली एक वर्क फ्लोस, प्र्प्ट्स ये सारी चीजें सेल आउट कर रहे थे। लेकिन अब अगर आपने एक कंप्लीट सिस्टम बना दिया तो डायरेक्टली आप ऐसे प्रीमियम सिस्टम्स को एज एन एजेंट सेल आउट कर सकते हो। जैसे मान लो आपने एक एआई कस्टमर सपोर्ट एजेंट बना लिया। उसको सेलिंग का प्राइस आपने 49 रखा है। जहां पर रैग, पीडीएफ नॉलेज, मेमोरी, Gmail इंटीग्रेशन, WhatsApp इंटीग्रेशन, ह्यूमन एस्केलेशन, डॉक्यूमेंटेशन। तो अब आपका जो प्रोडक्ट है अगर आपने कंप्लीट एजेंट बना लिया जो इन सारी चीजों को फॉलो कर रहा है। रैक को, WhatsApp इंटीग्रेटेड है, Gmail इंटीग्रेटेड है तो अब आपके पास में एज अ प्रोडक्ट बन चुका है जिसको आप डायरेक्टली सेल आउट कर सकते हो। इसके बाद यहां पे थर्ड मॉडल होता है कस्टम एi एजेंट डेवलपमेंट। तो ये वन ऑफ द हाईएस्ट वैल्यू मॉडल्स होता है क्योंकि यहां पे ना आप पर्टिकुलर कंपनी उसकी नीड उसके बिजनेस के हिसाब से कस्टमाइज करके एजेंट्स बना के दे रहे हो। जैसे आप फॉर एग्जांपल आपने एक एजेंट बना दिया एक एआई सेल्स एजेंट आपने 2:09:56 बना दिया और उसको आप कंपनीज़ को सेल आउट कर रहे हो जिसमें अलग-अलग प्लान्स हैं। बेसिक प्रोफेशनल एंटरप्राइज अब यहां पे कंपनीज़ की रिक्वायरमेंट के अकॉर्डिंग आपके बिज़नेस के अकॉर्डिंग वो एजेंट काम करेगा। तो ऐसे कस्टमाइज मॉडल भी बना के आप अलग-अलग प्लान्स के हिसाब से उसको सेल आउट कर सकते हो। उसके बाद अगेन जो फोर्थ मॉडल है वो सब्सक्रिप्शन बेस्ड एi एजेंट का मॉडल है कि आप अपने एजेंट को एक सैस प्रोडक्ट की तरह भी सेल कर सकते हो। कैसे? जैसे फॉर एग्जांपल आपने एक एआई रिज्यूुमे एजेंट बना लिया। ठीक है? तो आप इनिशियली जो है फ्री में पांच रिज्यूे पर मंथ दे रहे हो कि फ्री में ये लोग आके यूज कर सकते हैं। आपका जो भी रिज्यूुमे है आप एनालाइज कराना चाहते हो एजेंट से तो लोग आएंगे महीने में पांच रिज्यूुमे तो फ्री में करा लेंगे। लेकिन उससे ज्यादा अगर आपको करवाना है तो उसके लिए आप प्रो प्लान कि पर मंथ आप 49 का हमारा ले लो। राइट? या फिर आपको बिनेस के लिए कराना है तो 299 में आप उसको सेल आउट कर सकते हो। तो एज अ सब्सक्रिप्शन सर्विस भी आप अपने एजेंट्स को मार्केट के अंदर सेल आउट कर सकते हो। इसके बाद फिफ्थ मॉडल यूज़ होता है पे पर यूज़ एआई एजेंट। तो 2:10:58 अगर आप मंथली भी चार्ज नहीं करना चाहते तो पर यूज़ के हिसाब से चार्ज कर सकते हो। जैसे फॉर एग्जांपल ₹50 पर रिसर्च रिपोर्ट। अगर लेट्स से आप कोई प्लेटफार्म जा रहे हो। आप रिसर्च रिपोर्ट जनरेट करवाना चाहते हो एजेंट से तो आप पर यूज़ के हिसाब से चार्ज करो। जैसे आपको लेट्स से एक रिसर्च रिपोर्ट निकलवानी है तो ₹50 आप उसका चार्ज करो। तो जितनी बार इंसान उसको यूज़ करेगा आपके एजेंट को उस हिसाब से आप उसकी कॉस्टिंग ले सकते हो। तो आप पेपर यूज़ के हिसाब से भी एजेंट्स को सेल आउट कर सकते हो। एक और तरीका होता है मॉडल नंबर सिक्स जिसमें सेल एआई एजेंट्स ऑन मार्केट प्लेसेस। तो बहुत सारे ऐसे प्लेटफॉर्म्स हैं मार्केट प्लेसेस हैं, वेबसाइट्स हैं जैसे कि lज़न AI, प्रैक्टिस फोलो, Mefi, बिल्ट। तो ये सारे प्लेटफॉर्म्स पे डायरेक्टली आप जा सकते हैं और इन प्लेटफॉर्म्स से डायरेक्टली अपने एजेंट्स को सेल भी कर सकते हैं। तो ये डायरेक्ट मार्केट प्लेसेस में आप सेल की बात कर रहे हैं। इसके बाद नेक्स्ट जो हमारे एजेंट्स हैं इसको आप एज अ फ्रीलांसिंग प्लेटफार्म पे भी जाके सेल आउट कर सकते हो। यू डोंट नेसेसरीली हैव टू सेल एजेंट इटसेल्फ। 2:11:59 इंस्टीड आप क्या कर सकते हो? कस्टम एआई एजेंट बिज़नेसेस के लिए बना सकते हो। जिसमें अपवर्क, fiver, फ्रीलांसर, पीपल पर आवर, कॉन्ट्रा जैसे- ऐसे कई सारे फ्रीलांसिंग प्लेटफॉर्म्स हैं जहां पे आप अपने इन एजेंट्स को सिंपली जाके सेल आउट कर सकते हो। तो इस तरीके से आपके जो एजेंट्स हैं अलग-अलग मॉडल्स के थ्रू आप सेल आउट कर सकते हो। इसके साथ-साथ अब क्लाइंट्स ढूंढने की जो बात आती है वहां पे फ्रीलांसिंग प्लेटफॉर्म्स के अंदर जाके पहले तो एक अच्छी सी अपनी प्रोफाइल बनाओ कि भाई मेरे को ये ये एजेंट्स आते हैं। जैसे आज की इस वीडियो के अंदर हमने पांच एजेंट बनाने सीख लिए। अब इन पांचों एजेंट का एक अच्छा सा पोर्टफोलियो क्रिएट कर दो कि भ मेरा एजेंट जैसे हमने बनाया वॉइस एजेंट। वॉइस एजेंट ये ये सारी चीजों को काम कर सकता है। इतने बेहतर तरीके से वर्क करता है। ये प्रॉब्लम सॉल्व कर सकता है। एक अच्छी खासी अपनी प्रोफाइल डेवलप करो। फिर उसके बाद क्लाइंट्स ढूंढने के लिए ना सबसे पहले तो होता है कि भाई शुरुआत हमेशा छोटी से होती है लेकिन धीरे-धीरे बड़े तक पहुंच जाते हैं। अपने आसपास देखो ऐसे कोई बिनेसेस हैं क्या जिसको आप डायरेक्टली अप्रोच कर सकते हैं कि आपका जो है कस्टमर एक इंक्वायरी का मैं एजेंट बना देता हूं या आपकी कस्टमर की इंक्वायरी को सॉल्व कर 2:12:59 देगा। तो आपके आसपास ऐसे बहुत सारे बिज़नेसेस आपको देखने मिलेंगे लोकली भी कि कोई रेस्टोरेंट आपको रेस्टोरेंट की चेन देखने मिल जा रही है। कोई आपके पास लेट्स से हेल्थ केयर के लिए हॉस्पिटल्स होंगे आपके आसपास। राइट? तो ऐसे अलग-अलग आपके पास हो सकता है बहुत सारे ऐसे लोग हो जो लाइक कपड़े का बिज़नेस करते हैं तो आप हो सकता है उनके लिए कोई एजेंट बना दें। तो अपने आसपास के छोटे बिज़नेसेस से भी आप शुरुआत कर सकते हैं। इसके अलावा अगर आपको लोगों को ढूंढना ही है जिनको इसकी नीड है तो कोल्ड बेस करना, Lindin के यूज़ करना ये सारी चीजें एक्सप्लोर आपको करनी पड़ेगी। आप मेल कितना बेस्ट लिखते हो लोगों को रीच आउट करने के लिए वो सारी चीजें इंपॉर्टेंट है। और जितने भी फ्रीलांसिंग प्लेटफॉर्म्स हैं वहां पे जाके अपनी पोर्टफोलियो बनाओ। प्रोफाइल बनाओ। इस तरीके से आपको क्लाइंट्स मिलना धीरे-धीरे करके शुरू होंगे। ऐसा नहीं होता यार कि पहले दिन ही हमारे पास हमने एजेंट बना लिया और पहले दिन ही हमको आके क्लाइंट मिल जाए। उसके लिए हम लोगों को थोड़े हाथ पैर मारने पड़ते हैं। एफर्ट्स डालने पड़ते हैं। जाओ लोगों से मिलो। उनको बताओ। उनको अच्छा लग रहा है तो वो डेफिनेटली आपको रीच आउट करेंगे। और कई बार हम लोगों को रिजेक्शन 2:14:00 का भी सामना करना पड़ता है। तो रिजेक्शन इज़ अ पार्ट ऑफ़ एवरीथिंग। राइट? कोई एग्जाम देता है हो सकता है उसमें रिजेक्ट हो जाए। कोई कभी लाइफ में कितने सिचुएशनंस आते हैं जहां पे हम लोगों को फेलियर फेस करना पड़ता है। तो ये कोई बहुत बड़ी बात नहीं है। ये एक बहुत नॉर्मल चीज है क्योंकि हम लोगों को कुछ बड़ा करना है कुछ खुद के लिए बेस्ट बनाना है तो उसके लिए तो थोड़े धक्केमुक्की सहने पड़ेंगे। तब जाके अपनी जगह जो है वो लोगों के बीच हम लोग बना पाएंगे। राइट? अब यहां पर अलग-अलग एजेंट्स का अलग-अलग चार्जेस मार्केट के अंदर अभी जो चल रहा है एक बेसिक एजेंट बना के 2000 से 25,000 लोग चार्ज कर रहे हैं। कस्टम एआई एजेंट्स की 15 टू 1 लाख चार्जिंग है। एआई एजेंट सिस्टम बना के आप 50 टू 5 लाख तक अर्न कर सकते हो। एजेंट एज अ सर्विस के चार्जेस और बढ़ जाएंगे। एआई एजेंट एज अ सैस आप बना सकते हो। तो ऑल इन ऑयल कहने का मतलब यह है कि आप ईजीली 25,000 से लेके इवन 2 लाख, 3 लाख तक भी आप जनरेट कर सकते हो। लेकिन उसके लिए इंपॉर्टेंट है कि आपका स्किल्स कितना बेहतर है। कितना बेहतरीन आपका एआई एजेंट काम कर रहा है। उसके हिसाब से बिनेसेस क्लाइंट्स मिलने शुरू होंगे और आपके अर्निंग रिसोर्सेज जो है वो भी यहां 2:15:01 पे बन सकते हैं। लेकिन इन सबके लिए लगती है मेहनत। इन सबके लिए बैठना पड़ता है, सीखना पड़ता है, एग्जीक्यूट करना पड़ता है। तब जाके हम एजेंट्स को बिल्ड कर पाते हैं, डेवलप कर पाते हैं। तो आई एम होपिंग दैट कि जितनी चीजें आज के इस वीडियो के अंदर हम लोग लर्न कर रहे हैं वो आपको डेफिनेटली समझ में आई होगी। और एज अ टीचर मेरा ऑब्जेक्टिव यहां पे यही आपको खड़े होके सिखाना एंड तक आपको सारी चीजें कंप्लीट करवाना ताकि आप जब मार्केट प्लेसेस में जाएं तो आपके लिए आपको अपॉर्चुनिटीज मिले इसी थिंग के के साथ में मैं आपको इतनी ज्यादा डिटेल्स जो है यहां पे पढ़ा रही हूं इसके पर्टिकुलर वीडियो के अंदर। राइट? तो ये सारे तरीके आप एक्सप्लोर कर सकते हैं। ये सब कुछ नीचे डिस्क्रिप्शन बॉक्स में नोट्स में भी मैंने आपको प्रोवाइड किए हुए हैं जिसे सिंपली आप जाके डाउनलोड कर सकते हैं। ऑलराइट। सो आई होपिंग दैट कि एआई एजेंट का यह कोर्स डेफिनेटली आपको पसंद आया होगा। आपके जो भी कमेंट्स हैं उसका मुझे इंतजार रहेगा कि आपके लिए कोर्स कितना वैल्यूुएबल रहा। क्योंकि एज अ टीचर अगर हम भी पढ़ाते हैं तो इतना एफर्ट्स इसलिए लगाते हैं ताकि ना आउटकम देखने के लिए मिल पाए। चीजें सिर्फ हमें लर्न नहीं करनी है। चीजें लर्न करके उसको अपॉर्चुनिटी में तब्दील करना है 2:16:03 ताकि हमारे इनकम सोर्सेस जनरेट हो पाए, ग्रोथ मिल पाए, अपॉर्चुनिटीज़ मिल पाए। और इन्हीं सारी चीजों के लिए सारे एफर्ट्स डालते हुए मैंने बिल्ड एआई एजेंट कोड नो कोड ये कंप्लीट आपके लिए कोर्स बना दिया है। 80 आवर्स का यहां पे कंटेंट है। सर्टिफिकेट है। मैं खुद लाइव मैराथॉन मंथली क्लास के अंदर आपके साथ आके इंटरेक्ट करूंगी। हम टू वे में लर्न करेंगे। ठीक वैसा जैसे मैं YouTube पे पढ़ाती हूं उसी में एडवांस लेवल की सारी चीजें आप लोगों के लिए मैंने तैयार कर दी है। स्पेशल डिस्काउंट कूपन कोड्स भी मैंने यहां पे प्रोवाइड कर दिए हैं। सारी चीजें नीचे डिस्क्रिप्शन बॉक्स पे है। उसे भी जाके आप सिंपली चेक आउट कर सकते हैं। जल्दी से जल्दी इसके एनरोलमेंट आप कंप्लीट कर सकते हैं। तो आज के इस पर्टिकुलर वीडियो के लिए इतना ही। यह वीडियो आपको कैसा लगा मुझे कमेंट्स में बताना बिल्कुल मत भूलिएगा। इंतजार रहेगा आपके अगले वीडियो में। तब तक स्टे क्यूरियस एंड कीप लर्निंग।